Plurals के नेता अनुपम सुमन की कम्पनी है YBM, जिसने अपने कर्मचारियों को बिना नोटिस दिए निकाल दिया। अनुपम सुमन को पुष्पम प्रिया चौधरी का करीबी माना जाता है।
'चाऊ-माओ' के बीच अपने लिए वैश्विक छवि तलाश रहे नेहरू ने कभी सीमा पर हो रही सैनिकों की मौत को लेकर जुबान नहीं खोली। उन्हें यह स्वीकार करते दशक बीत गए कि सीमा पर कुछ चिंताजनक हो रहा है।
श्यामा प्रसाद मुखर्जी की माता जोगमाया ने भी पंडित नेहरू को एक भावपूर्ण पत्र लिखकर अपने पुत्र की मृत्यु की निष्पक्ष जाँच की माँग की थी। लेकिन, एक माँ की माँग को भी नहीं माना गया।
प्रियंका गाँधी ने ट्वीट किया कि उत्तर प्रदेश में सिर्फ़ 48 घंटे में भर्ती हुए 28 कोरोना वायरस से संक्रमित मरीजों की मौत हो गई है। उनके आँकड़े भ्रामक निकले।
एक एनजीओ जिसका नाम शायद ही किसी ने सुना हो वह रथ यात्रा के विरोध में बड़े वकील किसके दम पर खड़ा कर लेता है। क्या ये NGO नक्सलियों या फिर ईसाई मिशनरियों द्वारा बनाया गया है?