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मुकाबला क्रिकेट का, TV स्क्रीन पर तस्वीर भारतीय वायुसेना के पायलट अभिनंदन वर्धमान की: भारत में बैन हो सकता है PSL का प्रसारण

कंगाली की मार झेल रहा पाकिस्तान अपनी हरकतों से बाज नहीं आ रहा है। पाकिस्तान ने एक बार फिर भारतीय वायुसेना के पायलट अभिनंदन वर्धमान की तस्वीर का इस्तेमाल कर भारत का मजाक उड़ाने की कोशिश की। 27 फरवरी, 2023 को पाकिस्तान सुपर लीग (PSL) के एक मैच के दौरान बड़ी स्क्रीन पर अभिनंदन की तस्वीर दिखाई गई।

पीएसएल मुकाबले में ‘लाहौर कलंदर्स’ और ‘इस्लामाबाद यूनाइटेड’ के बीच खेले जा रहे मैच के दौरान अभिनंदन की तस्वीर दिखाई गई। मैच के बीच ब्रेक के दौरान बड़े स्क्रीन पर दिखाए गए तस्वीर में भारतीय वायुसेना के हीरो अभिनंदन हाथ में चाय का कप पकड़े नजर आ रहे हैं। जो तस्वीर प्रदर्शित की गई वह साल 2019 की है। तब एक डॉगफाइट के दौरान अभिनंदन का संपर्क कंट्रोल रूम से टूट गया था और उनका विमान पाकिस्तानी क्षेत्र में दुर्घटनाग्रस्त हो गया था। इसके बाद उन्हें पाकिस्तानी सेना ने हिरासत में ले लिया था।

पाकिस्तानी सेना ने अभिनंदन का एक वीडियो जारी किया था जिसमें वे चाय पीते नजर आ रहे थे। बाद में भारतीय दबाव में पाकिस्तान ने अभिनंदन को रिहा कर दिया था। यह भी याद रखना चाहिए कि पाकिस्तान मुस्लिम लीग (एन) के नेता अयाज सादिक ने अपने एक बयान में कहा था कि पाकिस्तान ने अभिनंदन को इस डर से रिहा किया था कि कहीं भारत हमला न कर दे।

भारत में पीएसएल का प्रसारण सोनी नेटवर्क पर किया जा रहा है। कहा जा रहा है कि यदि इस तरह की घटनाएँ दोहराई जाती हैं तो भारत में पीएसएल का प्रसारण बंद हो सकता है। बता दें कि यह पहला मौका नहीं है जब भारत का मजाक उड़ाने के लिए इस घटना का इस्तेमाल किया गया हो। PSL की टीम लाहौर कलंदर्स ने क्रिकेटर मोहम्मद हुसैन तलत की चाय पीती फोटो शेयर करते हुए लिखा, “यह तो चाय शानदार है हो गया”।

इससे पहले दिसंबर 2022 में भारतीय सेना का मजाक उड़ाने के लिए एक पाकिस्तानी पत्रकार ने बेन स्टोक्स से पूछा था, “चाय कैसी लगी?” (“How was the tea?”)। दरअसल हिरासत में विंग कमांडर अभिनंदन से पाकिस्तानी ऑफिसर ने यही सवाल किया था।

विंग कमांडर अभिनंदन ने मार गिराया था पाकिस्तानी F16

बालाकोट एयरस्ट्राइक के बाद विंग कमांडर (अब ग्रुप कैप्टन )अभिनंदन ने पाकिस्तान में घुसकर दुश्मन के आधुनिक विमान F16 को ध्वस्त कर दिया था। डॉगफाइट के दौरान अभिनंदन पाकिस्तानी विमान का पीछा करते हुए पाकिस्तान की सीमा में प्रवेश कर गए और दुश्मन के एफ16 विमान को मार गिराया। इस दौरान अभिनंदन के विमान पर मिसाइल लग गई। अभिनंदन ने दुश्मन के इलाके में छलांग लगा दी। उन्हें पाकिस्तानी फौज ने हिरासत में ले लिया।

हिरासत में पाकिस्तानी अधिकारियों ने उनसे सवाल जवाब का एक वीडियो भी जारी किया जिसमें अभिनंदन चाय पीते नजर आ रहे थे। वीडियो में पाकिस्तानी अधिकारी ने पूछा था कि “मुझे उम्मीद है आपको चाय पसंद आई होगी (“I hope you like the tea)?” जिसके जवाब में अभिनंदन ने कहा था, “चाय बहुत शानदार है (Tea is fantastic)।” अभिनंदन करीब 60 घंटों तक दुश्मन के कब्जे में रहे उसके बाद उनकी सुरक्षित भारत वापसी हुई।

छात्रों को क्लास से निकाल 2 टीचरें पढ़ती थीं नमाज, Video वायरल होने पर बवाल: NCPCR ने माँगा रशीदिया स्कूल से जवाब, कहा- ऐसी गतिविधि नहीं करनी चाहिए

मध्य प्रदेश के भोपाल में एक सरकारी स्कूल के अंदर नमाज़ पढ़ने का मामला सामने आया है। यह नमाज़ 2 टीचरों द्वारा बच्चों को क्लास से बाहर निकाल कर पढ़ी गई है। जानकारी के मुताबिक ऐसा हर दिन होता रहता है। मामला मंगलवार (28 फरवरी 2023) को प्रकाश में आया। राष्ट्रीय बाल संरक्षण आयोग के अध्यक्ष प्रियांक कानूनगो ने इस घटना का संज्ञान लिया है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को नोटिस भेज कर मामले में जवाब तलब किया है।

दैनिक भास्कर के मुताबिक, मामला भोपाल के जहाँगीराबाद क्षेत्र में आने वाले मॉडल सीएम राइज रशीदिया स्कूल का है। यहाँ की 2 महिला टीचरों पर आरोप है कि वो क्लास में नमाज पढ़ रहीं थीं। नमाज़ से पहले उन्होंने अपनी क्लास में पढ़ रहे सभी बच्चों को बाहर निकाल दिया था। वहीं उसी स्कूल में बाकी क्लास के अन्य टीचर सामान्य तौर पर पढ़ाई करवाते मिले। बताया जा रहा है कि दोनों टीचर की ये रोज की हरकत थी। मंगलवार को किसी ने इसका वीडियो बना लिया। दावा किया गया है कि दोनों टीचर हर दिन बच्चों को बाहर कर के नमाज़ पढ़ती हैं। शुक्रवार यानी जुमे के दिन उसी स्कूल कैम्पस में बच्चों को भी नमाज़ पढ़ाई जाती है।

बताते चलें कि जिस रशीदिया स्कूल में नमाज़ पढ़ने की जानकारी सामने आई है उसे मध्य प्रदेश में सीएम राइज के तौर पर पहले स्कूल के रूप में चुना गया था। राष्ट्रीय बाल संरक्षण आयोग के अध्यक्ष प्रियांक कानूनगो ने इस घटना का संज्ञान लिया है। उन्होंने नोटिस भेज कर संबंधित अधिकारियों से जवाब माँगा है। 1 मार्च 2023 को किए गए अपने ट्वीट में प्रियांक ने लिखा, “बच्चों की पढ़ाई के मूल कार्य को रोक कर इस तरह की गतिविधि नहीं करनी चाहिए।”

गौरतलब है कि अक्टूबर 2021 में भोपाल की भाजपा सांसद साध्वी प्रज्ञा ठाकुर ने वहाँ के केंद्रीय विद्यालय में नमाज़ होने का आरोप लगा कर आपत्ति दर्ज करवाई थी। तब उन्होंने आरोप लगाया था कि केंद्रीय विद्यालय में अवैध मस्जिद भी बनी है जहाँ बाहरी लोग नमाज़ पढ़ने आया करते हैं। भाजपा सांसद ने इसे स्कूल की छात्राओं के लिए असुरक्षित बताया था।

‘EVM हैकिंग’ वाले सौरभ भारद्वाज और MCD मारपीट वाली आतिशी मार्लेना भरेंगी सिसोदिया-सत्येंद्र वाली जगह: मंत्री पद के लिए CM केजरीवाल ने चुने 2 नाम

दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल द्वारा उप-राज्यपाल को मंत्री पद के लिए 2 नए नाम भेजे जाने की खबर है। बताया जा रहा है कि LG को भेजे गए पत्र में केजरीवाल ने सौरभ भारद्वाज और आतिशी का नाम है। सतेन्द्र जैन और मनीष सिसोदिया के मंत्री पद से हटने के बाद माना जा रहा था कि दिल्ली सरकार के कैबिनेट में कुछ नए चेहरे शामिल हो सकते हैं। हालाँकि, इस दावे की अभी तक आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

समाचार एजेंसी ANI ने यह जानकारी बुधवार (1 मार्च, 2023) को सूत्रों के हवाले से दी है। सौरभ भारद्वाज विधानसभा में ‘EVM हैकिंग’ का तथाकथित डेमो दिखा कर सुर्ख़ियों में आए थे।

आतिशी मार्लेना कुछ दिनों पहले दिल्ली मेयर चुनाव के बाद MCD सदन में हुए हंगामे के दौरान अपनी पार्टी के सदस्यों के साथ देखीं गई थीं। तब भाजपा नेताओं ने उन पर भी बवाल में शामिल रहने का आरोप लगाया था। गौरतलब है कि 1 दिन पहले मंगलवार (28 फरवरी 2023) को मनीष सिसोदिया और सतेन्द्र जैन ने अपने-अपने मंत्री पदों से इस्तीफा दे दिया है। मुख्यमंत्री ने इन दोनों इस्तीफों को स्वीकार कर लिया था। सिसोदिया पर कुछ अन्य सहयोगियों के साथ शराब घोटाले में शामिल होने का आरोप है।

बताते चलें इसके पहले दिल्ली के उप-मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया को सीबीआई (CBI) ने सोमवार (27 फरवरी, 2023) दोपहर को राउज एवेन्यू कोर्ट में पेश किया था। इस दौरान जाँच एजेंसी ने CBI के स्पेशल जज एमके नागपाल से सिसोदिया की 5 दिन की कस्टडी माँगी थी। सुनवाई के बाद कोर्ट ने सिसोदिया को 4 मार्च तक की रिमांड पर भेज दिया था। बाद में सुप्रीम कोर्ट द्वारा सिसोदिया को गिरफ्तारी से राहत देने से कर दिया था। सुप्रीम कोर्ट ने उनको हाईकोर्ट जाने की सलाह दी थी।

माँ के साथ सो रहा था शिशु, उठा कर ले गए कुत्ते और मार डाला: बचा सिर्फ सिर, हाथ और 2 पैर, राजस्थान के सरकारी अस्पतालों का कुछ ऐसा है हाल

सोमवार (27 फरवरी, 2023) को राजस्थान के एक सरकारी हॉस्पिटल में अपनी माँ के साथ सो रहे एक बच्चे को आवारा कुत्ते उठा ले गए। इसके बाद नोच-नोच कर उसे मार डाला। बच्चा महज एक माह का था। बीते कुछ महीनों में कुत्तों द्वारा किए गए हमलों की घटनाओं में तेजी से बढ़ोतरी हुई है। इसको लेकर विशेषज्ञों का मानना है कि कुत्तों के हमले को कम करने के लिए नसबंदी और टीकाकरण सबसे बेहतरीन उपाय है।

दरअसल, महेंद्र मीणा नामक व्यक्ति राजस्थान के सिरोही जिले के सरकारी हॉस्पिटल में भर्ती था। जहाँ वह बेड पर लेटा हुआ था। वहीं उसकी पत्नी रेखा अपने बच्चों के साथ जमीन पर सो रही थी। इसी दौरान वार्ड में घुसकर कुत्ता एक महीने के बच्चे को उठाकर ले गया। रात करीब 1:30 पर नींद खुली तो रेखा ने देखा कि बच्चा गायब है। वह दौड़ बाहर गई तो हॉस्पिटल के बाहर बनी टंकी के पास कुछ कुत्ते बच्चे को नोच रहे थे। वह वहाँ गई तो कुत्ते बच्चे को उठाकर भाग गए। कुत्तों ने उसे नोच-नोच कर मार डाला।

मृत बच्चे को लेकर पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर जिला प्रशासन की ओर से गठित मेडिकल बोर्ड के प्रभारी डॉ शक्ति सिंह ने कहा है कि बच्चे का सिर, एक हाथ और दो पैर ही बचे थे। उसका पेट और एक हाथ नहीं था। यानी कि कुत्तों ने उसे बुरी तरह नोच खाया था।

ऐसी ही घटना हैदराबाद से भी सामने आई थी। यहाँ सड़क पर घूम रहे आवारा कुत्तों ने 4 साल के बच्चे को मार डाला था। इस घटना का वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। यह तो सिर्फ कुछ मामले ही हैं। लेकिन असल में आए दिन ऐसी घटनाएँ सामने आती रहती हैं। इनको लेकर प्रशासन भी समय समय पर विभिन्न तरह के उपाय करता है। हालाँकि इसके बाद भी कुत्तों के हमलों में लगाम नहीं लग पाई है।

इस मसले को लेकर एक बड़े वर्ग का यह मानना है कि कुत्ते हमेशा ही खतरे का कारण रहे हैं। खासतौर से बच्चों के लिए क्योंकि वह अपना बचाव खुद नहीं कर सकते। इसलिए कुत्तों को आबादी वाले इलाके से दूर कर देना चाहिए। वहीं, विशेषज्ञों का कहना है कि समाज के बीच में रहने वाले कुत्तों में आक्रामकता अपने बच्चों और अपने खाने के सामान को बचाने को लेकर प्राकृतिक रूप से आती है। इस समस्या का एकमात्र ऐसा उपाय जो लंबे समय तक कारगर साबित हो सकता है वह नसबंदी और टीकाकरण है।

पशुओं के हितों को लेकर बात करने वाली संस्था पीपुल फॉर एनिमल्स की सदस्य अंबिका शुक्ला का कहना है कि कुत्ते का काटना या हमला करना स्वाभाविक व्यवहार नहीं है। कुत्ते आत्मरक्षा में आक्रामक हो जाते हैं या फिर जब उन्हें यह लगता है कि उनके बच्चों को खतरा है। आमतौर पर उनके सेक्स वाले मौसम में भी वह उत्तेजित रहते हैं। इससे भी वह आक्रामक दिखाई देते हैं। हालाँकि सभी कुत्ते ऐसे नहीं होते। इसलिए सभी कुत्तों को एक ही नजर से देखना सही नहीं है।

अंबिका शुक्ला का यह भी कहना है कि कुत्तों का टीकाकरण और नसबंदी कोर्ट द्वारा अनिवार्य किया गया है। लेकिन यह सभी जगह नहीं होता। इसमें कुत्तों की गलती नहीं है। टीकाकरण और नसबंदी कुत्तों के हमलों को रोकने और उनकी जनसंख्या में कमी करने का सबसे अच्छा तरीका है। इसे हर नगरीय निकाय द्वारा अपनाया जाना चाहिए।

बता दें कि कुत्तों के हमले को कम करने के कई तरह के उपाय किए जा रहे हैं। इसको लेकर नोएडा प्राधिकरण ने पालतू कुत्तों और बिल्लियों का पंजीकरण, नसबंदी और टीकाकरण अनिवार्य कर दिया है। गुरुग्राम के नागरिक निकाय ने भी नोटिस जारी कर 11 विदेशी नस्लों पर प्रतिबंध लगा दिया है। इसमें से अमेरिकी पिट-बुल टेरियर्स, डोगो अर्जेन्टीनो और रॉटवीलर शामिल हैं। गाजियाबाद नगर निगम भी तीन नस्लों पर प्रतिबंध लगा चुका है।

800 किलो वजन, 11 फीट ऊँचाई: केरल के मंदिर में अनुष्ठान पूरे करवाने आया पहला रोबोटिक हाथी, कीमत ₹5 लाख

केरल के मंदिरों में होने वाले धार्मिक कार्यक्रमों में लंबे समय से हाथी का उपयोग किया जाता रहा है। हालाँकि अब पेटा (PETA) और अभिनेत्री पार्वती थिरुवोथु की पहल के बाद इस परंपरा में बदलाव की शुरुआत हुई है। यह बदलाव केरल के त्रिशूर जिले में स्थित इरिंजादापल्ली श्री कृष्ण मंदिर में हुआ। जहाँ रोबोटिक हाथी का उपयोग किया गया।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, हाथियों के उपयोग से उन्हें होने वाली समस्याओं से बचाने के लिए पेटा और अभिनेत्री पार्वती थिरुवोथु ने इरिंजादापल्ली श्री कृष्ण मंदिर को यह रोबोटिक हाथी दिया है। इस हाथी का नाम रमन रखा गया है। 800 किलो ग्राम वजन वाले इस हाथी की ऊँचाई 11 फ़ीट है। लोहे के फ्रेम में गढ़े गए इस हाथी पर रबर का कवर चढ़ाया गया है।

रिमोट कंट्रोल वाला यह रोबोटिक हाथी बिजली से चलता है। इसके कान, सिर, पूँछ सब बिजली से ही चलते हैं। इसको देखकर किसी जीवित हाथी के सामने होने का अनुभव होता है। करीब 5 लाख रुपए की लागत में बना यह हाथी अपनी पीठ पर आम हाथियों की तरह 4 लोगों को बैठा सकता है।

इस रोबोटिक हाथी को लेकर श्रीकृष्ण मंदिर प्रबंधन बेहद खुश है। मंदिर के पुजारी राजकुमार नंबूदरी का कहना है, “रिमोट से चलाने पर यह हाथी रोबोटिक नहीं बल्कि वास्तविक हाथी की तरह लगता है। हमें उम्मीद है कि दूसरे मंदिर भी रोबोटिक हाथी का उपयोग करते हुए बदलाव के लिए आगे आएँगे। यह एक बड़ा जीव है। इसलिए इसको कंट्रोल करने के लिए प्रताड़ित किया जाता है।”

उन्होंने यह भी कहा है कि केरल ही नहीं बल्कि देश के कई अन्य भागों में हाथियों को अवैध रूप से रखा जाता है। हाथियों को डंडों और भालों से मारा जाता है। अवैध रूप से बंदी हाथियों को एक राज्य से दूसरे राज्य में ले जाया जाता है। कई बार लंबी यात्रा के दौरान उनके पैरों में बड़े और गंभीर घाव हो जाते हैं। यही नहीं, यात्रा व समारोहों के दौरान कई बार हाथी बेकाबू हो जाते हैं। इससे भी समस्या का सामना करना पड़ता है।

इस हाथी को लेकर पेटा ने कहा है कि यह हाथी मंदिर में आयोजित होने वाले कार्यक्रमों में होनी वाली घटनाओं से बचाएगा। अधिक शोर से भी हाथियों को समस्याओं का सामना करना पड़ता है। इस तरह के हाथियों के उपयोग से हाथियों को क्रूरता और समस्याओं से बचाते हुए वापस जंगल में भेजकर उनके जीवन को सुरक्षित और यातना मुक्त किया जा सकता है। वहीं, अभिनेत्री पार्वती थिरुवोथु ने कहा है, “जिन समस्याओं से हाथियों को गुजरना पड़ता है। यदि ऐसी ही समस्याएँ मनुष्यों को भी झेलनी पड़ें तब हमें उनके दर्द के बारे में पता चलेगा।”

मेरी बीवी तेरी, तेरी वाली मेरी… बच्चे आपस में बाँट लेंगे: बिहार की शादीशुदा लव स्टोरी के आगे बॉलीवुड फेल!

बिहार के खगड़िया जिले में 2 शादीशुदा महिलाओं को एक-दूसरे के पति से प्यार होने और बाद में उन्हीं से शादी कर लेने की खबर है। इस दौरान दोनों पति भी अपनी-अपनी बीवियाँ बदल लेने के लिए राजी हो गए। इस अदला-बदली में एक दूसरे के बच्चे ही इधर-उधर हुए हैं। इनमें से एक शादी का वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। फिलहाल अब दोनों प्रेमी जोड़े एक-दूसरे के साथ ख़ुशी से रह रहे हैं।

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक मामला खगड़िया के चौथम थानाक्षेत्र का है। यहाँ के हरदिया गाँव के रहने वाले नीरज कुमार और पसराहा गाँव की रूबी देवी साल 2009 में वैवाहिक दाम्पत्य में बँधे थे। शादी के बाद दोनों को 4 बच्चे हुए। इस बीच रूबी को अपने ही मायके में रहने वाले मुकेश कुमार से प्यार हो गया। मुकेश कुमार पहले से शादीशुदा था और उसकी भी बीवी का नाम रूबी देवी था। मुकेश 2 बच्चों का पिता भी है। मौक़ा पा कर नीरज कुमार की पत्नी रूबी अपने प्रेमी के साथ 6 फरवरी 2022 को फरार हो गईं।

नीरज की पत्नी अपने साथ जाते हुए 4 में से 3 बच्चे भी लें गईं। इसमें 2 बेटे और 1 बेटी थी। बची एक बेटी नीरज के ही पास रह गई। इस घटना से इस तरफ रूबी के पति नीरज और दूसरी तरफ मुकेश की पत्नी रूबी अकेले हो गए। कुछ समय बाद नीरज ने मुकेश की पत्नी रूबी का नंबर निकला और उनसे बात करने लगा। धीरे-धीरे दोनों में प्यार हो गया। 11 फरवरी 2023 को नीरज भी मुकेश की पत्नी रूबी को ले कर फरार हो गया और 18 फरवरी को दोनों ने कोर्ट मैरिज कर ली।

नीरज ने भी अपनी 1 बेटी के साथ मुकेश के दोनों बच्चों को अपना लिया। फ़िलहाल दोनों प्रेमी जोड़े मध्य प्रदेश के अलग-अलग शहरों में चैन से रह रहे हैं। नीरज और रूबी की शादी का वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। मुकेश ने इस वीडियो में अपना बयान देते हुए रूबी से शादी की बात कबूली है और खुद को सुखी बताया है।

25 गज का मकान, ₹2 लाख नगद कैश: गाजियाबाद में लालच देकर चल रहा था खुला धर्मांतरण, केरल का ईसाई दंपति गिरफ्तार

उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में प्रलोभन देकर धर्मांतरण कराने का मामला सामने आया। पुलिस ने इस मामले में ईसाई पादरी और उसकी पत्नी को गिरफ्तार किया। दोनों केरल के रहने वाले हैं। आरोप है कि ये दोनों लोगों को जमीन और घर समेत अन्य तरह से लालच देकर धर्मांतरण का शिकार बनाते थे। घटना सोमवार (27 फरवरी 2023) की है।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, मामला गाजियाबाद के इंदिरापुरम थाना क्षेत्र के चनवानी गाँव का है। जहाँ ईसाई पादरी संतोष जोहन अब्राहिम अपनी पत्नी जीजी जोहन के साथ रह रहा था। दोनों आरोपितों ने लोगों को प्रार्थना कराने के लिए किराए पर एक हॉल ले रखा था। इस हॉल में ही लोग इकट्ठा होते थे। जहाँ प्रलोभन देकर धर्मांतरण कराया जाता था।

इस मामले को लेकर स्थानीय भाजपा युवा मोर्चा मंडल अध्यक्ष प्रवीन नागर का कहना है कि उन्हें सूचना मिली थी कि कुछ लोग कनवानी गाँव में धर्मांतरण कराने के लिए आए हुए हैं। सूचना के आधार पर वह रविवार (26 फरवरी 2023) की शाम मौके पर पहुँच गए। जहाँ उन्हें ये दोनों आरोपित मिले।

प्रवीन नागर ने आरोप लगाया है कि ईसाई मिशनरी से जुड़े पादरी और उसकी पत्नी धर्मांतरण के लिए 25 गज का मकान और दो लाख रुपए नगद देने की बात कर रहे थे। यह धर्मांतरण के लिए खुला प्रलोभन था।

वहीं इस मामले को लेकर एबीपी ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि ईसाई पादरी और उसकी पत्नी पाठशाला के चलाने के नाम पर छोटे बच्चों को ब्रेन वॉश करते थे। इन बच्चों को हिन्दू त्योहारों को मनाने से मना किया जाता था। यही नहीं घर जाकर अपने माता पिता को सिर्फ यीशु मसीह की बातें को बताने के लिए कहा जाता था। आरोपित बच्चों को बिस्किट, गिलास जैसी चीजें देकर ईसाई बनाने के लिए प्रलोभित कर रहे थे।

पुलिस पूछताछ में आरोपितों ने बताया है कि वे ऑपरेशन अगापे से जुड़ी संस्था यूनाइटेड क्रिश्चियन प्रेयर फ़ॉर इंडिया (यूसीपीआई) के यूपी मिशन के लिए काम करते थे। उन्होंने किराए पर जो हॉल ले रखा था वहाँ ईसाई धर्म की प्रार्थना व प्रचार के लिए लोग जुटते थे। यहीं पर लोगों को ईसाई धर्म अपनाने के लिए प्रेरित किया जाता था।

आरोपितों ने यह भी स्वीकार किया है कि मिशन अगापे से जुड़ी उनकी संस्था द्वारा प्रत्येक व्यक्ति को 20 लोगों को जोड़ने का टारगेट दिया जाता है। संस्था में जोड़ने के बाद उन्हें ईसाई धर्म की जानकारी देने के बाद प्रार्थना करवाई जाती थी। मिशन अगापे की वेबसाइट के अनुसार इसका उद्देश्य, “भारत में चर्च को बाइबिल की शिक्षाओं से लैस करने और जरूरतमंद लोगों को दया और प्यार दिखाने कर महान आज्ञा (ईसाई प्रार्थना) करवाने में मदद करना है।”

(फोटो साभार: ऑपरेशन अगापे की वेबसाइट)

फिलहाल इस पूरे मामले में पुलिस दोनों आरोपितों की कुंडली खँगालने में जुटी है। साथ ही पुलिस धर्मांतरण के इस गिरोह से जुड़े अन्य लोगों की तलाश भी कर रही है। पुलिस का कहना है कि यूसीपीआई संस्था के बारे में भी जानकारी जुटाई जा रही है।

पहले सफाईकर्मी को घोंपा चाकू, फिर थाने पर हमला किया: ऑस्ट्रेलियाई पुलिस ने भारत के रहमतुल्लाह को छाती पर मारी गोली, दूतावास ने जवाब माँगा

ऑस्ट्रेलिया के ऑबर्न रेलवे स्टेशन पर पुलिस द्वारा एक भारतीय को गोली मारने की घटना सामने आई। मृतक की पहचान 32 साल के मोहम्मद रहमतुल्लाह सैयद अहमद के तौर पर हुई है। सैयद तमिलनाडु का रहने वाला था। उस पर आरोप था कि उसने स्टेशन के एक कर्मचारी को चाकू मारा। इसके बाद पुलिस स्टेशन पहुँच पुलिस पर भी हमला।

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक घटना ऑस्ट्रेलिया के ऑबर्न (Auburn) रेलवे स्टेशन पर मंगलवार (28 फरवरी 2023) तड़के सुबह लगभग 2 बज कर 12 मिनट पर रेलवे कुछ सफाईकर्मी काम कर रहे थे। अचानक ही मोहम्मद रहमतुल्लाह सैयद अहमद वहाँ आया और उसने सफाई कर रहे एक 28 वर्षीय युवक को चाकू घोंप दी। आरोपित ने उसी पीड़ित को 2 बार चाकू मारा। सैयद के हमले से सफाईकर्मी नीचे गिर पड़ा। इस हमले के बाद आरोपित खुद को वहाँ से लगभग आधे किलोमीटर दूर पुलिस स्टेशन पहुँच गया।

जानकारी के मुताबिक जब आरोपित सैयद थाने के गेट पर पहुँचा तब तक वहाँ स्टेशन से चाकूबाजी की कॉल पहुँच चुकी थी। इस घटना की जानकारी पर 2 पुलिसकर्मी थाने के गेट से स्टेशन के लिए बाहर निकल रहे थे। इन पुलिसकर्मियों में एक महिला ऑफिसर भी थी। जैसे ही पुलिस वालों ने थाने का गेट खोला वैसे ही हमलावर अंदाज़ में सैयद रहमतुल्लाह अंदर घुस गया। आरोप है कि सैयद महिला पुलिसकर्मी से भी उलझ गया। इन हालातों में महिला पुलिसकर्मी के साथ मौजूद दूसरे ऑफिसर ने 3 गोलियाँ चलाईं।

बताया गया कि 3 में से 1 गोली थाने के गेट पर लगी जबकि 2 गोलियाँ आरोपित सैयद की छाती में लगी। गोली लगने के बाद सैयद मौके पर गिर पड़ा। पुलिस वालों ने खुद से इलाज करने के साथ उसे अस्पताल में भर्ती करवाया। अस्पताल में कुछ समय के बाद सैयद रहमतुल्लाह को मृत घोषित कर दिया गया। पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक कोविड-19 के दौरान सैयद रहमतुल्लाह लगभग 5 बार पुलिस से उलझ चुका था। बताया जा रहा है कि सैयद रहमतुल्लाह साल 2019 में स्टूडेंट वीजा पर ऑस्टेलिया गया था।

सैयद रहमतुल्लाह के हमले में घायल सफाईकर्मी को भी अस्पताल में भर्ती करवाया गया है जहाँ उसका इलाज चल रहा है। घायल की हालत अब खतरे से बाहर बताई जा रही है। सिडनी स्थित भारतीय दूतावास ने इस घटना को दुर्भाग्यपूर्ण बताया है। भारतीय उच्चायुक्त ने इस मामले में ऑस्ट्रेलिया के अधिकारियों से जवाब तलब किया है। वहीं न्यू साउथ वेल्स पुलिस के असिस्टेंट कमिश्नर स्टुअर्ट स्मिथ ने सैयद रहमतुल्लाह को गोली मारने वाले अपने ऑफिसर्स का खुल कर समर्थन किया है। उनके मुताबिक पुलिसकर्मियों के पास इतने कम समय में इस से बेहतर दूसरा कोई विकल्प नहीं था।

कंगाल पाकिस्तान में कौन कर रहा आतंकियों का सफाया? अब कराची में स्कूल चला रहे आतंकवादी को गोलियों से भूना, 8 दिनों में 3 खूँखार हुए ढेर

आर्थिक संकट और महँगाई की मार झेल रहे पाकिस्तान में एक-एक कर आतंकवादियों का सफाया किया जा रहा है। 21 फरवरी, 2023 से लेकर 27 फरवरी, 2023 तक 8 दिनों के भीतर तीन खूँखार आतंकियों को मौत के घाट उतार दिया गया है। सोमवार 27 फरवरी को कश्मीर में सक्रिय रहे आतंकी सैयद खालिद राजा को मार दिया गया। आतंकवादी संगठन अल-बद्र से जुड़े सैयद खालिद राजा को अज्ञात हमलावर ने गोलियों से भून दिया।

अल-बद्र का आतंकी खालिद कश्मीर में कमांडर था इसके बाद वह पाकिस्तान के कराची भाग गया। कराची में वह ‘फेडरेशन ऑफ प्राइवेट स्कूल्ज’ का वाइस चेयरमैन बना दिया गया था। रिपोर्टों की मानें तो अब भी वह कश्मीरी आतंकियों के साथ जुड़ा हुआ था। बताया जा रहा है कि खालिद को हमलावरो ने उसके घर के बाहर ही गोली मार दी। गोली लगने से मौके पर ही उसकी मौत हो गई।

इससे पहले बुधवार (22 फरवरी, 2023) को कश्मीर में पैदा हुए आतंकी एजाज अहमद अहंगर को अफगानिस्तान में मार गिराया गया था। अहंगर इस्लामिक स्टेट से जुड़ा हुआ था और भारतीयों पर हमला करने के लिए आत्मघाती हमलावरों को तैयार करता था। गृहमंत्रालय ने जनवरी 2023 में ही अहंगर को आतंकी घोषित किया था। अहंगर को अबू उस्मान अल-कश्मीरी के नाम से भी जाना जाता था।

मंगलवार (21 फरवरी, 2023) को हिजबुल मुजाहिद्दीन के टॉप कमांडर बशीर अहमद पीर को भी अज्ञात हमलावर ने मार दिया था। रिपोर्टों के मुताबिक बशीर अपने घर के पास मस्जिद में नमाज पढ़ने गया था। मस्जिद से बाहर निकलने के बाद एक दुकान के पास खड़े बशीर को बाइक से आए दो हमलावरों ने गोली मार दी थी। अक्टूबर 2022 में भारत में आतंकी गतिविधियों को बढ़ावा देने में शामिल होने की वजह से उसे आतंकवादी घोषित किया गया था।

तीनों आतंकियों के मारे जाने के बाद पाकिस्तान में इसे लेकर कयास लगाए जा रहे हैं। हालाँकि अल-बद्र के आतंकी खालिद के हत्या की जिम्मेदारी सिंधुदेश रिवॉल्युशनरी आर्मी ने ली है। सिंधुदेश रिवॉल्युशनरी आर्मी नाम का संगठन पाकिस्तान से अलग सिंधुदेश बनाने की माँग कर रहा है। आतंकी एजाज अहमद अहंगर की हत्या का आरोप तालिबान पर लगा है जबकि बशीर अहमद पीर की हत्या करने वाले के बारे में पता नहीं चल सका है।

बिहार पुलिस ने सेना के जवान को परिवार के सामने घसीट-घसीट कर पीटा, माँ-बहन की गंदी-गंदी गालियाँ दी, जेल में कैद कर दिया: नसीम अख्तर ने की थी FIR

बिहार के पूर्वी चम्पारण स्थित रक्सौल में एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने बिहार पुलिस के दामन को दागदार कर दिया है। बिहार के रक्सौल में पुलिसकर्मियों ने भारतीय सेना के एक जवान को जम कर पीटा, उसे घसीटा, गालियाँ दी और फिर जेल में डाल दिया। परिजन अब तक न्याय की आस में हैं। लोग विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। बिहार पुलिस का ुकर जवान राधामोहन गिरी अपनी पत्नी को परीक्षा दिलाने के लिए ले जा रहा था।

इस वीडियो में बिहार के पुलिसकर्मी भारतीय सेना के जवान को माँ-बहन की गंदी-गंदी गालियाँ देते हुए भी दिख रहे हैं। उक्त व्यक्ति बार-बार खुद को सेना का जवान बता रहा, लेकिन पुलिस वाले वीडियो बनाने वाले को भी रोक रहे हैं। प्रमोद गिरी के बेटे राधामोहन बेलाघाटी के निवासी हैं। वो अपनी पत्नी काजल को परीक्षा दिलाने के लिए रक्सौल आ रहे थे। बताया जा रहा है कि इस दौरान लक्ष्मीपुर में कार के साइड मिरर लुकिंग ग्लास से एक व्यक्ति को चोट लग गई।

उक्त व्यक्ति का नाम नसीम अख्तर है, जिसकी FIR को आधार बना कर बिहार पुलिस आगे की कार्रवाई कर रही है। इंस्पेक्टर जितेंद्र कुमार भी घटनास्थल पर पहुँचे और सेना के जवान को थाने लेकर जाने का आदेश दिया। राधामोहन गिरी अपने परिवार के लोगों के साथ मुख्य पथ स्थित हजारीमल हाईस्कूल के समीप अपनी पत्नी को उतार कर सड़क पर एक तरफ गाड़ी पार्क करने लगे, इतने में सब-इंस्पेक्टर ने उनसे बदसलूकी करनी शुरू कर दी।

परिवार न्याय के लिए थाने में बैठा रहा, लेकिन पुलिस वालों ने कोई ध्यान नहीं दिया। पुलिस अधीक्षक वायरल वीडियो के आधार पर कार्रवाई की बात कह रहे हैं, लेकिन एक सप्ताह बीत जाने के बावजूद किसी भी पुलिसकर्मी पर कोई कार्रवाई नहीं हुई है। बिहार के चर्चित यूट्यूब पत्रकार मनीष कश्यप ने FIR की कॉपी भी साझा की है, जिसे नसीम अख्तर ने दर्ज कराया है। नसीम का दावा है कि चोट लगने से उसके चाचा बेहोश हो गए और सेना के जवान ने ही उससे गाली-गलौच की।