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जो कश्मीरी हिंदू मार डाले गए, उनकी याद में म्यूजियम भी कॉन्ग्रेस को बर्दाश्त नहीं… दिग्विजय सिंह ने किया विरोध

"मैं पूरी तरह से भोपाल में नरसंहार संग्रहालय बनने के खिलाफ हूँ। भोपाल के सांप्रदायिक सद्भाव को नहीं बिगड़ने देंगे। मैं इसका विरोध करता हूँ।"

कॉन्ग्रेस पार्टी के सीनियर नेता और गाँधी परिवार के करीबी दिग्विजय सिंह ने इस्लामी आतंकी हमलों में मारे गए हिन्दुओं का भोपाल में जेनोसाइड म्यूजियम (नरसंहार संग्राहलय) बनने की माँग का विरोध किया है। दिग्विजय ने इसे साम्प्रदायिक सद्भाव बिगाड़ने वाली माँग बताया है।

‘द कश्मीर फाइल्स के निर्माता विवेक अग्निहोत्री ने मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान से जेनोसाइड म्यूजियम (genocide museum) के लिए जमीन माँगी थी। शिवराज सिंह ने भी इस संग्राहलय के लिए सहमति दे दी थी।

मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने 26 मार्च (शनिवार) को लिखा, “मैं पूरी तरह से भोपाल में नरसंहार संग्रहालय बनने के खिलाफ हूँ। भोपाल के सांप्रदायिक सद्भाव को नहीं बिगड़ने देंगे। मैं इसका विरोध करता हूँ।”

दिगिवजय सिंह के इस ट्वीट का जवाब देते हुए विवेक अग्निहोत्री ने लिखा, “आप 38 साल में भोपाल गैस त्रासदी पर एक स्मारक तो बना नहीं पाए। अगर शिवराज सिंह चौहान मानवता के लिए नेक काम कर रहे हैं तो ईर्ष्या क्यों? नाकामी छुपाने के लिए?”

विवेक अग्निहोत्री ने म्यूजिम के लिए शिवराज सिंह से माँगा था सहयोग

25 मार्च 2022 (शुक्रवार) को विवेक अग्निहोत्री ने मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान से मुलाकात की थी। इस मुलाकात के बाद उन्होंने कहा, “हमने उनसे (शिवराज सिंह) से निवेदन किया कि हमें आपसे एक पैसा भी आर्थिक मदद नहीं चाहिए। मैं भोपाल में अपने दम पर एक नरसंहार म्यूजियम बनाना चाहता हूँ। अगले 2 साल में मैं ऐसा नरसंहार म्यूजियम बना रहा हूँ, जो पूरी दुनिया में मानवता का मंदिर बनेगा। आप सब मुझे आशीर्वाद दें।”

शिवराज सिंह चौहान ने स्वीकार की नरसंहार म्यूजियम की माँग

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने 25 मार्च को ही विवेक अग्निहोत्री की माँग स्वीकार करते हुए नरसंहार म्यूजियम के लिए सहयोग देने का आश्वासन दिया था। एक साझा प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने कहा:

“हमने कश्मीरी पंडितों का दर्द समझा। अब हमारी जिम्मेदारी है कि उस दर्द को हम पी जाएँ। आज विवेक जी ने नरसंहार म्यूजियम का बहुत अच्छा विचार दिया है। विवेक जी आप इसकी योजना बनाइए। मैं आपकी भावनाओं का आदर करते हुए कहता हूँ कि सरकार जमीन सहित हर प्रकार का सहयोग करेगी। आपने मानवीयता की बात कही है। उस म्यूजियम से जो निकले, वो एक बेहतर इंसान बन कर निकले।”

मध्य प्रदेश सरकार के जनसम्पर्क विभाग के मुताबिक यह प्रदेश का पहला जेनोसाइड संग्राहलय होगा।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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