बजरंग बली के दर पर प्रियंका गाँधी, अटैची लेकर पहुँचे नेताओं का मोबाइल बाहर रखवाया

दो दि​वसीय प्रशिक्षण शिविर में कार्यकर्ताओं को भाजपा से लड़ने के गुर सिखाए जाएँगे। कॉन्ग्रेस नेताओं को समझ नहीं आ रहा है कि अनुच्छेद 370 और पाकिस्तान पर भाजपा को कैसे जवाब दें? साथ ही उन्हें बताया जाएगा कि किन मुद्दों पर बीजेपी सरकार को घेरना है।

महासचिव प्रियंका गॉंधी के नेतृत्व में कॉन्ग्रेस कार्यकर्ताओं का प्रशिक्षण शिविर बुधवार को शुरू हुआ। यूपी में पार्टी को मजबूत करने के मकसद से यह शिविर प्रियंका की मॉं और कॉन्ग्रेस की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गॉंधी के संसदीय क्षेत्र रायबरेली में हो रहा है। शिविर में शामिल होने से पहले प्रियंका ने चुरुवा के हनुमान मंदिर में पूजा-अर्चना की।

दो दि​वसीय प्रशिक्षण शिविर में कार्यकर्ताओं को भाजपा से लड़ने के गुर सिखाए जाएँगे। कॉन्ग्रेस नेताओं को समझ नहीं आ रहा है कि अनुच्छेद 370 और पाकिस्तान पर भाजपा को कैसे जवाब दें? इस कार्यशाला में इन्हीं बातों का तार्किक जवाब देने के गुर सिखाए जाएँगे और भाजपा के ख़िलाफ़ माहौल बनाने की योजना बनाई जाएगी। प्रशिक्षण छह सत्रों का होगा। इस दौरान कार्यकर्ताओं व नेताओं को सिखाया जायेगा कि भाजपा सरकार को किन-किन मुद्दों पर घेरना है। कार्यशाला को पूरी तरह गोपनीय रखा गया है।

प्रशिक्षण कार्यशाला में कॉन्ग्रेस के चुने हुए 45 नेता भाग ले रहे हैं। रायबरेली शहर से कुछ किलोमीटर दूर भुएमऊ गेस्ट हाउस में कॉन्ग्रेस नेताओं का जमावड़ा लगा है। परिसर में ही सभी नेता रुके हुए हैं। सभी नेता अटैची में अपना सामान लेकर पहुँचे। शिविर शुरू होने से पहले हरेक नेता से मोबाइल फोन ले लिया गया ताकि कोई भी तस्वीर या सूचना लीक न हो।

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प्रशिक्षण शिविर के लिए प्रियंका मंगलवार को ही यूपी पहुॅंच गईं थी। उन्होंने नेताओं के साथ विचार-विमर्श किया और रणनीति को लेकर गुप्त चर्चा की। रायबरेली जाते समय रास्ते में कई जगहों पर मोदी सरकार पर आर्थिक मंदी के लिए और योगी सरकार पर ‘बढ़ते अपराध के लिए’ निशाना साधा।

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