हमले का इलाका पहले पुंछ और राजौरी तक सीमित था। लेकिन बाद में यह रियासी जैसे इलाके तक फ़ैल गए। ऐसे ही एक हमले में श्रद्धालुओं की बस को भी आतंकियों ने निशाना बनाया था।
जिस संविधान से उमर अब्दुल्ला मुख्यमंत्री बने हैं उसी संविधान के तहत जम्मू-कश्मीर को केंद्रशासित प्रदेश घोषित किया गया है। फिर इस मामले पर सरकारी कार्यक्रम का विरोध कितना उचित है?