ऐसे आरोपों के उफनने का एक कारण यह है कि लिबरल गैंग के पास हिन्दुओं के खिलाफ बोलने के लिए और कोई आधार नहीं बचा है। न ही कोई हनुमान चालीसा पढ़ते हुए छाती पर बम बाँधकर धमाके कर रहा है, न ही ‘जय श्री राम’ बोलकर कहीं 26/11, 9/11 जैसे हमले कर रहा है।
विश्व भर में मशहूर इस शो में दुनिया की जानी-मानी कई हस्तियाँ अभी तक अपनी उपस्थिति दर्ज करवा चुकी हैं। अब इसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का भी नाम शामिल हो गया है। इससे पहले इस शो में अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति बराक ओबामा भी भाग ले चुके हैं।
राज्य के 10 नए विधायकों ने अपने स्टाफ में क्लर्क के तौर पर सरकारी स्कूल के शिक्षकों की नियुक्ति की है। और तो और, क्लर्क के रूप में नियुक्त इन शिक्षकों का वेतन भी विधायक ही तय करेंगे। इनमें से 9 विधायक कॉन्ग्रेस के हैं जबकि एक बीजेपी के।
पुलिस द्वारा मामले की सच्चाई का पर्दाफाश करने के बाद पता चल चुका है कि बच्चा जय श्री राम के नारे वाली बात झूठ बोल रहा है। वो अलग-अलग बयान दे रहा है। पुलिस के मुताबिक बच्चे को देखकर लग रहा है जैसे उसे किसी ने ये सारी बातें सिखाई हैं।
"मैं किसी के ख़िलाफ़ बदले की राजनीति के साथ काम नहीं करता, आगे भी नहीं करूँगा। हमारी सरकार किसानों के लिए काम करना चाहती है, इसलिए मैं सभी से अपील करता हूँ कि सरकार के विश्वास मत प्रस्ताव का समर्थन करें।"
25 जुलाई को लोकसभा में ट्रिपल तलाक बिल पर पर चर्चा के दौरान सदन की अध्यक्षता कर रहीं बीजेपी सांसद रमा देवी पर सपा नेता आज़म ख़ान ने अभद्र टिप्पणी की थी। भद्दी टिप्पणी से अध्यक्षता कर रहीं सांसद थोड़ी देर के लिए असहज हो गई थीं।
NCP में इस्तीफ़ों का दौर भी जारी है। 26 जुलाई को पार्टी की महिला विंग की अध्यक्ष चित्रा वाघ ने पार्टी के अंधकारमय भविष्य को देखते हुए इस्तीफ़ा दिया था। वहीं, पार्टी के मुंबई प्रमुख सचिन अहीर ने पहले ही शिवसेना का दामन थाम लिया था।
आरोपित सौरभ शुक्ला लगातार फोन और इंटरनेट के जरिए पाकिस्तान में बैठे आतंकी संगठन के आकाओं के संपर्क में रहता था। साथ ही इनसे अलग-अलग बैंक खाताओं में पैसे मंगवाकर आतंकियों तक सप्लाई करता था।
मुख्तार की पत्नी ने पूछताछ के दौरान स्वीकारा कि उसने अपनी बेटियों को बचाने के लिए पहले मुख्तार को शराब पिलाई, फिर खाने में नशे की गोलियाँ दी और फिर बेहोश होने पर उसने प्लॉस्टिक की रस्सी से उसका (मुख्तार) गला घोंटकर मार दिया।
"विधायक गीता गोपी के खिलाफ जातिवादी भेदभाव चौंकाने वाला है। यह आपराधिक और बेहद निंदनीय है कि कॉन्ग्रेस कार्यकर्ताओं ने उस स्थान पर गाय का गोबर-मिश्रित पानी डाला, जहाँ लोकतांत्रिक ढंग से विरोध-प्रदर्शन किया गया।"