आफताब अमीन पूनावाला ने भले श्रद्धा की हत्या करनी कबूली ली है, भले नार्को टेस्ट की इजाजत मिल गई है, लेकिन इससे दिल्ली पुलिस का काम पूरा नहीं हुआ है। जानिए क्या हैं चुनौतियाँ?
आफताब ने 18 मई से करीब एक सप्ताह पहले ही श्रद्धा की हत्या का फैसला कर लिया था। लेकिन उस दिन अचानक से श्रद्धा इमोशनल हो रोने लगी। इसके बाद आफताब ने किसी और दिन उसे मारने का फैसला किया।