जिस समय राहुल गाँधी अपना नामांकन भरने के बाद मीडिया से बात कर रहे थे उस दौरान उनके सिर पर 7 बार किसी ने हरी लेजर से निशाना साधा। कॉन्ग्रेस ने संभावना जताई कि यह लेजर लाइट किसी स्नाइपर की बंदूक से हो सकती है।
“बापू ने 1947 में कहा था, कॉन्ग्रेस का काम समाप्त, अब कॉन्ग्रेस का विसर्जन कर दो। वो जानते थे कि कॉन्ग्रेस का मतलब अब एक परिवार होने जा रहा है। बापू के सपने को साकार करने के लिए भाई-बहन आ चुके हैं।”
प्रस्तुत है पत्रकारिता के इतिहास में पहली बार गाँधी परिवार के कुछ ऐसे कारनामों के खुलासे, जो उन्होंने देश पर अहसान न लादने के लिए नहीं बताए। लेकिन हम आपको बताएँगे ताकि हम और हम सबकी पीढ़ियाँ इस महान परिवार की चरण-वंदना करते रहें... अनंत काल तक।
चुनावी माहौल के बीच कॉन्ग्रेस अध्यक्ष राहुल गाँधी और प्रियंका गाँधी मंदिरों में जाकर पूजा करते नज़र आते हैं, लेकिन उनके कार्यकर्ताओं ने धार्मिक स्थल पर जाकर जिस तरह का उत्पात मचाया है, उससे तो ऐसा कतई नहीं लग रहा है।
देश ने अभी तक आपके परिवार का बड़ा सम्मान किया। अब देश आपसे चाहता है कि आप भी लोकतंत्र की भावना और उसकी इच्छा का सम्मान करते हुए कुछ समय तक सत्ता से दूर रहने में योगदान देकर सच्ची देशभक्ति का सबूत दें। आपकी नकली देशभक्ति और बाहरी दिखावों की देश को फिलहाल ज़रूरत नहीं।
कुछ लोगों ने राहुल गाँधी के बयान पर आपत्ति जताते हुए कहा कि अभी-अभी हिन्दू बने राहुल गाँधी को अपनी धोती संभालनी ही सीखनी चाहिए, लोकतंत्र और प्यार मोहब्बत की बातें तो उसके बाद भी की जा सकती हैं।
पित्रोदा ने हाल ही में राहुल गाँधी की प्रस्तावित NYAY योजना का बचाव करने की कोशिश की थी और यह भी कहा था कि भले ही करों को बढ़ाना होगा इसके लिए मध्यम वर्ग को स्वार्थी नहीं होना चाहिए और इसके उन्हें अपना दिल बड़ा करना होगा।
प्रधानमंत्री ने कहा कि कॉन्ग्रेस और भ्रष्टाचार एक-दूसरे के इतने क़रीब हैं कि उन्हें अलग नहीं किया जा सकता। उन्होंने कहा कि कॉन्ग्रेस के शासन के दौरान भ्रष्टाचार एक्सीलेटर पर रहता है और विकास वेंटिलेटर पर रहता है। यही कॉन्ग्रेस की पहचान है।