Tuesday, May 21, 2024
Homeरिपोर्टमीडियारेल पटरी पर इंटरव्यू ले रहे NDTV पत्रकार को रोका तो रवीश ने कहा-...

रेल पटरी पर इंटरव्यू ले रहे NDTV पत्रकार को रोका तो रवीश ने कहा- पुलिस पत्रकारिता सिखा रही

पुलिस ने कहा कि मीडिया लोकतंत्र का चौथा खंभा होने के बावजूद लोगों को बरगला रहा है। सच्चाई नहीं दिखा रहा। इसी बात से गुस्साए रवीश कुमार ने कहा कि अब तो पुलिस भी पत्रकारों को पत्रकारिता सिखा रही है।

महाराष्ट्र के औरंगाबाद में शुक्रवार (मई 8, 2020) को दिल दहला देने वाली घटना हुई। पटरी पर सो रहे 16 मजदूर एक ट्रेन के नीचे आ गए और उनकी मृत्यु हो गई। सभी टीवी चैनलों की तरह NDTV ने भी इस ख़बर को दिखाया और इसे सरकार की विफलता बताते हुए जनता के सामने पेश किया। रवीश कुमार ने अपने शो ‘देस की बात’ में इस घटना को कवर किया।

16 मौतों के बाद घटनास्थल पर पुलिस तैनात है और मीडिया का आना-जाना लगा हुआ है। ऐसे में पुलिस को वहाँ जुट रही भीड़ को मैनेज करना पड़ रहा है और उन्हें बार-बार पटरी से हटाना पड़ रहा है। इस दौरान पटरी पर से लाइव रिपोर्टिंग कर रहे एक पत्रकार को भी पुलिस ने वहाँ से जाने को कहा। पुलिस ने आरोप लगाया कि मीडिया जनता से सच्चाई छिपा रही है। इससे बौखलाए NDTV के रवीश कुमार ने कहा कि अब तो पुलिस भी पत्रकारों को पत्रकारिता सिखा रही है।

दरअसल, वो रिपोर्टर पटरी के पास जाकर कुछ मजदूरों से बात कर रहे थे, तब महाराष्ट्र पुलिस ने वहाँ पहुँच कर उन्हें जाने को कहा। तब रिपोर्टर ने आनकानी करते हुए पुलिस से कहा कि वो उनकी बात समझ रहे हैं लेकिन पटरी पर चल रहे मजदूरों की भी तो हकीकत दिखानी पड़ेगी। जब पुलिस ने कहा कि वो ग़लत जगह पर इंटरव्यू ले रहे हैं तो पत्रकार ने कहा कि लोग ही ग़लत जगह पर चल रहे हैं

पुलिस ने उच्चाधिकारियों के आदेशों का हवाला देते हुए कहा कि उन्हें लोगों को पटरी पर से हटाने की जिम्मेदारी दी गई है। पुलिस को कहा गया था कि पटरी पर चल रहे लोगों को वापस घर भेजा जाए। पत्रकार पुलिस से पूछ रहे था कि क्या इन लोगों को खाना-पीना मिल रहा है। हालाँकि, पुलिसकर्मियों ने कहा कि उन्हें इस सम्बन्ध में कोई जानकारी नहीं है। पुलिस ने पत्रकार को अपना कैमरा बंद कर के वहाँ से जाने की सलाह दी।

जब पत्रकार ने बताया कि वो लाइव शो कर रहे हैं तो पुलिस ने कहा कि मीडिया लोकतंत्र का चौथा खंभा होने के बावजूद लोगों को बरगला रहा है। आप सच्चाई नहीं दिखा रहे हो। इसी बात से गुस्साए रवीश कुमार ने कहा कि अभी इसी जगह से 4000 लोग गए हैं और अभी ही ये पुलिस वाला कह रहा है कि ये इंटरव्यू लेने के लिए गलत जगह है।

Special coverage by OpIndia on Ram Mandir in Ayodhya

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

J&K के बारामुला में टूट गया पिछले 40 साल का रिकॉर्ड, पश्चिम बंगाल में सर्वाधिक 73% मतदान: 5वें चरण में भी महाराष्ट्र में फीका-फीका...

पश्चिम बंगाल 73% पोलिंग के साथ सबसे आगे है, वहीं इसके बाद 67.15% के साथ लद्दाख का स्थान रहा। झारखंड में 63%, ओडिशा में 60.72%, उत्तर प्रदेश में 57.79% और जम्मू कश्मीर में 54.67% मतदाताओं ने वोट डाले।

भारत पर हमले के लिए 44 ड्रोन, मुंबई के बगल में ISIS का अड्डा: गाँव को अल-शाम घोषित चला रहे थे शरिया, जिहाद की...

साकिब नाचन जिन भी युवाओं को अपनी टीम में भर्ती करता था उनको जिहाद की कसम दिलाई जाती थी। इस पूरी आतंकी टीम को विदेशी आकाओं से निर्देश मिला करते थे।

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -