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धर्मांतरण के लिए ब्लैकमेल करती थी सोनिया: भाजपा नेता ने की थी सुसाइड, छत्तीसगढ़ पुलिस ने युवती को किया गिरफ्तार

छत्तीसगढ़ के मुंगेली जिले के लोरमी थाना क्षेत्र में भाजपा नेता शैलेंद्र जायसवाल की मौत पर से पुलिस ने पर्दा उठा दिया है। इस मामले में पुलिस ने गुरुवार (29 फरवरी 2024) को सोनिया लकड़ा नाम की एक लड़की को भी गिरफ्तार किया है। सोनिया ना सिर्फ शैलेंद्र को ब्लैकमेल करती थी, बल्कि धर्मांतरण का भी दबाव बना रही है।

दरअसल, 15 जुलाई 2023 को 44 साल के शैलेंद्र जायसवाल की बिजली के खंभे में फाँसी के फंदे में लटकी हुई लाश मिली थी। मृतक शैलेंद्र उस समय नगर पंचायत के एल्डरमैन और बिलासपुर सांसद प्रतिनिधि थे। शैलेंद्र राम्हेपुर के पास कियोस्क चलाते थे। इसके अलावा, वो राजनीति में भी सक्रिय थे।

शैलेंद्र जायसवाल 14 जुलाई को जब घर नहीं लौटे तो परिजनों ने उनकी खोजबीन शुरू की। उन्हें मोबाइल पर संपर्क किया तो उनका मोबाइल बंद मिला। अगले दिन 15 जुलाई को शैलेंद्र की लाश उनके कियोस्क सेंटर से लगभग आधे किलोमीटर की दूरी पर स्थित एक खेत के बीच में खंभे पर फाँसी पर लटकती मिली।

इसके बाद पुलिस ने इस मामले की जाँच शुरू की। पुलिस ने मृतक के कियोस्क सेंटर से 6 अलग-अलग सुसाइड नोट बरामद किया। मृतक शैलेंद्र द्वारा लिखे सुसाइट नोट में सोनिया लकड़ा नाम की एक लड़की का जिक्र किया गया था। उसमें कहा गया था कि वह ब्लैकमेल कर रही है और धर्म परिवर्तन करने के लिए दबाव बना रही है।

इस सुसाइड नोट में शैलेंद्र जायसवाल ने 32 साल की सोनिया लकड़ा को 20,000 रुपए देने की बात भी लिखी थी। सुसाइड नोट मिलने के बाद पुलिस ने इसकी सत्यता की जाँच के लिए हैंडराइटिंग एक्सपर्ट के बाद भेज दिया था। नोट की जाँच के 7 महीने बाद आई रिपोर्ट में इसे सही पाया गया है।

सुसाइड नोट के आधार पर पुलिस ने सोनिया लकड़ा के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने का मामला दर्ज कर लिया। युवती के खिलाफ 306 का अपराध पंजीबद्ध करने के बाद पुलिस ने उसे लोरमी के पुराने बस स्टैंड के पास स्थित घर से दबोच लिया। सोनिया वनग्राम जमुनाही की रहने वाली है और प्राइवेट नौकरी करती है।

लोरमी की एसडीपीओ माधुरी धीरही का कहना है कि सुसाडल नोट की जाँच के आधार पर आरोपित युवती सोनिया लकड़ा को गिरफ्तार कर लिया गया है। पैसों की उगाही और धर्मांतरण के मामले में धारा 306 के तहत कार्रवाई की गई है। गिरफ्तारी के बाद उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।

हाथ में बंदूक लेकर पत्रकार के घर में घुसा कॉन्ग्रेस नेता अनवर कादरी, परिवार के सामने बुरी तरह पीटा, महिलाओं के साथ भी की बदसलूकी: Video

मध्य प्रदेश के इंदौर में एक कॉन्ग्रेस नेता ने पत्रकार के घर में घुसकर मारपीट की है। वो अपने समर्थकों के साथ पत्रकार के घर घुसा, उस समय उसके हाथों में बंदूक थी और उसने घर में घुसकर पत्रकार की जमकर पिटाई की। इस दौरान उसने घर की महिलाओं के साथ भी बदसलूकी की। इस पूरी घटना का सीसीटीवी फुटेज वायरल हो रहा है। वहीं, वारदात को अंजाम देने वाले कॉन्ग्रेस नेता का नाम अनवर कादरी बताया जा रहा है। वो इंदौर के वार्ड नंबर 57 से पार्षद है।

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, ये मामला सदर बाजार के बड़वाली चौकी इलाके की है। जहाँ बुधवार (28 फरवरी 2024) को कॉन्ग्रेस के पार्षद अनवर कादरी ने जावेद नाम के शख्स के घर में घुसकर उसकी जमकर पिटाई की। वो हाथों में बंदूक लेकर अपने साथियों के साध जावेद के घर में दिनदहाड़े घुस आया और जावेद पर हमला बोल दिया। अनवर के साथ जुबेर, मोगली आशिक और उसके साले असलम अमजद के साथ ही कुछ अन्य लोग भी थे।

इस पूरी घटना का सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है जिसमें अनवर और उसके साथी हाथों में हथियार लेकर जावेद के घर की तरफ जाते दिखाई दे रहा है। पुलिस ने इस मामले में शिकायत दर्ज कर जाँच शुरू कर दी है।

रिपोर्ट्स के मुताबिक, अनवर कादरी ने पत्रकार को अपने खिलाफ खबर लिखने से नाराज होकर सबक सिखाने के लिए उसकी पिटाई की है। जावेद खान ने आरोप लगाया कि कॉन्ग्रेस पार्षद अनवर कादरी अपने बारे में कुछ खबरें छापे जाने पर नाराज था। इस बीच जावेद ने सूचना का अधिकार कानून (आरटीआई) के जरिए उससे जुड़ी कुछ जानकारी भी माँगी थी, इसी बात से बौखलाकर उसने हमला बोल दिया। हालाँकि कई मीडिया रिपोर्ट्स में कादरी को पूर्व पार्षद भी बताया जा रहा है।

इस मामले को लेकर इंदौर के एसीपी विवेक सिंह चौहान ने बताया कि जावेद की लिखित शिकायत पर अनवर कादरी और उनके तीन साथियों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 452 (चोट पहुंचाने, हमला करने या गलत तरीके से बंधक बनाने के लिए जबरन घर में घुसना), धारा 323 (मारपीट) और अन्य संबद्ध प्रावधानों के तहत मामला दर्ज किया गया है। चौहान ने बताया कि कादरी ने भी खान के खिलाफ फोन पर उन्हें धमकी देने के आरोप में सदर बाजार पुलिस थाने में एफआईआर दर्ज कराई है। उन्होंने बताया कि ये विवाद फोन कॉल के बाद ही शुरू हुआ था। वही, अनवर कादरी ने कहा कि ‘अपनी सुरक्षा’ के लिए लाइसेंसी हथियार साथ ले गया था। हालाँकि उसकी सारी करतूतें सीसीटीवी फुटेज के माध्यम से सामने आ चुकी हैं।

‘मैंने लोगों को बुलाकर ED अधिकारियों पर हमले का आदेश दिया’: शाहजहाँ शेख ने कबूला जुर्म, महिलाओं को धमकाने वाला उसका करीबी अमीर अली गाजी भी गिरफ्तार

पश्चिम बंगाल की सत्ताधारी पार्टी तृणमूल कॉन्ग्रेस से 6 साल से निलंबित जिला परिषद प्रधान शाहजहाँ शेख ने प्रवर्तन निदेशालय (ED) के अधिकारियों के खिलाफ भीड़ को भड़काने की बात कबूल की है। उसने कहा कि उसे लगा कि ईडी उसे गिरफ्तार कर सकती है। इसलिए उसने लोगों को बुलाया और ईडी अधिकारियों और सीआरपीएफ जवानों पर हमला करने का आदेश दिया।

बता दें कि संदेशखाली की महिलाओं से यौन उत्पीड़न करने के आरोपित शाहजहाँ शेख के मामले को लेकर पश्चिम बंगाल की ममता बनर्जी सरकार की फजीहत हो रही है। अब इस फजीहत से बचने के लिए तृणमूल कॉन्ग्रेस (TMC) ने शाहजहाँ शेख को छह साल के लिए पार्टी से निकाल दिया है। इसके साथ उसके मामले की जाँच बंगाल पुलिस की CID ब्रांच को सौंप दिया है।

सामने आए रिमांड कॉपी के पहले पन्ने में कहा गया है कि शाहजहाँ ने जाँच अधिकारी के सामने अपना अपराध कबूल कर लिया है। उसने माना है कि ईडी अधिकारियों पर हमले में उसकी संलिप्तता थी। इसमें यह भी लिखा है कि शाहजहाँ एफआईआर में नामित आरोपित है। वह अपने क्षेत्र में प्रभावशाली है और जमानत पर रिहा होने के बाद उसके फरार होने और मामले के गवाहों को धमकी देने की पूरी आशंका है।

उसमें आगे कहा गया है कि इस हमले में बड़ी संख्या में उपद्रवी शामिल हैं, जिनकी सही ढंग से पहचान करना जरूरी है। शेख ही एकमात्र व्यक्ति है, जो फरार आरोपितों की जानकारी दे सकता है। इस मामले में अब तक लूटे गए सामानों की बरामदगी नहीं हो सकी है। आरोपित ने अपने गुर्गों द्वारा लूटे गए सामान को गुप्त स्थानों से बरामद करने में पुलिस की मदद करने का आश्वासन दिया है।

पुलिस रिमांड की कॉपी (साभार: आजतक)

पुलिस ने कोर्ट को बताया कि शाहजहाँ शेख के संबंधित मुद्दों के साथ संदेशखाली और नज़ात थाना क्षेत्र में गंभीर कानून और व्यवस्था की समस्या व्याप्त है। शाहजहाँ शेख और उसके सहयोगियों की रिहाई से इस समय इन इलाकों में और हिंसा भड़क सकती है। इसमें आगे कहा गया है कि आरोपित की प्रतिष्ठा बहुत खराब है और उसके निचली अदालत के आदेश का उल्लंघन कर फरार होने की पूरी आशंका है।

बंगाल पुलिस ने शाहजहाँ शेख के एक और करीबी अमीर अली गाजी को भी गिरफ्तार किया है। उसे ओडिशा के राउरकेला से गिरफ्तार किया गया है। अमीर अली पर पिछले कुछ दिनों में संदेशखाली के ग्रामीणों को डराने-धमकाने और उनसे पैसे वसूलने के कई आरोप लगे थे। वह महिलाओं को धमकाता था और मनरेगा मजदूरों से कट मनी वसूल करता था।

रिमांड कॉपी (साभार: आजतक)

बता दें कि शाहजहाँ शेख को बंगाल पुलिस ने गुरुवार (29 फरवरी) की सुबह नॉर्थ 24 परगना के मीनाखान इलाके से उसे गिरफ्तार किया था। लगभग 55 दिन से फरार शेख को बशीरहाट कोर्ट में पेश किया गया, जहाँ से उसे 10 दिन की पुलिस रिमांड में भेज दिया गया है। वहीं, भाजपा ने आरोप लगाया है कि केंद्रीय एजेंसियों की गिरफ्तारी से बचाने के लिए बंगाल पुलिस ने हिरासत में लिया और उसे हर तरह की सुख-सुविधा उपलब्ध करा रही है।

वहीं, कलकत्ता हाईकोर्ट सोमवार (4 मार्च 2024) को संदेशखाली मामले की जाँच CBI को सौंपे जाने की याचिका पर सुनवाई करेगा। साउथ बंगाल के ADG सुप्रतिम सरकार ने बताया कि इस गिरफ्तारी में सेक्शुअल असॉल्ट का कोई मामला नहीं है। शाहजहाँ के खिलाफ कई मामले दर्ज किए गए हैं। हाल ही में दर्ज हुए मामले 2-3 साल पहले की घटनाओं के हैं और इनकी जाँच-पड़ताल में समय लगेगा।

इस बीच शेख शाहजहाँ के खिलाफ दर्ज मामलों की जाँच पश्चिम बंगाल आपराधिक जाँच विभाग (सीआईडी) को सौंपी गई है। एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, “हम उनके (शाहजहाँ शेख के) खिलाफ मामलों की जाँच करेंगे। उन्हें पूछताछ के लिए भवानी भवन (बंगाल पुलिस मुख्यालय) लाया गया है।”

शाहजहाँ को 5 जनवरी 2024 को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के अधिकारियों पर हमले से संबंधित दो मामलों में गिरफ्तार किया गया है। ये अधिकारी राशन घोटाले के संबंध जाँच के लिए उसके आवास पर गए थे। इसी दौरान उन पर हमला हुआ था। अधिकारियों ने बताया, “उस पर 147 (दंगा) और 307 (हत्या का प्रयास) सहित भारतीय दंड संहिता (IPC) की विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया गया था।”

श्रेयस अय्यर और ईशान किशन को लेकर बीसीसीआई पर भड़के इरफान पठान, बोले- हार्दिक पांड्या को क्यों किया रिटेन? क्रिकेट के लिए बताया बुरा फैसला

भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) ने श्रेयस अय्यर और ईशान किशन का सालाना अनुबंध खत्म कर दिया है। श्रेयर अय्यर और ईशान किशन को सालाना अनुबंध वाली लिस्ट से हटाने पर दोनों खिलाड़ियों के फैन्स नाराज हैं, तो अब पूर्व क्रिकेटर इरफान पठान की भी प्रतिक्रिया सामने आई है। इरफान पठान ने बीसीसीआई पर सवाल भी खड़े किए हैं, तो हार्दिक पांड्या का नाम लेकर बीसीसीआई को आईना भी दिखाया है।

इरफान पठान ने गुरुवार (29 फरवरी 2024) को इस विवाद पर अपनी राय रखी। उन्होंने बीसीसीआई को कटघरे में भी खड़ा किया। ईशान किशन और श्रेयस अय्यर की तुलना हार्दिक पांड्या से करते हुए इरफान पठान ने एक्स पर लिखा, “श्रेयस और ईशान दोनों ही टैलेंटेड क्रिकेटर हैं। उम्मीद है वे वापसी करेंगे। यदि हार्दिक पांड्या रेड बॉल क्रिकेट नहीं खेलना चाहते तो क्या उन्हें और दूसरों को वॉइट बॉल के घरेलू टूर्नामेंट नहीं खेलने चाहिए, अगर वे उस समय भारतीय टीम का हिस्सा न हों। यदि यह नियम हर किसी पर एक जैसा लागू नहीं है तो फिर भारत मनचाहा रिजल्ट हासिल नहीं कर सकता।”

बता दें कि भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड ने सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट जारी किया था, जिसमें हार्दिक पांड्या को रिटेनरशिप में ग्रेड ए अनुबंध मिला। यह हैरान करने वाला था, क्योंकि किशन और श्रेयस अय्यर को सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट से बाहर रखा गया है। देखा जाए तो हार्दिक पांड्या से अधिक मैच इन दोनों ने खेले और रणजी ट्रॉफी खेलने से कतराने की वजह से बोर्ड ने एक्शन लिया। दूसरी ओर, हार्दिक पांड्या लंबे समय से डोमेस्टिक नहीं खेल रहे हैं, लेकिन उनपर एक्शन नहीं लिया गया।

गौरतलब है कि बीसीसीआई के सेंट्रेल कॉन्ट्रैक्ट में आमतौर पर ग्रेड ए प्लस में शामिल खिलाड़ियों को 7 करोड़, ए ग्रेड में शामिल खिलाड़ियों को 5 करोड़, ग्रेड बी में 3 करोड़ तो वहीं ग्रेड सी में शामिल खिलाड़ियों को 1 करोड़ के दायरे में रखा जाता है। ये राशि इस साल बढ़ भी सकती है। हालाँकि इस साल की फीस का जिक्र नहीं किया गया है।

वसीम से दोस्ती करो और उसके साथ घूमो: अलवर में साथ रह रहीं मुस्लिम छात्राएँ 2 बहनों पर धर्मांतरण का बनाती थीं दबाव, बोलती थीं- पैसे मिलेंगे, तीनों गिरफ्तार

राजस्थान के अलवर में कॉलेज में पढ़ने वाली दो बहनों का इस्लाम में धर्मांतरण करने का दबाव डालने का मामला प्रकाश में आया है। ये दबाव उनके साथ किराए के मकान में रहने वाली काजल उर्फ बबीता जाटव और सकीना मेव नाम की दो लड़कियाँ बना रही थीं। ये लड़कियाँ दोनों बहनों को वसीम नाम के लड़के से दोस्ती करने का भी दबाव डाल रही थीं। उनका कहना था कि इसके लिए पैसे मिलेंगे।

काजल और सकीना के दबाव से तंग आकर दोनों बहनों ने 27 फरवरी 2024 को अलवर के कोतवाली थाने में शिकायत दर्ज कराई। इसके बाद मामला दर्ज करके पुलिस ने तीनों आरोपितों को हिरासत में ले लिया है। पुलिस उनसे पूछताछ कर रही है। पुलिस का कहना है कि इस मामले में ये भी पता करने की कोशिश की जा रही है कि इसमें कोई धर्मांतरण गैंग शामिल है या नहीं।

पीड़ित युवतियों का ये भी कहना है कि उनकी दोनों सहेलियाँ वसीम नाम के मुस्लिम युवक से दोस्ती करने और उसके साथ कॉलेज आने-जाने और दूसरे जगहों पर घूमने-फिरने जाने का दबाव बनाती हैं। उनका कहना है कि उन पर धर्म परिवर्तन करके मुस्लिम लड़कों से निकाह करने का भी वे दबाव बनाती थीं। इतना ही नहीं, उनकी बात नहीं मानने पर ये लड़कियाँ उन्हें जान से मारने की धमकी भी देती थीं।

वहीं, वसीम उनका पीछा भी करता था। वसीम और कुछ मुस्लिम लड़के उन्हें फोन करते थे और दोस्ती करने का दबाव बनाते थे। रिपोर्ट में बहनों ने बताया कि दूसरे समुदाय की ये लड़कियाँ कहती थीं कि वे मुस्लिम समुदाय के लड़कों से दोस्ती करती हैं तो वे उन्हें पैसे भी देंगे। बहनों का कहना है कि रास्ते में आते-जाते ये लड़कियाँ कुछ लड़कों को उनके पीछे लगा देती हैं।

जिला पुलिस अधीक्षक आनंद शर्मा ने बताया कि 27 तारीख को दो लड़कियाँ थाना कोतवाली आईं। उन्होंने पुलिस को बताया कि वे कॉलेज में पढ़ती है और किराए पर कमरा लेकर अलवर शहर में रहती है। उनकी दो रूममेट्स उन पर दबाव बनाती है कि वसीम नामक के लड़के के साथ दोस्ती करो, उसके साथ बाहर घूमने जाओ और शादी करके धर्म परिवर्तन कर लो।

एसपी ने बताया कि घटना की गंभीरता देखते हुए मामले की जाँच CO सिटी नारायण सिंह को सौंपी गई है। उन्होंने दोनों पीड़ित बहनों की बयान लिए और उनकी काउंसिलिंग कराई। उन्होंने कहा कि अब ये मालूम करने का प्रयास किया जा रहा है कि मामले में और कोई तो शामिल नहीं है। यदि ऐसा पाया जाता है तो उसके खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।

सोलर पैनल वाले 1 करोड़ घर, ₹78000 तक सब्सिडी, 300 यूनिट बिजली फ्री, 17 लाख को रोजगार: मोदी सरकार ने ‘PM सूर्य घर’ पर लगाई मुहर, जानिए सब कुछ

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अगुवाई में केंद्रीय कैबिनेट की बैठक हुई। इस बैठक में कई अहम फैसले लिए गए, जिसमें सबसे अहम फैसला पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना पर लिया गया। केंद्र सरकार ने इस योजना पर मुहर लगा दी है। इस योजना के तरह 75 हजार करोड़ से अधिक का निवेश भारत सरकार करेगी। इसके तहत 1 करोड़ घरों की छतों पर सोलर पैनल लगाए जाएँगे।

पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत एक करोड़ घरों को 300 यूनिट्स की बिजली मुफ्त दी जाएगी। इस योजना के तहत 2 किलोवाट सिस्टम्स के रेसिडेंशियल रुफटॉप सोलर के लिए कुल सिस्टम्स के लागत का 60 फीसदी रकम की केंद्रीय वित्तीय मदद भी दी जाएगी। 2 से 3 किलोवाट के सिस्टम की लागत का 40 प्रतिशत हिस्सा सरकार देगी। सरकार एक किलोवाट सिस्टम्स पर 30,000 रुपये की सरकार सब्सिडी देगी, 2 किलोवाट पर 60,000 रुपये और 3 किलोवाट सिस्टम्स पर 78000 रुपये तक की सब्सिडी मिलेगी।

17 लाख से ज्यादा रोजगार के अवसर

पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के जरिए हाउसहोल्ड्स बिजली बिल बचत करने के साथ डिस्कॉम को सरप्लास पावर बेचकर कमाई भी कर सकेंगे। 3 किलोवाट के रुफटॉप सोलर सिस्टम्स के जरिए 300 यूनिट्स तक औसतन बिजली उत्पादन किया जा सकेगा। इस योजना के जरिए रेसिडेंशियल सेक्टर में 30 गीगावाट सोलर कैपिसिटी की क्षमता तैयार हो सकेगी, जिससे अगले 25 वर्षों के रुफटॉप सोलर सिस्टम्स के लाइफ के दौरान जिससे 720 मिलियन टन कार्बन उत्सर्जन को कम किया जा सकेगा। सरकार ने बताया कि पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के जरिए 17 लाख डायरेक्ट जॉब मैन्युफैक्चरिंग, लॉजिटिक्स, सप्लाई चेन, सेल्स, इंस्टॉलेशन, ओ एंड एम और दूसरे सर्विसेज में पैदा किया जा सकेगा।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में कैबिनेट की बैठक में उर्वरकों पर 24,420 करोड़ रुपए की सब्सिडी का फैसला लिया गया है, जिससे करोड़ों किसान को फायदा होगा। सरकार ने कहा है कि डीएपी 1,350 रुपये प्रति क्विंटल के दाम पर मिलती रहेगी। सूचना एवं प्रसारण मंत्री अनुराग ठाकुर ने मंत्रिमंडल में लिए गए इस फैसले की संवाददाताओं को जानकारी दी। उन्होंने कहा, “एक अप्रैल से 30 सितंबर तक के खरीफ सत्र 2024-25 के लिए पीएंडके उर्वरकों पर 24,420 करोड़ रुपये की पोषक तत्व-आधारित सब्सिडी को मंजूरी दी गई है।”

सेमीकंडक्टर इंडस्ट्री पर जोर

सरकार ने बृहस्पतिवार (29 फरवरी 2024) को 1.26 लाख करोड़ रुपये के अनुमानित निवेश के साथ गुजरात और असम में तीन सेमीकंडक्टर संयंत्र स्थापित करने के प्रस्तावों को मंजूरी दे दी। केंद्रीय मंत्रिमंडल के प्रस्तावों को मंजूरी देने के बाद दूरसंचार मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि तीनों इकाइयों का निर्माण अगले 100 दिन में शुरू हो जाएगा।इस बैठक में कई अन्य अहम फैसले भी लिए गए।

टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स प्राइवेट लिमिटेड ताइवान की पावरचिप सेमीकंडक्टर मैन्युफैक्चरिंग कॉर्प (पीएसएमसी) के साथ साझेदारी में एक सेमीकंडक्टर फैब स्थापित करेगी। इस संयंत्र की स्थापना गुजरात के धोलेरा में की जाएगी। इसमें 91,000 करोड़ रुपये का निवेश होगा। टाटा सेमीकंडक्टर असेंबली एंड टेस्ट प्राइवेट लिमिटेड 27,000 करोड़ रुपये के निवेश से असम के मोरीगाँव में एक सेमीकंडक्टर संयंत्र स्थापित करेगी। सीजी पावर – जापान की रेनेसा इलेक्ट्रॉनिक्स कॉरपोरेशन और थाइलैंड की स्टार्स माइक्रोइलेक्ट्रॉनिक्स के साथ मिलकर गुजरात के साणंद में एक सेमीकंडक्टर संयंत्र लगाएगी। साणंद संयंत्र में 7,600 करोड़ रुपये का निवेश होने का अनुमान है।

अब अंबानी परिवार में नहीं होगा मुकेश-अनिल जैसा झगड़ा? बोले अनंत- मेरे लिए बहन माता जैसी, भाई राम… हम फेवीक्विक से जुड़े

मुकेश अंबानी के छोटे बेटे अनंत अंबानी इन दिनों खूब चर्चा में है। हाल में उन्होंने इंडिया टुडे के राहुल कंवल को इंटरव्यू दिया था। इस वीडियो में उन्होंने कई जगह ऐसी बातें कहीं जो अब भारत के लोगों का दिल जीत रही हैं। इस वीडियो में उन्होंने पशु प्रेम से लेकर हिंदू धर्म और गणेश भगवान में अपनी आस्था के बारे में बात की। उन्होंने कहा कि आज जो कुछ भी उन लोगों के पास उसके निर्माणकर्ता उनके पिता मुकेश अंबानी हैं और माँ से उन्होंने ये सीखा है कि कैसे बेजुबानों की सेवा करके पुण्य कमाया जा सकता है। साथ ही बड़ी सहजता से ये बताया कि उनका रिश्ता उनके अपने भाई बहनों के साथ कैसा है।

44 मिनट के वीडियो में इंटरव्यू के दौरान 31 मिनट के पास जब उनसे पूछा गया कि उनके पिता और चाचा के बीच जो दरार आई, उसे लेकर क्या उन्हें कभी कोई चिंता सताती है। इस पर उन्होंने कहा, “मुझे बिलकुल ऐसी कोई चिंता नहीं है। मेरा भाई मेरा राम है। मेरी बहन मेरे लिए माता रानी के समान है। हमेशा ये लोग मेरी रक्षा करते हैं। ये लोग जैसा कहेंगे वैसा ही करूँगा। अगर हम एक दूसरे पर विश्वास रखेंगे तो कभी कोई तुलना नहीं होगी। हम फेवीक्विक जैसे एक दूसरे से जुड़े हुए हैं। अगर आप आगे-पीछे वाले लोगों का सुनोगे तो कॉम्पिटिशन होगा। अगर विश्वास रहेगा तो ऐसा कुछ नहीं होगा।”

वीडियो में अनंत ने बताया कि वो गणेश भगवान के बहुत बड़े भक्त हैं। वनतारा के जरिए हाथियों की सेवा करते हैं और इस सेवा को वो गणेश भगवान को समर्पित करते हैं। वीडियो में उन्होंने बताया कि जैसे वो भगवान गणेश के भक्त हैं वैसे ही उनका भाई शिव भगवान का बहुत बड़ा भक्त हैं। उनकी दादी भी शिव भक्त थीं और नानी की भी भगवान में खूब आस्था थी। उन्होंने बताया कि उनकी माँ नीता अंबानी नवरात्रियों पर आज भी उपवास करती हैं। घर के सभी सदस्यों को सनातनी होने पर बहुत गर्व है।

बता दें कि अनंत अंबानी और राधिका मर्चेंट की शादी से पूर्व पूरा अंबानी परिवार जामनगर में आकर लगातार धर्म-कर्म के कार्यों में जुटा है। उन्होंने हाल में जामनगर में 14 मंदिरों का निर्माण करवाया है। इसके अलावा उन्होंने प्री वेडिंग की जो शुरुआत की है उसे भी अन्न सेवा से की है। इसके लिए उन्होंने 51 हजार लोगों को बिठाकर भोजन करवाया।

बम बनाते उड़ गया हाथ, अब्दुल करीम से बन गया ‘टुंडा’: कोर्ट ने 1993 के सीरियल ब्लास्ट में किया बरी, इरफान और हमीदुद्दीन दोषी करार

आतंकी अब्दुल करीम टुंडा को 6 दिसम्बर, 1993 को हुए धमाकों के मामले में बरी कर दिया गया है। टुंडा को अजमेर की एक TADA कोर्ट ने बरी किया है। कोर्ट ने उसके खिलाफ पर्याप्त सबूत ना होने की बात कही है। वह वर्तमान में अपने खिलाफ चल रहे अन्य मामलों में सजा काट रहा है।

टुंडा पर 5-6 दिसम्बर, 1993 यानी बाबरी मस्जिद विध्वंस के एक वर्ष पूरे होने पर कोटा, लखनऊ, मुंबई, कानपुर, हैदराबाद और सूरत की ट्रेनों में सीरियल धमाके करने का आरोप था। इस मामले में टुंडा पर सारी प्लानिंग करने आरोप था। हालाँकि, उसे आज महावीर प्रसाद गुप्ता की एक अदालत ने बरी कर दिया। यह धमाके राजधानी एक्सप्रेस और अन्य सुपरफास्ट ट्रेनों में हुए थे। इसी मामले में आतंकी इरफ़ान और हमीदुद्दीन को दोषी करार दिया गया है।

सरकारी वकील ने बताया है कि फैसला पढ़ने के बाद यह स्पष्ट रूप से जाना जा सकेगा कि टुंडा को क्यों बरी किया गया है। टुंडा 2013 में नेपाल सीमा से गिरफ्तार किया गया था और वह तब से अलग अलग मामलों में जेल में बंद है। उस पर 40 से अधिक धमाकों में शामिल होने का आरोप है। वह लश्कर ए तैयबा और आतंकी दाऊद इब्राहिम से भी जुड़ा रहा है।

टुंडा की उम्र वर्तमान में 80 साल है। टुंडा गाजियाबाद के पिलखुवा का रहने वाला है। टुंडा इससे पहले कई काम कर चुका है। वह होम्योपैथिक दवाई से लेकर कबाड़ बेचने और कपड़े बेचने तक धंधा कर चुका है। बताया जाता है कि 1980 के बाद वह आतंकी सगठनों के सम्पर्क में आया। टुंडा 1993 में पाकिस्तान में ISI की ट्रेनिंग लेने भी जा चुका है।

टुंडा के हाफिज सईद से भी लिंक बताए जाते हैं। टुंडा कुछ सालों तक पाकिस्तान में भी रहा है। टुंडा को कई मामलों में छोड़ा जा चुका है। हालाँकि, उसे 2017 में सोनीपत की एक अदालत ने एक धमाके के मामले में आजीवन कारावास की सजा सुनाई थी। टुंडा कई मामलों में बरी किया जा चुका है।

अब्दुल करीम टुंडा देश के कई इलाकों में धमाकों में आरोपित है। वह वर्तमान में गाजियाबाद जेल में सजा काट रहा है। उसके नाम के पीछे की भी एक कहानी है। उसका असल नाम सैयद अब्दुल करीम टुंडा ही है। बताया जाता है कि एक बार बम बनाते हुए वह उसके हाथ में ही फट गया था। इस धमाके में उसका हाथ उड़ गया था और वह एक हाथ का ही रह गया। इसके बाद उसका नाम टुंडा ही पड़ गया और वह इसी नाम से जाना जाने लगा।

थू-थू होने के बाद TMC ने शाहजहाँ शेख को पार्टी से निकाला, पर केस उसी CID को दी जो संदेशखाली की रिपोर्टिंग करने वाले पत्रकार के खिलाफ कर रही जाँच

संदेशखाली की महिलाओं से यौन उत्पीड़न करने के आरोपित शाहजहाँ शेख के मामले को लेकर पश्चिम बंगाल की ममता बनर्जी सरकार की फजीहत हो रही है। अब इस फजीहत से बचने के लिए तृणमूल कॉन्ग्रेस (TMC) ने शाहजहाँ शेख को छह साल के लिए पार्टी से निकाल दिया है। इसके साथ उसके मामले की जाँच बंगाल पुलिस की CID ब्रांच को सौंप दिया है।

तृणमूल कॉन्ग्रेस के नेता डेरेक ओ ब्रायन ने गुरुवार (29 फरवरी 2024) को कोलकाता में कहा, “टीएमसी ने शेख शाहजहाँ को छह साल के लिए पार्टी से निलंबित करने का फैसला किया है।” इस दौरान उन्होंने भाजपा पर भी निशाना साधा और कहा कि एक पार्टी है जो सिर्फ बातें करती है, जबकि टीएमसी कार्रवाई करती है।

बता दें कि शाहजहाँ शेख को बंगाल पुलिस ने गुरुवार (29 फरवरी) की सुबह नॉर्थ 24 परगना के मीनाखान इलाके से उसे गिरफ्तार किया था। लगभग 55 दिन से फरार शेख को बशीरहाट कोर्ट में पेश किया गया, जहाँ से उसे 10 दिन की पुलिस रिमांड में भेज दिया गया है। वहीं, भाजपा ने आरोप लगाया है कि केंद्रीय एजेंसियों की गिरफ्तारी से बचाने के लिए बंगाल पुलिस ने हिरासत में लिया और उसे हर तरह की सुख-सुविधा उपलब्ध करा रही है।

वहीं, कलकत्ता हाईकोर्ट सोमवार (4 मार्च 2024) को संदेशखाली मामले की जाँच CBI को सौंपे जाने की याचिका पर सुनवाई करेगा। साउथ बंगाल के ADG सुप्रतिम सरकार ने बताया कि इस गिरफ्तारी में सेक्शुअल असॉल्ट का कोई मामला नहीं है। शाहजहाँ के खिलाफ कई मामले दर्ज किए गए हैं। हाल ही में दर्ज हुए मामले 2-3 साल पहले की घटनाओं के हैं और इनकी जाँच-पड़ताल में समय लगेगा।

इस बीच शेख शाहजहाँ के खिलाफ दर्ज मामलों की जाँच पश्चिम बंगाल आपराधिक जाँच विभाग (सीआईडी) को सौंपी गई है। एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, “हम उनके (शाहजहाँ शेख के) खिलाफ मामलों की जाँच करेंगे। उन्हें पूछताछ के लिए भवानी भवन (बंगाल पुलिस मुख्यालय) लाया गया है।”

शाहजहाँ को 5 जनवरी 2024 को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के अधिकारियों पर हमले से संबंधित दो मामलों में गिरफ्तार किया गया है। ये अधिकारी राशन घोटाले के संबंध जाँच के लिए उसके आवास पर गए थे। इसी दौरान उन पर हमला हुआ था। अधिकारियों ने बताया, “उस पर 147 (दंगा) और 307 (हत्या का प्रयास) सहित भारतीय दंड संहिता (IPC) की विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया गया था।”

बता दें कि राज्य की सीआईडी ​​रिपब्लिक बांग्ला के पत्रकार संटू पान के खिलाफ भी एक मामले की जाँच कर रही है। उन्हें 19 फरवरी को शाहजहाँ शेख के खिलाफ रिपोर्टिंग के लिए गिरफ्तार किया गया था। हालाँकि, 22 फरवरी को कलकत्ता हाई कोर्ट ने उन्हें जमानत दे दी थी। हाई कोर्ट के अनुसार, रिपोर्टर संटू पान के खिलाफ लगाए गए आरोपों को पर्याप्त रूप से स्पष्ट नहीं किया गया है।

कोर्ट ने ममता बनर्जी की सरकार की कड़ी आलोचना की और पूछा, “इस एफआईआर को रद्द क्यों नहीं किया जाना चाहिए?” इसमें कहा गया, “पुलिस अधिकारियों के लिए खेद है। आप असली दोषियों को नहीं पकड़ पाए हैं। आप एक निर्दोष पत्रकार के पीछे पड़े हैं, जबकि जो लोग पकड़े नहीं गए वे कानून का मखौल उड़ा रहे हैं। आप अपनी सारी ऊर्जा इस निर्दोष पत्रकार के पीछे लगाना चाहते हैं।”

इसके अलावा, एबीपी आनंद के कार्यकारी उपाध्यक्ष सुमन डे को भी राज्य की सीआईडी ने कथित तौर पर आम ग्रामीणों को भड़काने के लिए तलब किया था। हालाँकि, कलकत्ता उच्च न्यायालय ने 26 फरवरी 2024 को इस पत्रकार के खिलाफ एफआईआर और सभी कार्रवाई पर रोक लगा दी और कहा कि रिपोर्टिंग की गलती में वास्तविक अपराध नहीं बनता।

हॉस्टल में बुलाया, नंगा घुमाया, 3 दिनों तक रखा भूखा-प्यासा… टॉयलेट में मिला जिस छात्र का शव उसे टॉर्चर करने का आरोप SFI के गुंडों पर, 6 गिरफ्तार

केरल के वायनाड में एक 20 वर्षीय छात्र जे एस सिद्धार्थ ने आत्महत्या कर ली। इस मामले में वामपंथी छात्र नेताओं पर मृतक को नग्न घुमाने, मारने पीटने, बेइज्जत करने और आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप लगे हैं। पुलिस ने इस मामले में 6 छात्रों को गिरफ्तार किया है। छात्र के पिता ने स्टूडेंट फेडरेशन ऑफ़ इंडिया (SFI) के छात्र नेताओं पर हत्या के आरोप लगाए हैं।

जानकारी के अनुसार, 18 जनवरी, 2024 को वायनाड के एक कॉलेज में पशु विज्ञान की पढ़ाई करने वाले छात्र जे एस सिद्धार्थ ने आत्महत्या कर ली थी। सिद्धार्थ को कॉलेज हॉस्टल के एक टॉयलेट में लटकता पाया गया था। इसके बाद सिद्धार्थ की पोस्टमॉर्टेम रिपोर्ट में कई खुलासे हुए। रिपोर्ट में बताया गया कि मौत से पहले सिद्धार्थ को बुरी तरीके से मारा पीटा गया था। उसका पेट खाली था और शरीर पर घाव थे।

इसके बाद पुलिस ने इस मामले में अप्राकृतिक मौत का मामला दर्ज किया। इस मामले में 12 छात्रों को कॉलेज से निलंबित भी कर दिया गया। निलंबित किए जाने वालों में SFI के वामपंथी छात्र नेता भी हैं। सिद्धार्थ के पिता जयप्रकाश ने बताया है कि उनके बेटे को वामपंथी छात्रों ने काफी प्रताड़ित किया।

उन्होंने बताया कि सिद्धार्थ ने 14 फरवरी (वैलेंटाइन डे) के दिन एक छात्रा के साथ डांस किया था। वामपंथी छात्र इससे खीझ गए थे। वह अगले दिन घर लौटने वाला था। लेकिन इन SFI नेताओं ने बेटे को हॉस्टल में बुलाकर प्रताड़ित करना चालू किया। तीन दिनों तक लगातार उसे प्रताड़ित किया गया। उसे खाना पीना नहीं दिया गया। उसे रॉड से पीटा गया। उसको नंगा करके हॉस्टल में घुमाया गया और बेइज्जत किया गया। इसके बाद सिद्धार्थ के आत्महत्या की खबर आई।

सिद्धार्थ के पिता ने आरोप लगाया कि उसकी मौत की खबर से दो घंटे पहले उसने फ़ोन किया था। उसने आत्महत्या नहीं की बल्कि उसे मार कर लटकाया गया है। पुलिस ने इस मामले में 6 छात्रों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार किए गए छात्रों के नाम बिलगेट जोशुआ, एस अभिषेक, दोंस्दाई, रहना बिनॉय, एसडी आकाश और आरडी श्रीहरी हैं। पुलिस ने इस मामले में FIR दर्ज करते हुए 12 छात्रों को मुख्य आरोपित बनाया हैं। कई आरोपित अभी भी फरार हैं जिनमें SFI के छात्रनेता शामिल हैं।

मृतक सिद्धार्थ के पिता का कहना है कि आरोपित छात्र सत्ताधारी वामपंथी संगठनों से जुड़े हुए हैं इसलिए इस मामले में कार्रवाई नहीं की जा रही। आज (29 फरवरी, 2024) को इस मामले के एक मुख्य आरोपित अखिल को आज पलक्कड से गिरफ्तार किया है। इस मामले में केरल में विपक्षी दलों ने भी सरकार पर ढिलाई बरतने का आरोप लगाया है।