लोकेश मुनि ने कहा है वे बलिदान स्वीकार कर सकते हैं। लेकिन अपनी धर्म और संस्कृति का अपमान बर्दाश्त नहीं कर सकते। यही कारण है कि उन्होंने मौलाना मदनी के बयान का विरोध किया था।
उन्होंने कॉलनियों को नियमित करने की माँग करते हुए कहा कि देश के हर राज्य में ऐसे निर्णय होते हैं, दिल्ली में 6-6 महीने बाद कॉलनियाँ रेगुलराइज होती हैं।