कुलभूषण जाधव का केस मात्र 1 रुपए की फीस में लड़ने वाले हरीश साल्वे ने हैदराबाद के निज़ाम वाले मामले में ब्रिटेन कोर्ट के द्वारा भारत के पक्ष में सुनाए गए फ़ैसले की भी तारीफ़ की। उनका कहना था कि पाकिस्तान के द्वारा इस मामले पर अब तक जो दावा किया जा रहा था, वो पूरी तरह से ग़लत था।
"जब हमला हुआ तो हॉल में 17 छात्र थे। सभी सो रहे थे। हमलावर चुपचाप कमरे में पहुँचे और छात्र का गला रेतने के अलावा उसे चाकू घोंपा। आवाज़ें सुनकर एक दूसरा छात्र जाग गया और उसने मदद के लिए शोर मचाना शुरू किया तो हमलावरों को भागना पड़ा।"
एएसआई की रिपोर्ट पर सुप्रीम कोर्ट के सवालों का साफ-साफ जवाब नहीं दे पाईं मुस्लिम पक्ष की वकील मीनाक्षी अरोड़ा। कमल के निशान, खुदाई में वराह की मूर्ति मिलने जैसे कई सबूतों पर अदालत ने पूछे थे सवाल। अष्टकोणों को भी हिन्दू धर्म का मानने से कर दिया इनकार।
जब प्रधानमंत्री के भाषण के समय दूरदर्शन पोडिगई टीवी पर एक तमिल गाना और नाटिका प्रसारित हो रहे थे। उस समय मोदी IIT-मद्रास के 56वें दीक्षांत समारोह और इस दौरान हुई सिंगापुर-भारत हैकिंग प्रतियोगिता के पुरस्कार वितरण समारोह में भागीदारी करने पहुँचे हुए थे।
मीडिया रिपोर्टों में इस फैसले से मंदी गहराने की आशंकता जताई गई थी। सरकार ने बताया है कि 11 सितंबर को मोदी द्वारा शुरू किया गया ‘स्वच्छता ही सेवा’ अभियान सिंगल-यूज़ प्लास्टिक का इस्तेमाल रोकने के लिए नहीं, बल्कि जागरूकता बढ़ाने और जनांदोलन के ज़रिए इसका इस्तेमाल बंद करने का है।
शफी और 5 अन्य लोग मसूद अहमद मट्टू, मोहम्मद मुजफ्फर शाह, गुलाम मोहम्मद, तौसीफ अहमद गंडना और सैयद अहमद का नाम एफआईआर (संख्या: 229/2019) में शामिल है और उन पर हिजबुल मुजाहिदीन के सक्रिय आतंकवादियों को शरण देने और उनकी आवाजाही की व्यवस्था को अंजाम देने का आरोप है।
24 सितम्बर को ऑपइंडिया ने इस मामले पर विस्तृत रिपोर्ट की थी। जिसमें हमने बच्चों के पिता गुलशेर से बात करके जाना कि शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने पहले उनसे कहा कि बच्चों का दाखिला होगा। लेकिन, एक महीने बाद उम्र ज्यादा बताकर एडमिशन देने से मना कर दिया गया।
पुलिस को संदेह है कि उनके सिर पर किसी भारी चीज से वार किया गया, जिससे उनकी मौत हो गई। फ़िलहाल डेड बॉडी को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है। कई वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने मौके पर पहुँच कर सबूत जुटाए।
पराशरण ने कहा कि अगर लोगों को विश्वास है कि किसी जगह पर दिव्य शक्ति है तो इसे न्यायिक व्यक्ति माना जा सकता है। उन्होंने कुड्डालोर मंदिर का उदाहरण देते हुए कहा कि वहाँ मंदिर में कोई मूर्ति नहीं है और केवल एक दीया जलता है जिसकी पूजा की जाती है।
"बड़े-बड़े रेस्तरां या होटलों में आने वाले ग्राहक बहुसंख्या में हिन्दू या गैर-मुस्लिम ही होते हैं लेकिन वे किसी ख़ास प्रकार (झटका या हलाल) पर जोर नहीं देते, जबकि मुस्लिम ग्राहक केवल हलाल पर ही जोर देते हैं। अतः इसे आर्थिक रूप से लाभकारी बनाने के लिए हिन्दुओं को ही जोर लगाना होगा।"