Homeदेश-समाजअंसारी ने 'सोनू' बन कर लड़की को फाँसा, फिर किया बलात्कार, उधर 'सचिन' नाम...

अंसारी ने ‘सोनू’ बन कर लड़की को फाँसा, फिर किया बलात्कार, उधर ‘सचिन’ नाम से फेक आईडी बना हिन्दू लड़कियों को फाँस रहा था 45 साल का शहंशाह

बिहार की लड़की को कानपुर के शहंशाह आलम ने 'लव जिहाद' में फँसाने की कोशिश की। शहंशाह की उम्र 45 साल है और उसने फेसबुक पर सचिन नाम से फेक आईडी बनाई हुई थी।

उत्तर प्रदेश के सोनभद्र जिले के ओबारा में लव जिहाद का मामला सामने आया है। पुलिस ने एक मुस्लिम शख्स को नाम बदलकर हिंन्दू युवती के शारीरिक शोषण के आरोप में गिरफ्तार किया है। प्राथमिकी पीड़िता के पिता ने दर्ज कराई है जिसमें आरोप लगाया गया है कि मुस्लिम लड़के ने अपना नाम एस.के. सोनू बताकर लड़की से जान-पहचान बनाई और उसके बाद शादी का झाँसा देकर उसके साथ दुष्कर्म किया।

शारीरिक शोषण के बाद दी अपने असली मजहब की जानकारी

पुलिस सूत्रों के अनुसार, लड़की का शारीरिक शोषण करने के लिए सोनू खुद को हिन्दू बताता रहा। इसके बाद 20 नवंबर 2022 की रात वह लड़की के घर पहुंच गया। लड़की को अकेला पाकर उसने उसके साथ दुष्कर्म किया, जिसका विरोध करने पर सोनू अंसारी लड़की को शादी का झँसा देने लगा। लड़की के दबाव में सोनू ने उसके परिजनों के सामने शादी का प्रस्ताव रखा।

इस दौरान उसने अपना नाम ‘सोनू अंसारी’ और पिता का नाम ‘शफीक’ बताया। युवक का असली नाम जानकर युवती रोने लगी और उसने अपने परिजनों को बताया कि सोनू ने खुद को हिन्दू बताते हुए अपना नाम एस.के.सोनू बताया था। लड़की के पिता की शिकायत पर पुलिस ने आरोपित सोनू अंसारी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उसकी तलाश शुरू कर दी। मंगलवार (22 नवंबर, 2022) को आरोपी सोनू अपने घर के पास से गिरफ्तार कर लिया गया। उस पर सुसंगत धाराओं में कार्रवाई की जा रही है।

सचिन बने शहंशाह आलम ने लड़की के साथ की जबरदस्ती की कोशिश

उधर बिहार की लड़की को कानपुर के शहंशाह आलम ने ‘लव जिहाद’ में फँसाने की कोशिश की। शहंशाह की उम्र 45 साल है और उसने फेसबुक पर सचिन नाम से फेक आईडी बनाई हुई थी। इस आईडी से वह हिन्दू लड़कियों से दोस्ती करता था। बिहार के मोतिहारी की एक लड़की से भी इस शख़्स ने दोस्ती की थी। लड़की को नौकरी देने के बहाने शहंशाह आलम ने उसे कानपुर बुला लिया। कानपुर आई लड़की को शहंशाह कानपुर के होटल में ले गया, होटल में उसने लड़की के साथ जबरदस्ती करने की कोशिश की लेकिन लड़की ने इसका विरोध किया और किसी तरह होटल के रिसेप्शन तक पहुँच गई।

लड़की ने तुरन्त पुलिस को बुला लिया। पुलिस के आने के बाद सचिन बने शहंशाह आलम की असलियत सबके सामने आई। पुलिस सूत्रों का कहना है कि उसकी फेसबुक आईडी पर आधा दर्जन से ज्यादा लड़कियों की बातचीत मिली है। लड़कियों के पर्सनल डिटेल भी मिली है। अब पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि आरोपित ने पहले भी फर्जी नाम की मदद से किसी लड़की के साथ कोई हरकत की है या नहीं।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

अखिलेश सरकार में हुए 62+ हत्याओं को याद करा रहा ‘न भूले थे, न भूले हैं, न भूलेंगे’ पोस्टर: मुजफ्फरनगर दंगों की बरसी पर...

मुजफ्फरनगर दंगों की बरसी पर उत्तर प्रदेश के कई शहरों में ‘न भूले थे, न भूले हैं, न भूलेंगे’ लिखे पोस्टर लगा गए हैं। इन पोस्टर्स ने 2013 की उस भयावह हिंसा की याद फिर ताजा कर दी है।

हैशटैग लगाओ, दुनिया बदलो… कितना आसान है न? क्या सोशल मीडिया लोकतंत्र को बर्बाद कर रहा है?

लोकतंत्र इंसान की कमियों को स्वीकार कर समझौतों से चलता है। लेकिन सोशल मीडिया का अनियंत्रित दौर हर छोटी कमी को भ्रष्टाचार बताकर लोकतंत्र की बुनियाद पर चोट कर रहा है। कैसे आज का सोशल मीडिया और डिजिटल यूटोपियनवाद हमारी लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए सबसे बड़ा खतरा बन चुका है।
- विज्ञापन -