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चीन को जोरदार झटका: नोएडा में सैमसंग का कारखाना तैयार, यूपी में 1500 लोगों को मिलेगा प्रत्यक्ष रोजगार

प्रतिनिधिमंडल के साथ बैठक के दौरान मुख्यमंत्री योगी ने कहा, ''सैमसंग की नोएडा फैक्ट्री 'मेक इन इंडिया' कार्यक्रम की सफलता का एक बेहतरीन उदाहरण है। इससे राज्य के युवाओं को रोजगार हासिल करने में मदद मिलेगी।''

दक्षिण कोरिया की दिग्गज इलेक्ट्रॉनिक कंपनी सैमसंग ने उत्तर प्रदेश के नोएडा में डिस्प्ले (Display) का कारखाना तैयार कर लिया है। साल 2020 में इस कारखाने को चीन से हटाकर यूपी में लाया गया था। सैमसंग (Samsung) के साउथ-वेस्ट एशिया प्रेसिडेंट एवं सीईओ केन कांग के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने रविवार (20 जून 2021) को यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ से मुलाकात की।

एक आधिकारिक विज्ञप्ति के अनुसार, प्रतिनिधिमंडल ने कहा, ”बेहतर इंडस्ट्रियल इन्वॉयरमेंट और इन्वेस्टर्स फ्रेंडली पॉलिसी के कारण सैमसंग ने चीन में स्थित डिस्प्ले मैन्युफैक्चरिंग यूनिट को भारत शिफ्ट करने का फैसला किया है। अब इसे नोएडा में स्थापित करने का काम पूरा हो गया है। यह सैमसंग की भारत के लिए और यूपी को मैन्युफैक्चरिंग हब बनाने में प्रतिबद्धता को दर्शाता है।”

प्रतिनिधिमंडल के साथ बैठक के दौरान मुख्यमंत्री योगी ने कहा, ”सैमसंग की नोएडा फैक्ट्री ‘मेक इन इंडिया‘ कार्यक्रम की सफलता का एक बेहतरीन उदाहरण है। इससे राज्य के युवाओं को रोजगार हासिल करने में मदद मिलेगी।” साथ ही सीएम योगी आदित्यनाथ ने प्रतिनिधिमंडल को भरोसा दिलाया कि राज्य सरकार भविष्य में भी सैमसंग कंपनी की मदद करती रहेगी।

गौरतलब है कि दुनिया की दिग्गज आईटी कंपनियों में शुमार सैमसंग अब उत्तर प्रदेश में मोबाइल और आईटी डिस्प्ले उत्पादों का निर्माण करेगी। सैमसंग की यह यूनिट इससे पहले चीन में स्थापित थी। सैमसंग के इस नए मैन्युफैक्चरिंग यूनिट की स्थापना से प्रदेश में करीब 4,825 करोड़ रुपए का निवेश होगा। यही नहीं भारत ओएलईडी तकनीक से निर्मित से मोबाइल डिस्प्ले मैन्युफैक्चरिंग करने वाला दुनिया का तीसरा देश भी बन जाएगा।

1500 लोगों को मिलेगा प्रत्यक्ष रोजगार

बता दें सैमसंग की नोएडा में मोबाइल मैन्युफैक्चरिंग यूनिट है, जिसका उद्घाटन साल 2018 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया था। दिसंबर 2020 में सैमसंग ने घोषणा की थी कि वह अपने डिस्प्ले मैन्युफैक्चरिंग प्लांट को चीन से नोएडा में स्थानांतरित करेगी। रिपोर्ट्स के मुताबिक, नया प्लांट पहली उच्च तकनीक परियोजना है, जिसे चीन से स्थानांतरित करने के बाद भारत में स्थापित किया जा रहा है। नई परियोजना से 1500 लोगों को प्रत्यक्ष रोजगार मिलेगा और हजारों अप्रत्यक्ष रोजगार पैदा होने की संभावना है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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