यूपी के दंगाइयों से संवेदना जताती प्रियंका गॉंधी। जेएनयू हिंसा के घायल छात्रों पर आँसू बहाती प्रियंका गॉंधी। अब देखिए कॉन्ग्रेस महासचिव का वो चेहरा जिससे पता चलता है कि उनके लिए राजनीति से बढ़कर कुछ भी नहीं है।
पिछले दिनों राहुल गॉंधी ने कहा था कि उनका नाम राहुल सावरकर नहीं है। अब उन्हें नया नाम मिल गया। उमा भारती ने उन्हें और उनकी प्रियंका गॉंधी को जिन्ना बताते हुए कहा है कि दोनों CAA के नाम पर मुस्लिमों को डरा रहे हैं।
ईकाई अध्यक्ष ने कॉन्ग्रेस महासचिव प्रियंका गाँधी वाड्रा पर प्रदेश में हिंसा फैलाने के लिए वित्तीय मदद करने का आरोप लगाया है। साथ ही कहा कि प्रियंका गाँधी प्रदेश में हिंसा भड़काने के लिए दूसरे प्रदेशों के दंगाइयों को ला रही हैं।
जब कॉन्ग्रेस नेता प्रियंका गाँधी वाड्रा घायल छात्रों से मिलने एम्स गईं थी, तो उनके समर्थकों ने सबसे पहले घायल छात्रों से यही पूछा कि उनका संबंध किस विचारधारा से है। एबीवीपी के कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि प्रियंका गाँधी ने कुछ छात्रों को शॉल दी, लेकिन बाद में उनके कार्यकर्ताओं ने शॉल वापस ले ली।
इससे पहले ऐसी ही अराजकता प्रियंका के लखनऊ दौरे के दौरान भी देखने को मिली थी। एक वीडियो में प्रियंका के साथ खड़े लोग महिला अधिकारी के साथ धक्का-मुक्की करते नजर आए थे।
"अति दुःखद है कॉन्ग्रेस पार्टी के शीर्ष नेतृत्व व खासकर प्रियंका गाँधी की इस मामले में चुप्पी साधे रखना। अच्छा होता कि वह यूपी की तरह उन गरीब पीड़ित माँओं से भी जाकर मिलतीं, जिनकी गोद केवल उनकी पार्टी की सरकार की लापरवाही के कारण उजड़ गई हैं।"
"हिंसा किसने शुरू की, इसकी जाँच होनी चाहिए, क्योंकि कौन जानता है कि आगजनी किसने शुरू की। आप बिना जाँच के कैसे कार्रवाई कर सकते हैं? पहले यह पता करें कि हिंसा किसने शुरू की?"
सीएए विरोधी रैली में उपद्रव मचाने वाले पूर्व आईपीएस अधिकारी एसआर दारापुरी के परिजनों से मिलने के लिए प्रियंका ने यूपी पुलिस को चकमा दिया था। उस दौरान उन्होंने एक कॉन्ग्रेस कार्यकर्ता की स्कूटी के पीछे बैठ कर अपनी यात्रा तय की थी।
अपने दुख को भूल डॉ. अर्चना सिंह यह सुनिश्चित करने में जुटी थीं कि प्रियंका गॉंधी की सुरक्षा में सेंध न लगे। तब शायद ही उन्होंने सोचा होगा कि प्रियंका के सामने उनके साथ बदसलूकी होगी और उलटे आरोप उन पर ही मढ़ दिया जाएगा।
कॉन्ग्रेस ने जो वीडियो जारी किया है उसमें कहीं भी महिला अधिकारी प्रियंका गॉंधी का गला पकड़ते या प्रियंका जमीन पर गिरती नजर नहीं आतीं, जैसा उन्होंने दावा किया था। उलटे महिला अधिकारी के साथ प्रियंका गॉंधी के साथ खड़े लोग ही धक्का-मुक्की कर रहे हैं।