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कश्मीरी पण्डित

26 जनवरी 1990: संविधान की रोशनी में डूब गया इस्लामिक आतंकवाद, भारत को जीतना ही था

19 जनवरी 1990 की भयावह घटनाएँ बस शुरुआत थी। अंतिम प्रहार 26 जनवरी को होना था, जो उस साल जुमे के दिन थी। 10 लाख लोग जुटते। आजादी के नारे लगते। गोलियॉं चलती। तिरंगा जलता और इस्लामिक झंडा लहराता। लेकिन...

‘फ्री कश्मीर’ की चाह लिए वामपंथी गुंडे हिंदू कॉलेज की दीपिका को दे रहे धमकी

अपनी प्रोफाइल में SFI से ताल्लुक बताने वाला हिमांशु सिंह और अभिराम, अगर कश्मीरी हिन्दुओं के साथ खड़े हैं तो वो फ्री कश्मीर के पोस्ट को ‘दिल’ क्यों दे रहे हैं? अगर वो दीपिका की श्रद्धांजलि सभा में शांति बना कर कुछ मिनट सुन लेते तो क्या वो खड़ा रहना नहीं कहलाता? दरअसल वामपंथी गुंडों का सारा अजेंडा बाहर आ चुका है और...

हिंदू कॉलेज में कश्मीरी पंडितों का दर्द बयाँ कर रही थी दीपिका, टूट पड़े वामपंथी गुंडे

दीपिका को चुप कराने के लिए जब इस्लामिक नारे लगाए गए, तब वह अपनी सीनियर रहीं आकृति रैना का पत्र पढ़ रही थीं। हिंदू कॉलेज में राजनीति विज्ञान की छात्रा रहीं आकृति ने पत्र में अपने ही परिवार के विस्थापन की कहानी लिखी थी।

जब 23 साल बाद एक कश्मीरी पंडित पड़ोसन दिलशादा से मिलने गई, वही हुआ जो हम सोचते हैं…

अगर आप आकाश और उनकी माँ का अनुभव पढ़ेंगे तो आपको पता चलेगा कि कश्मीरी पंडितों के नरसंहार को लेकर 'सॉरी-सॉरी' खेलने की बात करने वाले पाखंड कर रहे हैं। एक महिला जो आज पंडितों के लिए रोने का दिखावा कर रही, कभी उनके ख़ून की प्यासी हुआ करती थी।

कश्मीरी हिन्दू मुसलमानों से माफ़ी क्यों माँगे? अजीत भारती का वीडियो | Why’d Kashmiri Hindus say sorry to Muslims?

हम इनके दु:ख के बारे में बात करते हैं, लेकिन मुसलमानों के आतंक की बात नहीं करते। जबकि उल्टा होना चाहिए।

कट्टरपंथियों से किस बात की माफ़ी माँगें कश्मीरी हिन्दू? कि उनकी लड़कियों का गैंगरेप हुआ, निर्मम हत्या की गई?

आज विधु कहते हैं कि सब कुछ भुलाकर उन लोगों से कश्मीरी पंडितों को गले मिल लेना चाहिए, प्रेम करना चाहिए और सब भुला देना चाहिए। एनडीटीवी पत्रकार रवीश कुमार कहते हैं कि निर्देशक ने वर्षों की इस चुप्पी को तोड़ने के लिए सिर्फ एक 'सॉरी' की गुज़ारिश की है, उन्होंने बहुत ज्यादा तो नहीं माँगा।

‘जानवरों की तरह बच्चे पैदा करना हानिकारक… जो महिलाओं को यूज कर रहे, वो चूड़ियाँ पहन लें’

"कुछ लोगों का मानना ​​है कि बच्चों का पैदा होना एक प्राकृतिक प्रक्रिया है और इसमें हस्तक्षेप नहीं किया जाना चाहिए। लेकिन जानवरों की तरह अधिक बच्चों को जन्म देना समाज और देश के लिए हानिकारक है। जनसंख्या नियंत्रण के लिए कानून लागू होने पर यह देश के लिए अच्छा होगा।"

कश्मीर के हिन्दू नरसंहार की 20 नृशंस कहानियाँ जो हर हिन्दू को याद होनी चाहिए

ये किसी फिल्म के दृश्य नहीं हैं जहाँ नाटकीयता के लिए आरी से किसी को काटा जाता है, किसी की खोपड़ी में लोहे का रॉड ठोक दिया जाता है, किसी की आँखें निकाल ली जाती हैं, किसी के दोनों गाल चाकू से चमड़ी सहित छील दिए जाते हैं, किसी के तिलक लगाने वाले ललाट को चाकू से उखाड़ दिया जाता है…

शाहीन बाग पहुँचे कश्मीरी पंडितों से CAA-विरोधी प्रदर्शनकारियों ने की हाथापाई

कश्मीरी पंडित इस दौरान 'कश्मीरी पंडितों को न्याय दो' के नारे लगाने शुरू कर दिए थे। कश्मीरी पंडितों की इस नारेबाजी से नाराज होकर CAA-विरोधी प्रदर्शनकारियों ने उनके साथ झड़प कर दी, जो कि कुछ ही देर में हाथा-पाई में बदल गई।

इस्लामी घाटी का हिंदुत्वकरण करना चाहती है सरकार: कश्मीरी पंडितों की घर वापसी पर सबा नकवी

सबा नक़वी ने एक टीवी डिबेट के दौरान अपने चिरपरिचित अंदाज में हिंदुओं के खिलाफ जह​र उगला। न केवल कश्मीरी पंडितों के घाटी में लौटने को लेकर एतराज जताया ब​ल्कि जम्मू-कश्मीर पर भारत के अधिकार को लेकर भी सवाल उठाए।

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