यूपी में कॉन्ग्रेसी भी योगी सरकार के ख़िलाफ़ प्रदर्शन करते हुए सड़कों पर निकल गए। लेकिन उत्तर प्रदेश विधानसभा के बाहर कॉन्ग्रेस के झंडे लेकर पहुँचे कार्यकर्ताओं ने तब भागना शुरू कर दिया, जब यूपी पुलिस ने लाठियों से उन्हें जम कर पीटा। सोशल मीडिया पर इसका वीडियो भी वायरल हो गया।
''सप्ताहांत के दिनों में यह 22,430 हो गई है। अमेरिका के न्यू यॉर्क में स्टैच्यू ऑफ लिबर्टी को देखने रोजाना 10000 पर्यटक पहुँचते हैं। पर्यटकों की संख्या में औसतन 74 फीसदी वृद्धि हुई है और अब दूसरे साल के पहले महीने में पर्यटकों की संख्या औसतन 15036 पर्यटक प्रतिदिन हो गई है।"
'द न्यूजरूम' जैसे अमेरिकी टीवी शो में NDTV के नाम का मजाक उड़ाया जाना एक ऐसा कारनामा था, जिसने लोगों का काफी ध्यान खींचा, NDTV का भी। इसके बाद NDTV का वापस से प्रतिष्ठा हासिल करना असंभव सा लगता है।
के विजय कुमार को बहुचर्चित चन्दन तस्कर वीरप्पन को मार गिराने के लिए जाना जाता है। उन्होंने तमिलनाडु पुलिस की उस स्पेशल टास्क फ़ोर्स का नेतृत्व किया था, जिसने दशकों तक कई राज्यों की पुलिस को छकाने वाले वीरप्पन को 2004 में मार गिराया था।
सऊदी नागरिक मोहम्मद सईद अलशरामनी के रूप में पहचाने जाने वाले इस शख्स ने पेनसाकोला के नेवल एयर स्टेशन में एक क्लासरुम के अंदर आग लगा दी। उसके बाद उसने गोलीबारी करते हुए...
ऑटो के नजदीक पहुँचने पर जंगल के अंदर से बच्ची के रोने की आवाज़ आई। आवाज़ सुनते ही परिजन रात के अँधेरे में मोबाइल का टॉर्च जला कर उस तरफ़ दौड़ पड़े। लोगों की आवाज़ सुन कर आरोपित वहाँ से भाग निकला।
आयुध कारखानों द्वारा आपूर्ति की जा रही गोला-बारूद की खराब गुणवत्ता के कारण होने वाले हादसों पर सेना ने आवाज उठाई। इनमें 41 आयुध कारखानें ऐसे हैं, जिनके वार्षिक बजट 15,000 करोड़ रुपए से अधिक हैं। सेना ने रक्षा मंत्रालय को बताया कि औसतन हर सप्ताह गोला-बारूद से जुड़े एक हादसे हो रहे, जो...
23 वर्षीय पीड़िता के साथ ये घटना तब हुई, जब वह रायबरेली कोर्ट में सुनवाई के लिए जा रही थीं। पीड़िता ने मरने से कुछ देर पहले अपने भाई से कहा था- "भैया, बचा लो! मैं मरणा नहीं चाहती। जिन्होंने मेरे साथ ग़लत किया है, उन्हें मैं मौत की सज़ा पाते देखना चाहती हूँ।"
पीड़िता हीना को ग्रामप्रधान सुहीर सिंह पटेल की बेटी की शादी में नाचने के लिए बुलाया गया था। हीना की साथी डांसर ने बताया कि वो दोनों म्यूजिक सिस्टम के ठीक होने का इंतजार कर रही थीं, तभी आरोपित ने हीना के चेहरे को लक्ष्य बना कर गोली चला दी।
1991 के बाद यह पहला मामला है जब CJI ने एक CBI को हाई कोर्ट में कार्यरत किसी न्यायमूर्ति के खिलाफ FIR दर्ज करने की अनुमति दी। जस्टिस एस एन शुक्ला पर PIMS के पक्ष में निर्णय देने के लिए भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगे हैं।