Wednesday, January 27, 2021
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दिल्ली में CAA के विरोध में फिर हिंसा: करावल नगर में होटल फूँका, सीलमपुर-मौजपुर रोड बंद

जाफराबाद में सीएए के खिलाफ चल रहा विरोध-प्रदर्शन उस समय हिंसक हो गया जब सामने से सीएए के समर्थक आ गए। देखते ही देखते दोनों ओर से पत्थरबाजी होने लगी। तनाव को देखते हुए जाफराबाद और मौजपुर-बाबरपुर मेट्रो स्टेशन बंद कर दिए गए हैं।

दिल्ली में नागरिकता संशोधन अधिनियम (CAA) को लेकर एक बार फिर से बवाल तेज हो गया है। रविवार (फरवरी 23, 2020) को सीएए समर्थक और विरोधी आमने-सामने आ गए।

मालवीय नगर के हौजरानी एरिया में सीएए के विरोध में कुछ लोगों ने बिना पुलिस की अनुमति के मार्च निकाला। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने कई जगहों पर ट्रैफिक जाम करने की भी कोशिश की। प्रदर्शनकारियों ने एक हॉस्पिटल के सामने भी ट्रैफिक जाम करने का प्रयास किया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने पुलिसकर्मियों के साथ अभद्रता भी की। इतना ही नहीं महिला पुलिसकर्मियों के साथ धक्का-मुक्की भी की गई और बैरिकेड तोड़ने की कोशिश की गई। धक्‍का-मुक्‍की के दौरान कई महिला पुलिसकर्मी बैरिकेड पर ही गिर पड़ीं। प्रदर्शनकारियों ने पुलिसकर्मियों पर भी पथराव किया है, जिसमें कई पुलिसकर्मी चोटिल हो गए। प्रदशर्नकारियों ने भी पुलिस पर लाठीचार्ज का आरोप लगाया है।

इससे पहले रविवार को जाफराबाद के मौजपुर इलाके में पथराव हुआ और फिर रात को करावल नगर में पत्थरबाजी देखने को मिली। पथराव की इन घटनाओं में कई लोग घायल हो गए हैं। कई वाहनों को भी फूँक दिया गया। करावलनगर में ही एक होटल को भी आग के हवाले कर दिया गया और जब फायर ब्रिगेड की गाड़ियों को बुलाया गया तो शरारती तत्वों ने अग्निशमन दस्‍ते को वहाँ तक जाने ही नहीं दिया।

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बताया जा रहा है कि रात करीब 1 बजे हालात पर काबू पाया गया। तनाव को देखते हुए जाफराबाद और मौजपुर-बाबरपुर मेट्रो स्टेशन बंद कर दिए गए हैं। इन मेट्रो स्टेशनों से एंट्री और एग्जिट बंद कर दी गई है। सीलमपुर से मौजपुर सड़क को भी यातायात के लिए बंद कर दिया गया है।

जाफराबाद में सीएए के खिलाफ चल रहा विरोध-प्रदर्शन उस समय हिंसक हो गया जब सामने से सीएए के समर्थक आ गए। देखते ही देखते दोनों ओर से पत्थरबाजी होने लगी। जाफराबाद मेट्रो स्‍टेशन के पास शनिवार (फरवरी 22, 2020) रात से ही प्रदर्शनकारी बड़ी संख्‍या में एकत्र होने लगे थे, जो कि लगातार सीएए के विरोध में प्रदर्शन करने लगे।

इसके बाद रविवार की सुबह बड़ी संख्या में मौके पर पहुँची महिलाओं ने सड़क को जाम कर दिया। इसी बीच स्थित तब तनावपूर्ण हो गई कि जब मौजपुर में सीएए के समर्थन में सड़कों पर पहुँचकर लोगों ने नारेबाजी शुरू कर दी और कुछ ही देर में दोनों और से पत्थरबाजी शुरू हो गई। इसके बाद पुलिस को प्रदर्शनकारियों को तितर-बितर करने के लिए आँसू गैस के गोले दागने पड़े। इसके बाद प्रदर्शनकारी कुछ देर के लिए सड़क से हट गए, लेकिन थोड़ी देर पर फिर वहाँ जाकर डट गए।

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ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

 

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