इमरान खान ने ट्वीट करते हुए अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा कश्मीर मुद्दे पर मध्यस्थता की बात दोहराई। उन्होंने ट्विटर लिखा कि अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने कश्मीर मुद्दे पर मध्यस्थता का प्रस्ताव दिया था। अभी इसी का समय है। भारतीय सुरक्षा बलों की आक्रामक कार्रवाई की वजह से...
केरन सेक्टर में नियंत्रण रेखा के पास BAT के हमले को नाकाम करते हुए भारतीय सेना ने पाँच-सात घुसपैठिए मार गिराए। पाँच-सात पाकिस्तानी सेना के जवान/ आतंकवादी के शव अब भी एलओसी पर पड़े हैं। सेना ने सबूत के तौर पर चार शवों की सैटेलाइट तस्वीरें भी जारी की है।
केरन सेक्टर में नियंत्रण रेखा के पास BAT के हमले को नाकाम करते हुए सेना ने 5-7 घुसपैठिए मार गिराए। 5-7 पाकिस्तानी सेना के जवान/आतंकवादी के शव अब भी एलओसी पर पड़े हैं। भारतीय सेना ने कहा है कि पाकिस्तानी सेना सफेद झंडे के साथ आकर इन शवों को ले जा सकती है।
5-7 पाकिस्तानी सेना के जवान/आतंकवादी के शव एलओसी पर पड़े हैं। भारी गोलीबारी के चलते शवों को हटाया नहीं जा सका है और ना ही उनकी पहचान हो पाई है। सेना ने सबूत के तौर पर 4 शवों की सैटेलाइट तस्वीरें भी जारी की है।
भारतीय सेना ने पाकिस्तानी सेना के आरोप का खंडन करते हुए कहा है कि इस प्रकार की प्रतिक्रियाएँ सिर्फ सैन्य ठिकानों और पाकिस्तानी सेना की मदद से आने वाले घुसपैठिए आतंकवादियों के खिलाफ इस्तेमाल की जाती हैं और पाकिस्तान द्वारा भारतीय सेना पर लगाए जा रहे क्लस्टर इस्तेमाल करने के आरोप बेबुनियाद हैं।
तीनों आरोपितों ने काम पर लगने के साथ ही सेना के जवानों और कैंट क्षेत्र के अंदर की गतिविधियों को मोबाइल में रिकॉर्ड करना शुरू कर दिया था। ये तीनों पाकिस्तानी जासूसों के लगातार सम्पर्क में थे और उन्हें सेना की गतिविधियों से जुड़ी सूचनाएँ भेजते थे।
सैनिकों की तैनाती और विभिन्न आदेशों से जम्मू-कश्मीर का विशेष दर्जा समाप्त करने जैसे कुछ बड़े फैसलों को लेकर अटकलें जोरों पर है। सरकार का कहना है कि ये कदम आतंकी मंसूबों को नाकाम करने तथा सुरक्षा को और सुदृढ़ करने के मकसद से उठाए गए हैं। लेकिन, जम्मू-कश्मीर के नेताओं की बयानबाजी से अफवाहों का बाजार गरम है।
सेना के मुताबिक 83% स्थानीय आतंकियों का पत्थरबाजी का ही इतिहास होता है। इसलिए, अगर वो आज वो अपने बच्चों को नहीं नहीं रोकते तो साल भीतर उन्हें मरना पड़ेगा।
चिनार कोर कमांडर लेफ्टिनेंट जनरल केजेएस ढिल्लन ने J&K की सभी माताओं से अनुरोध के स्वर में कहा कि अगर आज आपका बच्चा 500 रुपए के लिए पत्थरबाजी करता है, तो वह कल आतंकवादी बन जाएगा और संभवत: एक साल के भीतर मारा जाएगा।
विवरण पुस्तिका के अनुसार देश में सैन्य अफसरों की न्यूनतम अर्हता पूरी करने वाले युवाओं की कमी के चलते सेनाएँ जनबल की कमी से जूझ रहीं हैं। यहाँ तक कि सैनिक स्कूलों का नेटवर्क भी आवश्यकता पूरी नहीं कर पा रहा है।