Thursday, July 25, 2024
Homeराजनीतिकॉन्ग्रेस से छिनेगा छत्तीस-का-गढ़, राजस्थान में आएँगे भगवाधारी, कमल हुई MP में 'लाडली': अकेले...

कॉन्ग्रेस से छिनेगा छत्तीस-का-गढ़, राजस्थान में आएँगे भगवाधारी, कमल हुई MP में ‘लाडली’: अकेले तेलंगाना के दम पर होगा भारत जोड़ो?

अब तक सामने आए रुझानों में भाजपा तीन राज्यों में सबसे आगे चल रही है। वहीं, तेलंगाना में कॉन्ग्रेस ने सत्ताधारी BRS को पछाड़ दिया है। 'राजस्थान के योगी' कहे जाने वाले भाजपा के उम्मीदवार महंत बालकनाथ योगी भी अपने प्रतिद्वंद्वी इमरान खान से बहुत आगे चल रहे हैं।

हाल में पाँच राज्यों में संपन्न हुए मतदान वाले चार राज्यों में मतगणना का काम जारी है। अब तक सामने आए रुझानों में भाजपा तीन राज्यों में सबसे आगे चल रही है। वहीं, तेलंगाना में कॉन्ग्रेस ने सत्ताधारी BRS को पछाड़ दिया है। ‘राजस्थान के योगी’ कहे जाने वाले भाजपा के उम्मीदवार महंत बालकनाथ योगी भी अपने प्रतिद्वंद्वी इमरान खान से बहुत आगे चल रहे हैं।

बता दें कि हाल में मध्य प्रदेश, राजस्थान, छत्तीसगढ़, तेलंगाना और मिजोरम में मतदान की प्रक्रिया संपन्न हुई है। इनमें आज रविवार (3 दिसंबर 2023) को मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, राजस्थान और तेलंगाना में मतगणना जारी है। वहीं, मिजोरम में रविवार को चर्च जाने लोगों को ध्यान में रखते हुए मतगणना का काम सोमवार (4 दिसंबर 2023) को होगा।

रविवार की सुबह 10:30 बजे सामने आए रुझानों में भाजपा राजस्थान, मध्य प्रदेश और राजस्थान में अपने प्रतिद्वंद्वी कॉन्ग्रेस से आगे चल रही है। भारतीय निर्वाचन आयोग के आँकड़ों के अनुसार, मध्य प्रदेश में भाजपा 143 सीटों पर लीड कर रही है, जबकि कॉन्ग्रेस 59 सीटों पर आगे है। वहीं, अन्य दो सीटों पर आगे है। मध्य प्रदेश में विधानसभा की कुल 230 सीटें हैं और बहुमत के लिए 116 सीटों की जरूरत है।

राजस्थान में भाजपा 98 सीटों पर आगे चल रही है, जबकि कन्ग्रेस 76 सीटों पर लीड कर रही है। वहीं, सीपीएम को 2 सीटों पर आगे है, जबकि अन्य 13 सीटों पर आगे हैं। राजस्थान में विधानसभा की कुल 200 सीटें है, जिनमें 199 पर मतदान हुए थे। यहाँ बहुमत के लिए 100 सीटों की जरूरत है।

अगर छत्तीसगढ़ की बात करें तो यहाँ भाजपा 32 सीटों पर लीड कर रही है, जबकि कॉन्ग्रेस 29 सीटों पर आगे है। यहाँ सीपीआई एक सीट पर आगे है और अन्य के खाते में भी एक सीट है। छत्तीसगढ़ में विधानसभा की कुल 90 सीटें हैं और यहाँ बहुमत के लिए 46 सीटों की जरूरत है।

सबसे रोमांचक मुकाबला तेलंगाना है। यहाँ कॉन्ग्रेस 52 सीटों पर लीड कर रही है, जबकि सत्ताधारी BRS 29 सीटों पर आगे है। यहाँ भाजपा 6 और सीपीआई एक सीट पर आगे है। तेलंगाना विधानसभा में कुल 119 सीटें हैं और बहुमत के आँकड़े के लिए 110 के आँकड़े की जरूरत है।

राजस्थान के योगी भी आगे

राजस्थान के तिजारा सीट से चुनाव लड़ रहे अलवर से भाजपा सांसद महंत बालकनाथ योगी कॉन्ग्रेस के अपने प्रतिद्वंद्वी इमरान खान से लगभग 8500 वोटों से आगे चल रहे हैं। बालकनाथ उसी नाथ पंथ के योगी हैं, जिसके प्रमुख उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ हैं। बालकनाथ सीएम योगी के करीबी हैं। उन्हें ‘राजस्थान का योगी’ कहा जाता है।

महंत बालकनाथ की अलवर और उसके आसपास के इलाकों में मजबूत पकड़ मानी जाती है। उनकी छवि को देखते हुए राजस्थान भाजपा में उन्हें उपाध्यक्ष भी बनाया गया है। बालकनाथ ने साल 2019 में अपना पहला लोकसभा चुनाव जीता था। उन्होंने कॉन्ग्रेस के प्रभावशाली नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री भंवर जितेंद्र सिंह को 3 लाख से ज्यादा वोटों से मात दी थी।

आजतक एक्सिस माई इंडिया एग्जिट पोल में राजस्थान में सीएम पद के चेहरे को लेकर लोगों से राय पूछी गई थी। इसमें 10 प्रतिशत लोगों ने कहा था कि वे बालकनाथ को मुख्यमंत्री के रूप में देखना चाहते हैं। बालकनाथ ने भाजपा सरकार में मुख्यमंत्री रहीं वसुंधरा राजे और कॉन्ग्रेस सरकार में उपमुख्यमंत्री रहे सचिन पायलट को भी पीछे छोड़ दिया था।

इमरान खान को पहले बसपा ने टिकट दिया था। इसके बाद कॉन्ग्रेस ने उन्हें टिकट दे दिया तो उन्हें कॉन्ग्रेस सीट से तिजारा विधानसभा चुनाव में उतरना उचित समझा। तिजारा मिश्रित आबादी वाला क्षेत्र है। इमरान खान का सिविल कॉन्ट्रैक्ट का बड़ा काम है।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

‘तुमलोग वापस भारत भागो’: कनाडा में अब सांसद को ही धमकी दे रहा खालिस्तानी पन्नू, हिन्दू मंदिर पर हमले का विरोध करने पर भड़का

आर्य ने कहा है कि हमारे कनाडाई चार्टर ऑफ राइट्स में दी गई स्वतंत्रता का गलत इस्तेमाल करते हुए खालिस्तानी कनाडा की धरती में जहर बोते हुए इसे गंदा कर रहे हैं।

मुजफ्फरनगर में नेम-प्लेट लगाने वाले आदेश के समर्थन में काँवड़िए, सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद बोले – ‘हमारा तो धर्म भ्रष्ट हो गया...

एक कावँड़िए ने कहा कि अगर नेम-प्लेट होता तो कम से कम ये तो साफ हो जाता कि जो भोजन वो कर रहे हैं, वो शाका हारी है या माँसाहारी।

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -