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यीशु की शरण में आओ, ईसा मसीह से छोटे हैं तुम्हारे देवी-देवता… नाम- कीर्ति केशरवानी, काम- लालच दे हिंदुओं को ईसाई बनाना: रायपुर में घर को बना रखा था ‘चर्च’, बीमार और गरीब थे मेन टारगेट

जशपुर राजघराने के प्रमुख एवं अखिल भारतीय घर वापसी के मुखिया प्रबल प्रताप सिंह जूदेव ने कहा कि मतांतरण एक विदेशी षड्यंत्र है। उन्होंने इसे सांस्कृतिक आतंकवाद बताते हुए इस पर जल्द-जल्द काबू किए जाने की जरूरत की बात कही। भाजपा नेता प्रबल प्रताप सिंह जूदेव ने कहा, "मिशनरी हमारे लिए स्लीपर सेल की तरह काम करते हैं। दोषियों को सजा देने के लिए एक कड़ा कानून बहुत जरूरी है।"

छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में हिंदुओं का धर्मांतरण के लिए आयोजित एक चंगाई सभा को लेकर जमकर हंगामा हुआ। चंगाई सभा में महिलाओं और बच्चों समेत 10 लोग मौजूद थे। आरोप है कि पादरी ने इस दौरान हिंदू देवी-देवताओं को लेकर अभद्र टिप्पणी की। धार्मिक भावना को ठेस पहुँचाने के आरोप में पुलिस ने पादरी कीर्ति कुमार केशरवानी, महारथी बंजारे और जीवन लाल साहू को गिरफ्तार कर लिया है।

दरअसल, हिंदू कार्यकर्ताओं को 26 जनवरी को सूचना मिली कि पंडरी थाना क्षेत्र के मितान विहार में चंगाई सभा का आयोजन किया गया है। इसमें लोगों का धर्मांतरण और हिंदू देवी-देवताओं का अपमान किया जा रहा है। इसके बाद हिंदू संगठनों से जुड़े कार्यकर्ता भारी संख्या में जुटकर घटनास्थल पर हंगामा करने लगे। सिटी एडिशनल एसपी लखन पटले को जानकारी मिली तो वे पुलिस बल के साथ मौके पर पहुँचे।

दैनिक भास्कर की ग्राउंड रिपोर्ट में आरोपितों के खिलाफ दर्ज FIR के हवाले से कहा गया है कि पादरी कीर्ति कुमार केशरवानी और उसके सहयोगी चंगाई सभा में हिंदू देवी-देवताओं को ईसा मसीह से छोटा बता रहे थे। वे लोगों से ईसा मसीह की शरण में आने के लिए उकसा रहे थे और कह रहे थे कि यीशु की शरण में आने से सारे दुख दूर हो जाते हैं। चंगाई सभा पादरी के किराए के मकान में चल रहा था।

स्थानीय लोगों का कहना है कि पिछले 9 सालों से यहाँ रह रहे पादरी ने मकान में अस्थाई चर्च बना रखा है। यहाँ पर लोगों को ईसाई धर्म अपनाने के लिए बहकाया और कई तरह से लालच दिया जाता है। लोगों का कहना है कि गरीब और बीमार हिंदुओं को ये लोग निशाना बनाते थे और उन्हें ईसाई धर्म अपनाने का लालच देते थे। वे कहते थे कि ईसाई बन जाने पर सभी समस्याओं का समाधान हो जाएगा।

घटना के दिन वे चार हिंदू परिवारों का ईसाई में धर्मांतरण करा रहे थे। कहा जा रहा है कि पादरी और उसके साथी केरल के बिलीवर्स ईस्टर्न चर्च से जुड़े हैं। सिविल लाइन CSP अजय कुमार ने बताया कि पादरी कीर्ति कुमार केशरवानी के खिलाफ माया अग्रवाल ने FIR दर्ज कराई है। उनके घर में हर रविवार को प्रार्थना सभा होती थी। उस प्रार्थना सभा में कई परिवार शामिल होने के लिए आते थे।

जशपुर राजघराने के प्रमुख एवं अखिल भारतीय घर वापसी के मुखिया प्रबल प्रताप सिंह जूदेव ने कहा कि मतांतरण एक विदेशी षड्यंत्र है। उन्होंने इसे सांस्कृतिक आतंकवाद बताते हुए इस पर जल्द-जल्द काबू किए जाने की जरूरत की बात कही। भाजपा नेता प्रबल प्रताप सिंह जूदेव ने कहा, “मिशनरी हमारे लिए स्लीपर सेल की तरह काम करते हैं। दोषियों को सजा देने के लिए एक कड़ा कानून बहुत जरूरी है।”

उन्होंने कहा कि कॉन्ग्रेस ने साजिश के तहत शिक्षा और स्वास्थ्य क्षेत्र को मिशनरियों के हवाले कर दिया। इन मिशनरियों ने सेवा के बदले सौदा की नीति के तहत धर्मांतरण का खेल खेला है। वहीं, छत्तीसगढ़ क्रिश्चियन फोरम के अध्यक्ष अरुण पन्नालाल ने इसे साजिश बताया है। उन्होंने कहा कि ईसाई समाज को डराने की कोशिश की जा रही है। पन्नालालव ने कहा, “हमारे आदमियों पर जबरन कार्रवाई की गई है, लेकिन हम डरने वाले नहीं हैं।”

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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