संजय दत्त के स्वर्गीय पिता सुनील दत्त ने पाँच बार कॉन्ग्रेस पार्टी से मुंबई उत्तर-पश्चिम निर्वाचन क्षेत्र का प्रतिनिधित्व किया था। उन्होंने अपनी मृत्यु से पहले मई 2004-2005 के दौरान यूपीए-1 सरकार में युवा मामलों और खेल मंत्री के रूप में भी कार्य किया था
IL&FS के घोटाले की जाँच के समय कोहिनूर मामला भी प्रकाश में आया था। IL&FS ने कथित तौर पर कोहिनूर सीटीएनएल को ₹225 करोड़ का कर्ज दिया, लेकिन उसमें IL&FS को ₹135 करोड़ का घाटा झेलना पड़ा।
डीएसके ग्रुप धोखाधड़ी मामले में अब तक 15 लोगों के ख़िलाफ़ मामला दर्ज किया जा चुका है। इनमें से 10 आरोपितों को अलग-अलग समय पर गिरफ़्तार कर उनके ख़िलाफ़ चार्जशीट भी दायर की जा चुकी है।
सीटों के बँटवारे को लेकर मुख्यमंत्री फड़णवीस ने कहा कि यह आँकड़ा 130 से 140 तक हो सकता है और बाक़ी बची सीटों को सहयोगी दलों के बीच बाँट दी जाएँगी। बता दें कि महाराष्ट्र में कुल विधानसभा सीटें 288 हैं।
फातिमा के ससुर ने उसकी तराबुद्दीन से फोन पर बात करवाई। जैसे ही फातिमा ने हैलो कहा, तराबुद्दीन ने तलाक तलाक तलाक कहकर फोन काट दिया। इसके बाद ससुर ने पंचायत बुलाकर फातिमा को डेढ़ लाख रुपए का चेक दे रिश्ता खत्म करने का एलान कर दिया।
कॉन्ग्रेस के एक और एनसीपी के तीन विधायकों ने स्पीकर को अपना इस्तीफा सौंपा। इनमें कॉन्ग्रेस के विधायक कालिदास कोलाम्बकर, NCP के विधायक शिवेन्द्र राजे भोसले, वैभव पिचाड और संदीप नाइक शामिल हैं। चारों ने स्पीकर हरिभाऊ बागड़े से मुलाकात कर अलग-अलग इस्तीफा सौंपा।
पहले यह अनुमान लगाया गया था कि फातिमा ने पहले अपने तीनों बच्चों अलीफिया, ज़ेबा और जियान की हत्या की और फिर खुद आत्महत्या लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद इस पूरे मामले में एक बड़ा ट्विस्ट आया है। रिपोर्ट के मुताबिक, दोनों बेटियों की हत्या से पहले रेप किया गया था। जिसके बाद पुलिस महिला के पति अकरम को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है।
प्रशासन का कहना है कि जाँच की जा रही है और प्राकृतिक बिजली गिरने के कारण भी मूर्ति टूट सकती है। मूर्ति करीब 20 फुट ऊँची थी, जिस वजह से किसी व्यक्ति द्वारा इसे तोड़ा जाना संभव नहीं लगता है।
भीमा कोरेगाँव की जाँच के दौरान पुणे पुलिस को आरोपित रोना विल्सन और सुरेंद्र गण्डलिक के लैपटॉप से कुछ अहम दस्तावेज मिले हैं। गौतम नवलखा और कुछ नक्सल समूह साल 2011 से ही पाकिस्तानी आंतकी संगठन हिजबुल मुजाहिदीन से सपर्क में थे। इसके अलावा साल 2011 से 2014 के बीच मे गौतम कश्मीर के अलगाववादी नेता सैय्यद अली शाह गिलानी और शकील बख्शी के भी सम्पर्क में थे।
शख आमेर ने अपना बयान वापस लेते हुए कहा कि उसने अपने समुदाय के सदस्यों के बीच अपना कद बढ़ाने और उससे झगड़ा करने वाले लोगों को सबक सिखाने के लिए मनगढ़ंत कहानी के आधर पर पुलिस से शिकायत की।