भारत की बात करें तो इसकी अर्थव्यवस्था की विकास दर 1.9% की रफ़्तार से बढ़ेगी, जो 2019 में 4.2% थी। अगर भारत और चीन की तुलना करें तो चीन 2020 में 1.2% की आर्थिक विकास दर के साथ भारत से पीछे छूट जाएगा। इस दौरान अमेरिका (-5.9%), जर्मनी (-7%), फ़्रांस (-7.2%) और इटली (-9.1%) की हालत पस्त रहेगी।
वह विधानसभा और लोकसभा चुनाव लड़ चुका है। बीजेपी और मोदी के खिलाफ जहर उगलता है। उसके पिता सीएम रिलीफ फंड में दान देते हैं तो राज्य के गृह मंत्री खुद ट्वीट करते हैं। ऐसे में इस बात का जवाब विनय दुबे ही बेहतर दे सकता है कि उसने राजनीतिक हसरत पूरा करने के लिए ये सब किया या फिर किसी के इशारे पर वह ऐसा कर रहा था।
जनता कर्फ्यू के दिन घंटी-थाली बजाने पर पड़ोस में ही रहने वाले 7-8 मुस्लिम युवकों ने मृतक रेवत सिंह (रेवंत सिंह के घर जाकर उनके साथ धक्का-मुक्की करते हुए कहा था कि यहाँ किसी मोदी का नहीं, बल्कि उनका कानून चलता है। जैसा वो कहेंगे उन्हें मानना होगा।
मेडिकल टीम मुरादाबाद के नवाबपुरा इलाके में पहुॅंची थी। यहॉं कोरोना संक्रमण से दो युवक की मौत हो चुकी है। मस्जिद हाजी नेब के पास स्थानीय लोगों ने एंबुलेंस को घेर कर अचानक हमला कर दिया। ईंट, पत्थर के साथ लाठी-डंडों का भी इस्तेमाल किया।
गोरखपुर में एक कोरोना अस्पताल बनाया जाएगा, ऐसा स्वास्थ्य विभाग ने निर्णय लिया है। इस अस्पताल में गुरु गोरक्षनाथ अस्पताल के 154 बेड्स और 4 वेंटिलेटर का इस्तेमाल किया जाएगा।
पुलिस ने विरोध कर रहे लोगों को कई बार समझाने का प्रयास किया, लेकिन वह नहीं माने और देखते ही देखते पुलिस के खिलाफ नारेबाजी के साथ विरोध कर रहे लोगों ने ईंट-पत्थरों से हमला कर दिया। इस दौरान पुलिस टीम अपनी जान बचाकर वहाँ से मंडी थाने पहुँची।
एक तरफ दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल लाखों लोगों के भोजन की व्यवस्था का दावा कर रहे हैं। दूसरी ओर प्रवासी श्रमिकों की जो तस्वीरें आ रही है वह उनके दावों की पोल खोल रहे हैं। इन्हें एक वक्त का भोजन नसीब है और वह भी एक गुरुद्वारे से मिल रहा।
“भारत के प्रधान मंत्री और गृह मंत्री सहित भारत सरकार की सर्वोच्च आनुषंगिक संस्थाओं के खिलाफ भड़काऊ संदेश फैलाने वाले दो व्यक्तियों को गिरफ्तार किया गया है। इनके नाम- मोहम्मद इलियास और अब्दुल बशीर हैं। दोनों मिकाल्टो बिसाया फेसबुक पेज से जुड़े हुए थे।”
सघन आबादी वाला यह मजहब विशेष बहुल इलाका संक्रमण का हॉटस्पॉट बना हुआ है। यहॉं मेडिकल टीम पर हमला हो चुका है। कर्फ्यू तोड़ भागने और प्रशासन को गुमराह करना तो आम बात है। जानिए, कैसे बिगड़े हालात।
मैग्जीन ने दावा किया था कि ICMR टास्क फोर्स को मोदी सरकार ने किनारे कर दिया है। टास्क फोर्स के अध्यक्ष विनोद पॉल ने ऑपइंडिया को बताया कि मीडिया की ऐसी हरकतों से, महामारी के इस दौर में, एक राष्ट्रीय स्तर की लड़ाई में हानि ही होती है।