Monday, July 22, 2024
Homeदेश-समाजगोहत्या करने से मना करता था युवक, मुन्नू कुरैशी और कइल ने गला रेत...

गोहत्या करने से मना करता था युवक, मुन्नू कुरैशी और कइल ने गला रेत कर मार डाला: माँ ने झारखण्ड सरकार से लगाई न्याय की गुहार

उंचरी निवासी मोहम्मद हबीब के 18 वर्षीय पुत्र मोहम्मद आरजू की हत्या के अगले दिन उसके शव को पोस्टमॉर्टम के लिए गढ़वा स्थित सदर अस्पताल में लाया गया। सुबह-सुबह ही झारखण्ड के पेयजल मंत्री मिथिलेश कुमार ठाकुर भी अस्पताल का निरीक्षण करने पहुँचे। उन्हें मृतक की माँ आयशा ने बताया कि.....

झारखण्ड के गढ़वा में सदर थाना स्थित उचरी मोहल्ले में एक युवक की सिर्फ इसीलिए गला रेत कर हत्या कर दी गई, क्योंकि उसने गायों को बचाने की कोशिश की थी। ये घटना सोमवार (अक्टूबर 19, 2020) की देर रात हुई। उक्त मुस्लिम युवक ने गोहत्या करने से रोका था, जिसके बाद उसके ही समुदाय के लोगों ने उसे मार डाला। पुलिस ने उसी समुदाय के दो आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया है, जिन्होंने युवक का गला रेत डाला था।

उंचरी निवासी मोहम्मद हबीब के 18 वर्षीय पुत्र मोहम्मद आरजू की हत्या के अगले दिन उसके शव को पोस्टमॉर्टम के लिए गढ़वा स्थित सदर अस्पताल में लाया गया। सुबह-सुबह ही झारखण्ड के पेयजल मंत्री मिथिलेश कुमार ठाकुर भी अस्पताल का निरीक्षण करने पहुँचे। उन्हें मृतक की माँ आयशा ने बताया कि उनका बेटा आसपास के लोगों को गोहत्या करने से मना करता था, जिसके कारण उसकी हत्या कर दी गई।

मोहल्ले के ही मुन्नू कुरैशी और कइल कुरैशी ने उसे मार डाला। महिला ने झारखण्ड सरकार के मंत्री के सामने माँग रखी कि उनके बेटे के हत्यारों को कड़ी से कड़ी सजा दी जाए। महिला के निवेदन पर मंत्री ने वहाँ उपस्थित थाना प्रभारी राजीव कुमार सिंह को निर्देश दिया कि इस मामले में कड़ी कार्रवाई की जाए। इसके बाद पुलिस ने दोनों आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया। मृतक की उम्र मात्र 18 साल ही थी।

मृतक की माँ ने बताया कि चूँकि उनका बेटा आरजू मोहल्ले के लोगों को गोहत्या न करने के लिए कहता था और इसके खिलाफ आवाज़ भी उठाता था, इसीलिए उन्हें अपने ही समुदाय का आक्रोश झेलना पड़ता था। गढ़वा जिला झारखण्ड के पलामू प्रमंडल में पड़ता है। झारखण्ड में इससे पहले भी गोहत्या को लेकर तनाव के मामले सामने आते रहे हैं। हेमंत सोरेन की सरकार बनने के बाद ऐसी गतिविधियों में वृद्धि देखी गई है।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

आम सैनिकों जैसी ड्यूटी, सेम वर्दी, भारतीय सेना में शामिल हो चुके हैं 1 लाख अग्निवीर: आरक्षण और नौकरी भी

भारतीय सेना में शामिल अग्निवीरों की संख्या 1 लाख के पार हो गई है, 50 हजार अग्निवीरों की भर्ती की जा रही है।

भारत के ओलंपिक खिलाड़ियों को मिला BCCI का साथ, जय शाह ने किया ₹8.50 करोड़ मदद का ऐलान: पेरिस में पदकों का रिकॉर्ड तोड़ने...

बीसीसीआई के सचिव जय शाह ने बताया कि ओलंपिक अभियान के लिए इंडियन ओलंपिक एसोसिएशन (IOA) को बीसीसीआई 8.5 करोड़ रुपए दे रही है।

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -