Saturday, July 4, 2020
Home बड़ी ख़बर प्रिय मृणाल पांडे, आपकी बातें सड़क पर नाइदो तनियम जैसी हत्या करा सकती हैं!...

प्रिय मृणाल पांडे, आपकी बातें सड़क पर नाइदो तनियम जैसी हत्या करा सकती हैं! सँभालिए खुद को

देश की स्वतंत्रता के इतने सालों बाद पहली बार कोई प्रधानमंत्री आया है जो भारत के उत्तर-पूर्व हिस्सों में लगातार जाता है, उनकी परम्पराओं को सम्मान देता है, उनके क्षेत्र के विकास पर ध्यान देता है, तो भी कुछ लोगों को सिर्फ़ मजाक ही सूझता है!

ये भी पढ़ें

अजीत भारतीhttp://www.ajeetbharti.com
सम्पादक (ऑपइंडिया) | लेखक (बकर पुराण, घर वापसी, There Will Be No Love)

पाँच साल पहले की बात है, 29 जनवरी 2014 की। अरुणाचल प्रदेश का एक लड़का था, उम्र 19 साल। दिल्ली के लाजपत नगर में किसी जगह का पता खोज रहा था। एक मिठाई की दुकान थी, वहाँ से किसी ने उसके बालों का मजाक उड़ाया। उसने बाल सुनहरे रंग से रंग रखे थे, वो औरों से अलग दिखता था। इतना काफी था उसे छेड़ने और उकसाने के लिए।

मजाक और उपहास का पात्र बनने पर उसे गुस्सा आया। कहा-सुनी हुई। उसके बाद भरी दोपहरी में रॉड और डंडों से पीटा गया। फिर पुलिस आ गई। कथित तौर पर पुलिस की उपस्थिति में भी उसे पीटा गया। किसी तरह अपनी जान बचाकर वो अपनी बहन के घर पहुँचा। वहाँ रात में सोया और सुबह जगा नहीं। उसके दिमाग और फेफड़ों में अंदरूनी चोट पहुँचने के कारण वो मर गया। नाइदो तनियम अरुणाचल प्रदेश के कॉन्ग्रेस विधायक के पुत्र थे।

कल नरेन्द्र मोदी अरुणाचल प्रदेश में थे। वहाँ रैली में भाषण देते वक्त उन्होंने अरुणाचली जनजातीय परम्परा में पहनी जानी वाली टोपी सर पर पहन रखी था। जब उनके भाषण की तस्वीरें सोशल मीडिया पर आई तो एक ट्विटर यूज़र, आशीष मिश्रा (@ktakshish), ने उपहास करते हुए लिखा, “आज दुग्गल साहब मोर बने हैं।” 

हालाँकि, ट्विटर पर इस तरह की बातें होती रहती हैं, और पीएम का मजाक आए दिन खूब उड़ता है। लेकिन ऐसे घटिया विचार वाले लोगों को मृणाल पांडे जैसे लोग शह देते हों, तो लगता है कि किसी एक प्रदेश की वेशभूषा को लेकर इनके मन में कितना कूड़ा भरा है। आशीष मिश्रा ने माफ़ी माँगते हुए अपना ट्वीट मिटा दिया है, लेकिन माफ़ी में भी यह लिखा कि ‘नॉर्थ ईस्ट वालों को रेसिस्ट लग रहा था’। ज़ाहिर है कि इन्हें ये रियलाइजेशन नहीं हुआ कि वो ट्वीट कैसा था। ख़ैर, उनको रहने देते हैं, क्योंकि उनका महत्त्व माध्यम होने भर का ही है, उससे ज़्यादा नहीं।

जबकि मृणाल पांडे ने उस ट्वीट के जवाब में जो ट्वीट लिखा वो और भी बेकार था, लेकिन अभी भी मौजूद है। उसमें मोदी की तरफ इशारा करते हुए एक मुर्ग़े को कोट पहनाया हुआ दिखाया गया है। 

मृणाल पांडे उसी गिरोह से आती हैं जो पत्रकारिता के नाम पर विचारधारा परोसने में व्यस्त हैं। विचारधारा के लिए भी किसी को कुछ नहीं कहा जा सकता, क्योंकि सबकी होती है। लेकिन घृणा और भेदभाव के साथ भारत की विविधता का उपहास करना बताता है कि मानसिक रूप से कुछ लोग कितना नीचे गिर सकते हैं। 

मृणाल पांडे एक साहित्यकार भी रह चुकी हैं (‘चुकी हैं’ क्योंकि अभी तो वैसे लक्षण नहीं दिख रहे, साहित्य तो चुक ही गया है)। उनकी माताजी हिन्दी का एक चमकता सितारा थीं। साहित्यकार संवेदनशील होता है। साहित्यकार अपने समाज को, दूसरे समाजों को, बाकी लोगों से बेहतर तरीके से देखने और समझने में सक्षम होता है। लिखने वाले लोगों से अपेक्षा की जाती है कि अपने शब्दों से हमें घर बैठे दुनिया की सैर करा दें।

लेकिन मृणाल पांडे, जो वैचारिक असहमति की राह से उतरकर घृणा और द्वेष की कुंठा का विष उगलती आगे बढ़ रही हैं, उनमें साहित्यकार या पत्रकार होने की संवेदना का घोर अभाव है। विचारधारा से घृणा उचित है, व्यक्ति से भी घृणा करना संदर्भों में उचित जान पड़ता है (लेकिन बता दें कि आलोचना नहीं, घृणा ही है), लेकिन एक समाज की विविधता का उपहास! ये तो नीचे गिरते जाने की सीढ़ी है जहाँ आपने सर पर इतनी घृणा लाद रखी है कि ऊपर आना मुश्किल दिखता है।

मोदी के सर पर जो टोपी थी, वो अरुणाचल प्रदेश की निशि जनजाति द्वारा पहनी जाने वाली पारम्परिक टोपी है। उसमें हॉर्नबिल नामक चिड़िया को जनजातीय कलाकृति के अद्भुत नमूने के रूप में दर्शाया गया था। देश की स्वतंत्रता के इतने सालों बाद पहली बार कोई प्रधानमंत्री आया है जो लगातार भारत के उत्तर-पूर्व हिस्सों में लगातार जाता है, उनकी परम्पराओं को सम्मान देता है, उनके क्षेत्र के विकास पर ध्यान देता है, तो भी कुछ लोगों को सिर्फ़ मजाक ही सूझता है!

उत्तर-पूर्व के लोगों को मुख्यधारा में लाने की कोशिश के लिए जहाँ दिल्ली पुलिस में वहाँ के लोगों की भर्ती की जा रही है, जागरुकता अभियान चलाए जा रहे हैं, वहाँ कॉन्ग्रेस मुखपत्र नेशनल हेराल्ड की एडिटर के इस तरह के विचार दुःखद और निंदनीय हैं। यही कारण है कि ऊपर से फैलाई जा रही इस तरह की घृणा नीचे सड़कों तक उतरती है और कभी नाइदो तनियम मारा जाता है, कभी लोयथम रिचर्ड

वो अलग दिखते हैं, क्योंकि उनकी परम्पराएँ अलग है। उनके लिए हम अलग हैं, अलग दिखते हैं। भारत विविधताओं से भरा देश है, और हमें एक-दूसरे की विविधता का सम्मान करना सिखाया जाता है। यही हमारी धरोहर है, और हमारी पहचान भी। यहाँ पर कभी थरूर द्वारा नागा जनजातीय वेशभूषा का उपहास करना, तो कभी उसी कॉन्ग्रेसी विचारधारा के मुखपत्र की एडिटर का अरुणाचल की वेशभूषा का मजाक बनाना बताता है कि अभिजात्य मानसिकता के कैंसर का कोई इलाज नहीं।

कितनी अजीब बात है कि कोई व्यक्ति अपने पद का इस्तेमाल लोगों को जोड़ने में कर रहा है, और आपके पास उसकी नीतियों को लेकर, उसके कार्य को लेकर कुछ कहने को नहीं है, तो आप उसकी उस कोशिश का उपहास करते हैं जहाँ वो किसी जनजाति की परम्परा का सम्मान कर रहा होता है! ये बताता है कि आपकी चर्चा का स्तर कितना गिर चुका है। 

सड़क पर हो रहे भेदभाव को आग मत दीजिए मृणाल जी, इसकी लपटें जब उठेंगी तो आपकी जैसी विकृत मानसिकता वाले लोग मिठाई के दुकान के बाहर किसी अरुणाचली को रॉड और लातों से इतना मारेंगे कि उसकी छाती की हड्डियाँ टूट जाएँगी, दिमाग को चोट पहुँचेगी और फेफड़ों में ख़ून उतरने के कारण उसकी मृत्यु हो जाएगी।

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

अजीत भारतीhttp://www.ajeetbharti.com
सम्पादक (ऑपइंडिया) | लेखक (बकर पुराण, घर वापसी, There Will Be No Love)

ख़ास ख़बरें

‘द वायर’ और ‘द हिन्दू’ के पत्रकार ने किया भगवान हनुमान का अपमान, कहा- ‘हनुमान का राम पर समलैंगिक क्रश था’

‘द वायर’ और ‘द हिंदू’ जैसी कुख्यात वामपंथी वेबसाइटों में रोजगार प्राप्त करने की एकमात्र शर्त हिंदूफोबिक विचारों को पोषित और प्रकट करना है। ऐसा इसलिए, क्योंकि हिंदू-विरोधी प्रवृत्ति लंबे समय से इन वेबसाइटों से जुड़े पत्रकारों और लेखकों की पहचान रही है।

गलवान घाटी में सिर्फ कृपाण से 12 चीनी सैनिकों को मारकर बलिदान हुए 23 साल के गुरतेज सिंह की कहानी

20 बहादुरों में एक नाम 23 साल के सिपाही गुरतेज सिंह का भी है। गुरतेज सिंह ने बलिदान होने से पहले 12 चीनी सैनिकों को अपने कृपाण से ही ढेर कर दिया।

कॉन्ग्रेस नेताओं और भाजपा विरोधियों ने फर्जी खबरें फैलाईं: PM मोदी की लेह सैन्य अस्पताल विजिट को कहा दिखावा, ये रहा सच

अस्पताल के कॉन्फ्रेंस हॉल को मामूली चोटों वाले सैनिकों के लिए अस्पताल में बदल दिया गया है, लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि इसका मंचन करने के लिए यह सब किया गया था।

ताहिर हुसैन ने न केवल दंगे की योजना बनाई और भीड़ को भड़काया, बल्कि हिंदुओं पर पत्थर और पेट्रोल बम भी फेंके: चार्जशीट में...

अब तक, ताहिर हुसैन की संलिप्तता चाँद बाग में हिन्दू विरोधी दंगों की योजना बनाने और दंगों को फंडिग करने की बात सामने आई थी। मगर अब यह भी पाया गया कि वह 'काफिरों' (हिंदुओं) के ऊपर पत्थर......

ब्रिटिशर्स के खिलाफ सशस्त्र आदिवासी विद्रोह के नायक थे अल्लूरी सीताराम राजू: आज जिनकी जयंती है

अल्लूरी को सबसे अधिक अंग्रेजों के खिलाफ रम्पा विद्रोह का नेतृत्व करने के लिए याद किया जाता है, जिसमें उन्होंने ब्रिटिशर्स के खिलाफ विद्रोह करने के लिए विशाखापट्टनम और पूर्वी गोदावरी जिलों के आदिवासी लोगों को संगठित किया था।

काफिरों को देश से निकालेंगे, हिन्दुओं की लड़कियों को उठा कर ले जाएँगे: दिल्ली दंगों की चार्ज शीट में चश्मदीद

भीड़ में शामिल सभी सभी दंगाई हिंदुओं के खिलाफ नारे लगा रहे और कह रहे थे कि इन काफिरों को देश से निकाल देंगे, मारेंगे और हिंदुओं की लड़कियों को.......

प्रचलित ख़बरें

जातिवाद के लिए मनुस्मृति को दोष देना, हिरोशिमा बमबारी के लिए आइंस्टाइन को जिम्मेदार बताने जैसा

महर्षि मनु हर रचनाकार की तरह अपनी मनुस्मृति के माध्यम से जीवित हैं, किंतु दुर्भाग्य से रामायण-महाभारत-पुराण आदि की तरह मनुस्मृति भी बेशुमार प्रक्षेपों का शिकार हुई है।

गणित शिक्षक रियाज नायकू की मौत से हुआ भयावह नुकसान, अनुराग कश्यप भूले गणित

यूनेस्को ने अनुराग कश्यप की गणित को विश्व की बेस्ट गणित घोषित कर दिया है और कहा है कि फासिज़्म और पैट्रीआर्की के समूल विनाश से पहले ही इसे विश्व धरोहर में सूचीबद्द किया जाएगा।

‘व्यभिचारी और पागल Fuckboy थे श्रीकृष्ण, मैंने हिन्दू ग्रंथों में पढ़ा है’: HT की सृष्टि जसवाल के खिलाफ शिकायत दर्ज

HT की पत्रकार सृष्टि जसवाल ने भगवान श्रीकृष्ण का खुलेआम अपमान किया है। उन्होंने श्रीकृष्ण को व्यभिचारी, Fuckboy और फोबिया ग्रसित पागल (उन्मत्त) करार दिया है।

व्यंग्य: अल्पसंख्यकों को खुश नहीं देखना चाहती सरकार: बकैत कुमार दुखी हैं टिकटॉकियों के जाने से

आज टिकटॉक बैन किया है, कल को वो आपका फोन छीन लेंगे। यही तो बाकी है अब। आप सोचिए कि आप सड़क पर जा रहे हों, चार पुलिस वाला आएगा और हाथ से फोन छीन लेगा। आप कुछ नहीं कर पाएँगे। वो आपके पीछे-पीछे घर तक जाएगा, चार्जर भी खोल लेगा प्लग से........

नेपाल के कोने-कोने में होऊ यांगी की घुसपैठ, सेक्स टेप की चर्चा के बीच आज जा सकती है PM ओली की कुर्सी

हनीट्रैप में नेपाल के पीएम ओली के फँसे होने की अफवाहों के बीच उनकी कुर्सी बचाने के लिए चीन और पाकिस्तान सक्रिय हैं। हालॉंकि कुर्सी बचने के आसार कम बताए जा रहे हैं।

हिस्ट्रीशीटर विकास दुबे के घर पर चला बुलडोजर, भाभी के पास मिली पिस्तौल: तलाश में पुलिस की 100 टीमें

हिस्ट्रीशीटर विकास दुबे पर पुलिस का शिकंजा कसता जा रहा है। एक तरफ उसकी तलाश में पुलिस लगातार दबिश दे रही है, दूसरी तरफ उसके घर पर बुलडोजर चलाया जा रहा है।

‘द वायर’ और ‘द हिन्दू’ के पत्रकार ने किया भगवान हनुमान का अपमान, कहा- ‘हनुमान का राम पर समलैंगिक क्रश था’

‘द वायर’ और ‘द हिंदू’ जैसी कुख्यात वामपंथी वेबसाइटों में रोजगार प्राप्त करने की एकमात्र शर्त हिंदूफोबिक विचारों को पोषित और प्रकट करना है। ऐसा इसलिए, क्योंकि हिंदू-विरोधी प्रवृत्ति लंबे समय से इन वेबसाइटों से जुड़े पत्रकारों और लेखकों की पहचान रही है।

गलवान घाटी में सिर्फ कृपाण से 12 चीनी सैनिकों को मारकर बलिदान हुए 23 साल के गुरतेज सिंह की कहानी

20 बहादुरों में एक नाम 23 साल के सिपाही गुरतेज सिंह का भी है। गुरतेज सिंह ने बलिदान होने से पहले 12 चीनी सैनिकों को अपने कृपाण से ही ढेर कर दिया।

जम्मू-कश्मीर के कुलगाम में हुई मुठभेड़ में सुरक्षाबलों ने दो आतंकियों को किया ढेर, दो जवान घायल

शनिवार को ही सुरक्षाबलों ने राजौरी जिले के थानामंडी इलाके में मौजूद आतंकी ठिकाने का भंडाफोड़ कर दिया। सुरक्षाबलों ने तलाशी अभियान के दौरान आतंकी......

दुनिया के कई देशों ने दिया भारत का साथ: LAC पर टकराव के लिए चीन को ठहराया ज़िम्मेदार, विस्तारवादी नीति का विरोध

प्रधानमंत्री का यह दौरा चीन के लिए साफ़ संदेश था कि भारत किसी भी तरह का विवाद होने पर पीछे नहीं हटेगा। इन बातों के बावजूद यह उल्लेखनीय है कि दुनिया के किन-किन देशों ने भारत का समर्थन करते हुए क्या कुछ कहा है?

कॉन्ग्रेस नेताओं और भाजपा विरोधियों ने फर्जी खबरें फैलाईं: PM मोदी की लेह सैन्य अस्पताल विजिट को कहा दिखावा, ये रहा सच

अस्पताल के कॉन्फ्रेंस हॉल को मामूली चोटों वाले सैनिकों के लिए अस्पताल में बदल दिया गया है, लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि इसका मंचन करने के लिए यह सब किया गया था।

ताहिर हुसैन ने न केवल दंगे की योजना बनाई और भीड़ को भड़काया, बल्कि हिंदुओं पर पत्थर और पेट्रोल बम भी फेंके: चार्जशीट में...

अब तक, ताहिर हुसैन की संलिप्तता चाँद बाग में हिन्दू विरोधी दंगों की योजना बनाने और दंगों को फंडिग करने की बात सामने आई थी। मगर अब यह भी पाया गया कि वह 'काफिरों' (हिंदुओं) के ऊपर पत्थर......

COVAXIN के मानव परीक्षण के लिए विहिप नेता सुरेंद्र जैन ने खुद को किया प्रस्तुत, कहा- मुझ पर किया जाए वैक्सीन का परीक्षण

भारत बायोटेक द्वारा बनाई गई देश की पहली कोरोना वायरस वैक्सीन की मानव परीक्षण करने की योजना बना रही है। इस बीच विहिप के वरिष्ठ नेता डॉ सुरेंद्र जैन ने कोरोना वैक्सीन के मानवीय परीक्षण के लिए खुद को प्रस्तुत करने का निवेदन किया है।

ब्रिटिशर्स के खिलाफ सशस्त्र आदिवासी विद्रोह के नायक थे अल्लूरी सीताराम राजू: आज जिनकी जयंती है

अल्लूरी को सबसे अधिक अंग्रेजों के खिलाफ रम्पा विद्रोह का नेतृत्व करने के लिए याद किया जाता है, जिसमें उन्होंने ब्रिटिशर्स के खिलाफ विद्रोह करने के लिए विशाखापट्टनम और पूर्वी गोदावरी जिलों के आदिवासी लोगों को संगठित किया था।

4 साल की बच्ची के रेप का आरोपित इस्माइल लश्कर डेढ़ माह बाद पुलिस हिरासत में, कहा- पोर्न देखने की लत ने करवाया अपराध

चार साल की लड़की के साथ बलात्कार के आरोपित इस्माइल लश्कर को लगभग डेढ़ महीने बाद पुलिस ने आखिरकार बृहस्पतिवार रात कच्छ जिले के भचाऊ में गिरफ्तार करने में कामयाबी हासिल की है।

पश्चिम बंगाल: घर में बम बनाने के दौरान हुआ विस्फोट, महारुल शेख और तफुल शेख की मौत, 5 अन्य घायल

मृतकों की पहचान महारुल शेख और तफुल शेख के रूप में हुई है। पश्चिम बंगाल पुलिस ने पाँचों घायलों को स्थानीय सबडिविजनल अस्पताल में भर्ती कराया है।

हमसे जुड़ें

234,194FansLike
63,099FollowersFollow
269,000SubscribersSubscribe