मैनपुरी पुलिस ने आधिकारिक ट्विटर अकाउंट से प्रियंका गाँधी की फ़र्ज़ी ख़बर का खंडन किया है। कहा कि उन्होंने बेवजह इस मुद्दे को जातिवादी रंग दिया। दो पक्षों के बीच जो झड़प हुई थी वो राजपूत परिवार के बीच हुई थी।
पिछले दिनों जॉंच में नमृता के कपड़ों और शरीर पर किसी पुरुष डीएनए के सैंपल मिलने की बात सामने आई थी। आखिरी पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने भी उसकी हत्या किए जाने की बात पर मुहर लगा दी है।
शिवसेना सांसद संजय राउत का कहना है कि वो महाराष्ट्र के राज्यपाल से मिल चुके हैं। रिपब्लिकन पार्टी ऑफ़ इंडिया के रामदास अठावले भी राज्यपाल से मिल चुके हैं। अगर अब बीजेपी नेता राज्यपाल से मिलकर सरकार बनाने का दावा करने जा रहे हैं, तो उन्हें सरकार बनानी चाहिए।
"अगर सरकार से उन्हें परमिशन नहीं दी गई तो वह तय कार्यक्रम से एक दिन पहले आठ नवम्बर को वाघा स्थित भारत-पाक सीमा से पाकिस्तान जाएँगे, रात को गुरूद्वारे में ठहर कर अगले कार्यक्रम में सम्मिलित होंगे और फिर अगले दिन गलियारे के ज़रिए भारत वापस आएँगे।"
5 नवंबर बीत जाने के बाद कॉन्ग्रेस नींद से उठी और यह ध्यान आया कि उन्होंने एक और अंतिम तिथि में चूक कर दी। इसके बाद ट्विटर पर यूज़रों ने मौका नहीं गँवाया कॉन्ग्रेस को उसके पूर्व अध्यक्ष से भी बड़ा मज़ाक बताने में, एक ने लिखा कि जल्दी क्या है, अभी तो नया साल पड़ा हुआ है.....
समय आ गया है कि पोलिटिकल साइंटिस्ट का ढोंग करने वाले प्रोपेगंडाबाजों को मान लेना चाहिए कि बहुंसख्यकों की प्रकृति ही सेक्युलर मानी जाती है। अनगिनत पंथों में फैले हुए हिन्दू धर्म ने हमेशा आस्था, विचारधारा, पंथ और मान्यताओं के लिए छतरी का काम किया है। जबकि......
पिछले साल 18 दिसंबर को दिल्ली हाई कोर्ट ने निचली अदालत के 2013 के फैसले काे पलटते हुए सज्जन कुमार को 1984 के सिख विरोधी दंगों के एक मामले में आजीवन कारावास की सजा सुनाई थी।
"बाबरी मस्जिद, कानून और न्याय की नजर में एक मस्जिद थी। करीब 400 साल तक मस्जिद थी। शरीयत के हिसाब से वो आज भी मस्जिद है। सत्ता और ताकत के दम पर उसे कोई भी रूप दे दिया जाए कयामत तक वह मस्जिद ही रहेगी।"
राम मंदिर के पक्ष में फैसला आने की उम्मीद और आतंकवादी हमले की आशंका के बीच परिक्रमा बुधवार सुबह पूरी हुई। अब प्रशासन गुरुवार को होने वाली पंचकोसी परिक्रमा की तैयारी में जुटा है। अनुमान है कि 20 लाख श्रद्धालु इसमें हिस्सा लेंगे।
पवार ने सरकार बनाने के लिए शिवसेना के साथ कॉन्ग्रेस-एनसीपी की अटकलों पर विराम लगा दिया है। उन्होंने कहा है कि राष्ट्रपति शासन से बचने का एकमात्र विकल्प यह है कि भाजपा-शिवसेना मिलकर सरकार बनाएँ।