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‘मुस्लिम होने के कारण फँसाए जा रहे हैं नवाब मलिक, मंत्री पद से नहीं लेंगे इस्तीफा’: बोले NCP सुप्रीमो शरद पवार, दाऊद से संबंधों के हैं आरोप

NCP अध्यक्ष शरद पवार ने नवाब मलिक पर ईडी की कार्रवाई को पूरी तरह से 'राजनीति से प्रेरित' करार दिया है।

अंडरवर्ल्ड डॉन दाउद इब्राहिम (Dawood Ibrahim) से संबंधों के आरोप में प्रवर्तन निदेशालय (Enforcement Directorate) द्वारा गिरफ्तार किए गए महाराष्ट्र सरकार के मंत्री और NCP के नेता नवाब मलिक (Nawab Malik) के मामले में पार्टी चीफ शरद पवार (Sharad Pawar) का भी बयान आ गया है। पहले से अपेक्षित तरीके से शरद पवार ने शनिवार (5 फरवरी, 2022) को मलिक पर ईडी की कार्रवाई को पूरी तरह से ‘राजनीति से प्रेरित’ करार दिया है।

पवार ने इस मामले में मुस्लिम कार्ड खेलते हुए आरोप लगाया कि एक मुस्लिम होने के कारण मलिक को फँसाया जा रहा है। इसीलिए, भगोड़े अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम से उनके संबंध होने की बात कही जा रही है। NCP चीफ ने कहा, “मुस्लिम होने के कारण नवाब मलिक और उनके परिवार को परेशान किया जा रहा है। लेकिन हम इसका विरोध करेंगे।”

देश के दुश्मन दाऊद इब्राहिम से संबंधों का खुलासा होने के बाद विपक्ष लगातार मलिक के इस्तीफे की माँग कर रहा है, जिसे सिरे से खारिज करते हुए पवार ने कहा कि केंद्रीय मंत्री नारायण राणे और मलिक पर अलग-अलग स्टैंडर्ड लागू किए जा रहे हैं।

दरअसल, राणे को पिछले साल अगस्त में राणे को नासिक पुलिस ने गिरफ्तार किया था। उन्होंने उद्धव ठाकरे को लेकर कहा था, “ये शर्मनाक है कि मुख्यमंत्री को ये नहीं पता कि हमें स्वतंत्र हुए कितने वर्ष हुए हैं। अपने भाषण के दौरान उन्होंने पीछे मुड़कर अपने सहयोगी से पूछा था। अगर मैं वहाँ होता तो उन्हें जोरदार थप्पड़ मारता।”

गौरतलब है कि नवाब मलिक को दाऊद इब्राहिम की बहन हसीना पारकर से जमीन खरीदने के मामले में 23 फरवरी 2022 को प्रवर्तन निदेशालय ने गिरफ्तार किया था। उन्हें गिरफ्तार करने से पहले ईडी के अधिकारियों ने उद्धव सरकार के मंत्री से 8 घंटे लंबी जिरह की थी, लेकिन उन्होंने केंद्रीय जाँच एजेंसी को सहयोग ही नहीं किया था। वो फिलहाल 7 मार्च तक के लिए ईडी की हिरासत में हैं।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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