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अमृतकाल का सप्तर्षि बजट: मध्यम वर्ग हो या गरीब-किसान, सबका मोदी सरकार ने रखा ध्यान; इंफ्रास्ट्रक्चर को भी मजबूती

वित्त मंत्री ने बताया कि उनका यह बजट सप्तऋषि मंत्र पर आधारित है। इन सप्तऋषियों में समावेशी विकास, वंचितों को वरीयता, बुनियादी ढाँचे और निवेश, क्षमता विस्तार, हरित विकास, युवा शक्ति, और वित्तीय क्षेत्र शामिल हैं।

केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आज 2023-24 का आम बजट पेश करते हुए कई बड़े ऐलान किए। चाहे किसान हो या कोई मिडिल क्लास नौकरीपेशा …सबके लिए मोदी सरकार इस बजट में कोई न कोई सौगात लाई है। इसके अलावा इंफ्रास्ट्रक्चर को भी मजबूत करने के लिए बजट में कई ऐलान किए गए हैं।

वित्त मंत्री ने बताया कि उनका यह बजट सप्तऋषि मंत्र पर आधारित है। इन सप्तऋषियों में समावेशी विकास, वंचितों को वरीयता, बुनियादी ढाँचे और निवेश, क्षमता विस्तार, हरित विकास, युवा शक्ति, और वित्तीय क्षेत्र शामिल हैं।

उन्होंने बताया कि इंफ्रास्ट्रक्चर पर खर्च बढ़ाकर 10 लाख करोड़ रुपए किया जाएगा। इसी तरह सरकार ने वाहनों की स्क्रैपिंग के लिए ज्यादा फंड का आवंटन करने के लिए कहा। डिजिटल इकॉनॉमी को बढ़ावा देनी की बात कही।

रेलवे के लिए कुल 2.4 लाख करोड़ रुपए का बजट जारी किया जबकि नई परियोजनाओं के लिए 75000 करोड़ रुपए तक का फंड आवंटित करने को कहा। पीएम आवास योजना में भी 66 पर्सेंट इजाफा हुआ।

इसी तरह वित्त मंत्री ने प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना को एक साल के लिए आगे बढ़ाने का ऐलान किया जिसके मद्देनजर 2 लाख करोड़ जारी किया जाएगा। इतना ही नहीं गरीब कैदी जो अपनी जमानत का पैसा नहीं भर सकते उनके लिए भी सरकार ने पैसे देने का ऐलान किया है।

इसके अलावा मिडिल क्लास टैक्सपेयर्स के लिए बड़ी घोषणा की। निर्मला सीतारमण ने पर्सनल इनकम टैक्स को लेकर कहा कि 0 से 3 लाख रुपए तक कोई पर्सनल इनकम टैक्स नहीं देना होगा। जबकि 3 से 6 लाख रुपए तक में सिर्फ 5%, 6 से 9 लाख रुपए में 10% , 9 से 12 लाख में 15% , 12 से 15 लाख में 20 % और 15 लाख से ऊपर 30 पर्सेंट टैक्स देना होगा।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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