Saturday, March 7, 2026
Homeरिपोर्टअंतरराष्ट्रीयश्रीनगर में CRPF पर आतंकियों ने फेंका ग्रेनेड, 6 जवान जख्मी, सर्च ऑपरेशन शुरू

श्रीनगर में CRPF पर आतंकियों ने फेंका ग्रेनेड, 6 जवान जख्मी, सर्च ऑपरेशन शुरू

पुलिस के अनुसार ग्रेनेड तेज आवाज के साथ फटा और इलाके में दहशत फैल गई। अधिकारियों के अनुसार सुरक्षाबलों ने जवाब में हवा में गोलियॉं चलाई। इससे पहले बुधवार शाम इसी तरह कुलगाम जिले में आतंकियों ने सीआरपीएफ जवानों की एक टीम पर ग्रेनेड हमला किया था।

जम्मू-कश्मीर की राजधानी श्रीनगर के करन नगर इलाके में शनिवार को केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के एक दल पर आतंकवादियों ने ग्रनेड फेंका। हमले में छह जवान जख्मी हो गए। हमला सीआरपीएफ CRPF की 144वीं बटालियन को निशाना बनाकर किया गया। जवानों का यह दल सुरक्षा चौकी पर तैनात था।

पुलिस के अनुसार ग्रेनेड तेज आवाज के साथ फटा और इलाके में दहशत फैल गई। अधिकारियों के अनुसार सुरक्षाबलों ने जवाब में हवा में गोलियॉं चलाई। हमले के बाद सुरक्षा बलों ने पूरे इलाके को घेर कर सर्च ऑपरेशन शुरू किया है। बुधवार शाम को इसी तरह कुलगाम जिले में आतंकियों ने सीआरपीएफ जवानों की एक टीम पर ग्रेनेड हमला किया था। इसमें एक जवान घायल हो गया था।

इस बीच, जम्मू-कश्मीर के पुलिस महानिदेशक दिलबाग सिंह ने कहा है कि आतंकवादी घाटी में पर्यटकों और बागानों को निशाना बनाने के बाद अब जल और विद्युत आपूर्ति समेत पूरे बुनियादी ढांचे काे तबाह करने का प्रयास कर रहे हैं। सिंह ने कहा कि सुरक्षा बल आतंकवादियों द्वारा बुनियादी ढांचे को नुकसान पहुँचाने और घाटी से सेबों को ट्रकों में भरकर राज्य से बाहर ले जाने वाले चालकों को निशाना बनाने की कोशिशों को विफल करने के लिए पूरी तरह सतर्क हैं। उन्होंने कहा, “देश के विभिन्न भागों से घाटी में सेब लेने आए ट्रक चालकों पर हमले होने से राज्य की अर्थव्यवस्था को चोट पहुँच रही है। यह राज्य बागवानी और कृषि पर निर्भर है तथा आतंकवादी पाकिस्तान के इशारे पर इन दोनों ही क्षेत्रों को क्षति पहुंचाने का प्रयास कर रहे हैं।”

डीजीपी ने यह भी जोड़ा कि यह घाटी के लोगों की आमदनी पर सीधा हमला है और इस तरह के कृत्यों में शामिल लोगों के साथ सख्ती से निपटा जाएगा। ट्रक चालकों पर हमलों में शामिल लोगों की पहचान कर ली गई है। उन्होंने यह भी बताया कि कि आतंकवादियों ने उत्तर कश्मीर में एक उच्च शक्ति वाले विद्युत टावर को भी निशाना बनाने का प्रयास किया था, जिसे सुरक्षा बलों ने विफल कर दिया।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

US का दावा कुछ भी हो, भारत लगातार खरीदता रहा है रूसी तेल: पढ़ें कैसे ‘जहाँ सस्ता मिले’ की नीति पर चलता रहा है...

संदेश में सबसे अहम शब्द था 'अलाउ' यानी इजाजत देना। अपनी तारीफ बढ़ाने के लिए बेसेंट ने इसे राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की समझदारी और मेहरबानी बता दिया।

क्यों कमजोर पड़ रहा है चीन? पहली बार विकास दर 5% से नीचे: समझें- कैसे संकट में पड़ी दुनिया की दूसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था

चीन के प्रीमियर ली कियांग ने रिपोर्ट पेश करते हुए 2026 के लिए जीडीपी विकास दर लक्ष्य 4.5 से 5 प्रतिशत रखा। यह 1991 के बाद सबसे कम लक्ष्य है।
- विज्ञापन -