कर्नाटक के यादगीर जिले में सरकारी योजना मनरेगा में धांधली सामने आई है। पुरषों ने महिला बनकर मजदूरी के तीन लाख रुपये कमाए। घटना को लेकर अधिकारियों पर सवाल खड़े हुए हैं।
क्या बिहार में इस बार एक त्रिकोणीय मुक़ाबला देखने को मिलेगा, जहाँ कॉन्ग्रेस पार्टी PK के साथ गठबंधन में होगी? राहुल गाँधी ने शक्ति-प्रदर्शन के जरिए राजद को दिया सन्देश?
देहरादून जिले में वर्तमान स्थान मियांवाला का नाम रामजीवाला, पीरवाला का नाम केसरी नगर, चांदपुर खुर्द का नाम पृथ्वीराज नगर और अब्दुल्लापुर का नाम अब दक्षनगर किया गया है।
एक समय था कि मजदूरों को पूंजीपतियों और विकास के विरुद्ध भड़का कर कम्युनिस्ट नेतागिरी चमकाया करते थे। अब वह दौर नहीं रहा। कन्हैया की इस राजनीति को बिहार नहीं स्वीकार करने वाला है।
महाकुंभ से पहले ठीक एक वर्ष पहले भी गाँधी परिवार ने स्पष्ट कर दिया था कि उनकी प्राथमिकताएँ क्या हैं। 500 वर्षों के संघर्ष के बाद हिन्दुओं को मिले राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा का निमंत्रण कॉन्ग्रेस ने ठुकरा दिया था।