Thursday, July 18, 2024
Homeरिपोर्टअंतरराष्ट्रीयइजरायल ने बनाई 'यूनिटी गवर्नमेंट', कहा-  हमें नैतिकता का पाठ ना पढ़ाए, जब तक...

इजरायल ने बनाई ‘यूनिटी गवर्नमेंट’, कहा-  हमें नैतिकता का पाठ ना पढ़ाए, जब तक बंधक नहीं रिहा होंगे तब तक गाजा को बिजली-पानी की सप्लाई नहीं

"गाजा को मानवीय मदद? जब तक इजरायली बंधक वापस नहीं आते तब तक ना ही कोई बिजली का स्विच ऑन होगा, ना किसी पानी के पाइप को खोला जाएगा और ना ही कोई भी तेल का टैंकर गाजा में घुसेगा। मानवता, मानववादियों के लिए है। हमें कोई नैतिकता का पाठ ना पढ़ाए।"

इस्लामी आतंकी संगठन हमास के हमलों के बाद पैदा हुई परिस्थितियों के मद्देनजर इजरायल में ‘यूनिटी सरकार’ का गठन किया गया है। साथ ही इजरायल ने स्पष्ट कर दिया है कि जब तक हमास बंधक बनाए गए लोगों को नहीं छोड़ता तब तक वह गाजा में बिजली, पानी, ईंधन की आपूर्ति को बहाल नहीं करेगा।

आपातकालीन एकता सरकार का गठन प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू और विपक्ष के नेता बेनी गान्त्ज ने मिलकर किया। दोनों नेता अब वार कैबिनेट का गठन करेंगे। इस फैसले के बाद गान्त्ज ने कहा है कि हम हमास का नामोनिशान मिटा देंगे। वहीं नेतन्याहू ने कहा है कि हमास का हर आतंकी अपने आप को मरा हुआ समझे।

उल्लेखनीय है कि 7 अक्टूबर 2023 को हमास ने इजरायल पर अचानक ही हमला कर दिया था। इसमें अब तक 1300 से अधिक लोग मारे जा चुके हैं। आतंकियों ने बड़ी संख्या में लोगों को बंधक भी बना लिया था। इसके बाद से जवाबी कार्रवाई में इजरायल ने गाजा में हमास के ठिकानों पर बमबारी कर रहा है। इन हमलों में करीब 1100 आतंकी ढेर हो चुके हैं।

हमास के हमलों के बाद इजरायल के रक्षा मंत्री याओव गैलेंट ने गाजा पर कब्जे के आदेश दिए थे। गाजा को पानी, बिजली और ईंधन की आपूर्ति रोक दी गई थी। अब गाजा में न तो बिजली है और ना ही आपातकाल में जनरेटर चलाने के लिए ईंधन है। गाजा से बाहर निकलने के लिए उपयोग किए जाने वाले दोनों निकासी प्वाइंट भी बंद कर दिए गए हैं। इनमें से एक मिस्र, जबकि एक इजरायल के नियंत्रण में है। पूरे गाजा की इजरायली सैनिकों ने घेराबंदी भी कर रखी है।

गाजा में समस्याएँ गहराने के बाद रेडक्रॉस ने गाजा के भीतर ईंधन के टैंकरों को जाने देने की अपील की थी। रेडक्रॉस का कहना है कि यदि अस्पतालों में बिजली की व्यवस्था नहीं हुई तो लोगों को बचाना मुश्किल हो जाएगा। इजरायल के ऊर्जा मंत्री इजरायल काट्ज ने इस पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने एक्स/ ट्विटर पर कहा है, “गाजा को मानवीय मदद? जब तक इजरायली बंधक वापस नहीं आते तब तक ना ही कोई बिजली का स्विच ऑन होगा, ना किसी पानी के पाइप को खोला जाएगा और ना ही कोई भी तेल का टैंकर गाजा में घुसेगा। मानवता, मानववादियों के लिए है। हमें कोई नैतिकता का पाठ ना पढ़ाए।”

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

‘भ#$गी हो, भ$गी बन के रहो’: जामिया के 3 प्रोफेसर पर FIR, दलित कर्मचारी पर धर्म परिवर्तन का डाल रहे थे दबाव; कहा- ईमान...

एफआईआर में आरोपित नाज़िम हुसैन अल-जाफ़री जामिया मिल्लिया इस्लामिया के रजिस्ट्रार हैं तो नसीम हैदर डिप्टी रजिस्ट्रार। इनके साथ ही आरोपित शाहिद तसलीम यूनिवर्सिटी में प्रोफ़ेसर हैं।

पूजा खेडकर की माँ होटल से हुई गिरफ्तार, नाम बदलकर लिया था कमरा: महिला IAS के पिता नौकरी में रहते 2 बार हुए थे...

पूजा खेडकर का चिट्ठा खुलने के बाद उनके माता-पिता के खिलाफ भी जाँच जारी है। माँ को महाड के होटल से हिरासत में लिया गया है और पिता फरार हैं।

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -