Homeराजनीतिजानिए अयोध्या क्यों पहुँच रहे CM एकनाथ शिंदे के समर्थक, पूजा-अर्चना और आतिशबाजी भी:...

जानिए अयोध्या क्यों पहुँच रहे CM एकनाथ शिंदे के समर्थक, पूजा-अर्चना और आतिशबाजी भी: लग रहे रामलला के जयकारे

खाकी अखाड़े के महंत परशुराम दास का भी कहना है कि 8-10 दिन पहले ही उन्होंने शिंदे को लेकर कहा था कि वो सीएम बनने जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि एकनाथ शिंदे ने महाराष्ट्र में एक बार फिर से बाला साहब के प्रयासों को जीवित करने की कोशिशें की हैं।

महाराष्ट्र में एकनाथ शिंदे (Eknath Shinde) के मुख्यमंत्री बनने के बाद उनके समर्थक अब अयोध्या में रामलला (Ramlala) के दर्शन करने के लिए पहुँच गए हैं। दरअसल, शिंदे के समर्थकों का कहना है कि उन्होंने प्रार्थना की थी कि अगर एकनाथ शिंदे राज्य के सीएम बन जाते हैं तो वे दोबारा से रामलला के दर्शन को आएँगे। अब शिंदे मुख्यमंत्री बन गए हैं तो वे अयोध्या पहुँच गए हैं।

रिपोर्ट्स में कहा गया है कि अयोध्या में रामलला के जयकारे लगाते हुए शिंदे समर्थकों ने आतिशबाजियाँ की। एकनाथ के समर्थकों का कहना है कि जिस दिन इस बात का ऐलान हुआ कि वो सीएण बनेंगें तो उसी रात वो अयोध्या के लिए निकल पड़े थे। इसी तरह से शिंदे के एक समर्थक नितिन वाडेकर कहते हैं कि हिन्दू समाज ये चाहता था कि शिंदे मुख्यमंत्री बनें। अब जब रामलला ने अपने आशीर्वाद को फलीभूत कर दिया है तो वे यहाँ आकर खुशियाँ मना रहे हैं।

वहीं खाकी अखाड़े के महंत परशुराम दास का भी कहना है कि 8-10 दिन पहले ही उन्होंने शिंदे को लेकर कहा था कि वो सीएम बनने जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि एकनाथ शिंदे ने महाराष्ट्र में एक बार फिर से बाला साहब के प्रयासों को जीवित करने की कोशिशें की हैं। उल्लेखनीय है कि इससे पहले जब आदित्य ठाकरे अयोध्या आए थे तो उनके साथ एकनाथ शिंदे यहाँ आए थे।

गौरतलब है कि महाराष्ट्र में सियासत के संकट का हालिया पटाक्षेप 30 जून, 2022 को उस वक्त हुआ जब बीजेपी ने विधायकों की कम संख्या के बावजूद शिंदे को मुख्यमंत्री बना दिया। वहीं पूर्व मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने उप मुख्यमंत्री पद की शपथ ली। शिंदे को लेकर पहले इस बात की उम्मीद की जा रही थी कि वो राज्य के उप मुख्यमंत्री बनाए जा सकते हैं, लेकिन अचानक से ये फैसला हो गया। शिंदे के सीएम बनने को लेकर शरद पवार ने भी कहा था कि किसी ने कल्पना भी नहीं की थी कि ऐसा हो जाएगा।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

भारत के प्रणेता, प्रखर राष्ट्रवादी और महान शिक्षाविद्… डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी की जयंती पर पढ़ें PM मोदी का खास लेख, कहा- उनके बलिदान...

पीएम मोदी ने डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के 125वीं जयंती पर आलेख लिख कर उन्हें करोड़ों देशवासियों के प्रेरणादायक बताया है।

क्या है आइसोब्यूटेनॉल जो 15% डीजल में मिलाने की तैयारी, E20 पर चल रहे विवाद के बीच शुरू हुई चर्चा: जानिए सबकुछ

नितिन गडकरी ने बताया कि एथेनॉल को सीधे डीजल के साथ नहीं मिलाया जा सकता इसीलिए सरकार अब एथेनॉल से आइसोब्यूटेनॉल बनाने की तकनीक पर काम कर रही है। यह सफल हो चुकी है।
- विज्ञापन -