सोशल मीडिया पर अचानक से जेसीबी की खुदाई ट्रेंड करता देख अरविन्द केजरीवाल के रोंगटे खड़े हो गए। जैसे ही उन्होंने सबसे हैंडसम व्यक्ति मनीष सिसोदिया से इस पूरे जेसीबी मामले की जानकारी माँगी, उन्हें पता चला कि मनीष सिसोदिया भी खुद निकटस्थ जेसीबी की खुदाई देखने निकल चुके हैं।
केजरीवाल ने आने वाले विधानसभा चुनावों के बारे में कार्यकर्ताओं से कहा, "मायूस होने की आवश्यकता नहीं है, जनता दिल्ली सरकार की तारीफ़ कर रही है। अपना कॉलर ऊपर करो और कहो कि बड़े चुनाव में जो किया सो किया, अब छोटा चुनाव आ रहा है आप को वोट करे।"
अलका लांबा ने कहा कि अगर दिल्ली में चुनाव जीतना है, तो अरविंद जी को दिल्ली पर फोकस करना चाहिए और संविधान के मुताबिक पार्टी के संयोजक का पद संजय सिंह जी को सौंप देना चाहिए, क्योंकि उनके पास संगठन का अनुभव भी है।
गोपाल राय ने कहा कि हमें ईवीएम पर किसी भी तरह का संदेह नहीं है। हम दिल्ली लोकसभा चुनाव पर मंथन कर रहे हैं। आगामी विधानसभा चुनाव में आम आदमी पार्टी अपने दम पर चुनाव लड़ेगी और जीतेगी।
घमंड वाली बात से ही अरविन्द केजरीवाल 'ट्रिगर' हो गए और उनके हारे हुए प्रत्याशियों ने उनके इशारे पर अलका लाम्बा को ग्रुप से बाहर कर दिया। इसके बाद आज अलका लाम्बा ने कुछ और बेहद करुणामय और मार्मिक ट्वीट के माध्यम से अपनी बात सामने रखते हुए लिखा है कि बार-बार व्हाट्सएप्प ग्रुप में जोड़ने-निकालने से बेहतर होता इससे ऊपर उठकर कुछ सोचते, बुलाते, बात करते, गलतियों और कमियों पर चर्चा करते, सुधार कर के आगे बढ़ते।
AAP के राज्यसभा सांसद और वरिष्ठ नेता संजय सिंह ने रिपब्लिक टीवी के संपादक अर्नब गोस्वामी की एक वीडियो क्लिप ट्विटर पर शेयर की। इसमें अर्नब EVM हैकिंग को लेकर विपक्षी दलों पर तंज कसते नज़र आए। इसी वीडियो के जवाब में पागलखाने से लेकर डूब मरने तक की बात लिखी गई।
कॉन्ग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष और मुस्लिम नेता हारुन यूसुफ ने कहा कि केजरीवाल अपना खौफ छुपाने के लिए ऐसी बातें कर रहे हैं। हालाँकि उनकी ये बात सही है कि मुस्लिम वोटर्स ने भारी तादाद में कॉन्ग्रेस को वोट किया, क्योंकि केजरीवाल ने सिवाय झूठ बोलने के और कोई काम ही नहीं किया।
राघव चड्ढा ने सवालिया होते हुए पूछा कि दक्षिणी दिल्ली लोकसभा की RO और अन्य अधिकारी उस कमरे को क्यों खोलते हैं जहाँ पोस्टल बैलेट रखा रहता है? 13 तारीख़ को स्टॉन्ग रूम सुबह 11 बजे बंद किया गया, आख़िर 6-7 घंटे EVM कहाँ रही।
दिल्ली के बाद अब अरविन्द केजरीवाल की पैनी निगाहें पंजाब में लोकसभा चुनाव पर हैं और वहाँ के लिए प्रचार कर रहे है। इसी दौरान अरविंद केजरीवाल ने एक मीडिया संस्थान से बात करते हुए बेहद मार्मिक बातें सामने रखी हैं।