Homeदेश-समाज'होली मनाओगे तो लाशें बिछा देंगे' : बरेली में त्योहार की प्लानिंग कर रहे...

‘होली मनाओगे तो लाशें बिछा देंगे’ : बरेली में त्योहार की प्लानिंग कर रहे हिंदुओं पर मुस्लिम लड़कों ने किया लाठी-डंडे से हमला; अयान, सलमान, रेहान समेत 6 पर FIR

हजियापुर में रहने वाले लक्ष्मण, मुन्ना, शनि और आकाश अपने मोहल्ले में होली का प्रोग्राम फिक्स कर रहे थे। तभी वहाँ अयान, सलमान, अमन, रेहान, भूरा और आलम समेत कुछ युवक पहुँचे और अचानक हमला कर दिया।

उत्तर प्रदेश के बरेली में होली से पहले बड़ा बवाल हो गया। बारादरी थाना क्षेत्र के हजियापुर मोहल्ले में हिंदू समुदाय के कुछ लोग होली के लिए प्लानिंग कर रहे थे, तभी मुस्लिम समुदाय के युवकों ने उन पर हमला बोल दिया। आरोप है कि हमलावरों ने न सिर्फ मारपीट की, बल्कि धमकी दी कि “होली मनाओगे तो लाशें बिछा देंगे।” इस घटना से इलाके में तनाव फैल गया है। पुलिस ने मामले को गंभीरता से लिया और छह लोगों के खिलाफ FIR दर्ज कर उनकी तलाश शुरू कर दी है।

रिपोर्ट्स के मुताबिक, हजियापुर में रहने वाले लक्ष्मण, मुन्ना, शनि और आकाश अपने मोहल्ले में होली का प्रोग्राम फिक्स कर रहे थे। तभी वहाँ अयान, सलमान, अमन, रेहान, भूरा और आलम समेत कुछ युवक पहुँचे और अचानक हमला कर दिया। पीड़ितों का कहना है कि हमलावरों ने लाठी-डंडों से पीटा और जान से मारने की धमकी दी। लक्ष्मण और उसके साथियों का आरोप है कि ये हमला होली से पहले माहौल खराब करने की साजिश है। इस मारपीट में लक्ष्मण, मुन्ना और आकाश को चोटें आईं। इसके बाद पीड़ितों ने पुलिस को बुलाया।

बारादरी थाना पुलिस फौरन मौके पर पहुँची और हालात को काबू में किया। इलाका मिश्रित आबादी वाला और संवेदनशील है, इसलिए पुलिस ने कोई रिस्क नहीं लिया। छह नामजद आरोपितों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया गया है। पुलिस का कहना है कि जाँच चल रही है। फिलहाल 2 को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।

ये कोई पहला मामला नहीं है। इससे पहले सावन में जोगी नवादा इलाके में कांवड़ियों पर पथराव और फायरिंग हुई थी। तब भी पुलिस को काफी मशक्कत करनी पड़ी थी। अब होली से पहले ये नया विवाद सामने आने से लोग डरे हुए हैं। बारादरी का हजियापुर, जोगी नवादा और चकमहमूद इलाका पहले भी सांप्रदायिक झगड़ों का गवाह बन चुका है। ऐसे में पुलिस की कोशिश है कि होली तक शांति बनी रहे।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

गालीबाजों में दिखे ‘स्वतंत्रता सेनानी’ और मोदी सरकार में ‘क्रूर ब्रिटिश’… ‘पत्रकारिता’ के नाम पर इस वामपंथी सनक को छोड़ दो आरफा-श्याम-तनुश्री

आरफा-श्याम-तनुश्री और अनमोल ने उस सीजेपी प्रदर्शन पर राउंड टेबल चर्चा की जो खत्म हो चुकी है, लेकिन झारखंड पेपर लीक पर फेविकोल लगा के बैठे है।

वांगचुक ने 26 दिन भूख हड़ताल कर राहुल गाँधी को दिया राजनीतिक वापसी का मौका, लेकिन उनके अहंकार ने सब चौपट कर दिया

वांगचुक ने बताया कि वह चाहते थे राहुल गाँधी उनका अनशन तुड़वाएँ। जानिए कैसे कॉन्ग्रेस ने CJP आंदोलन से दूरी बनाकर अलग सियासी राह चुनी।
- विज्ञापन -