Home Blog Page 2748

जड़ों को खोदता, लकड़ियाँ भर आग लगा देता: कश्मीर के जिस मंदिर को सूफी के कहने पर 600 साल पहले तोड़ा, वहाँ अब हुई पूजा-अर्चना

जम्मू कश्मीर के अनंतनाग में स्थित मार्तण्ड सूर्य मंदिर के बारे में आपने सुना है? जी हाँ, वही मंदिर जिससे विशाल भारद्वाज की फिल्म ‘हैदर (2014)’ में ‘शैतान की गुफा’ के रूप में दिखा कर बदनाम किया गया था और जहाँ उस फिल्म के नायक शाहिद कपूर ने ‘डेविल डांस’ भी किया था। जबकि असली बात तो ये है कि ये मंदिर कभी पूरे भारत का, खासकर हिमालय का गौरव हुआ करता था। चुनिंदा प्राचीन सूर्य मंदिरों में एक था ये।

वर्षों बाद कश्मीर के मार्तंड सूर्य मंदिर में हुई पूजा

हम इस मंदिर की आज बात इसीलिए कर रहे हैं, क्योंकि इसे लेकर एक ताज़ा खबर आई है। असल में शुक्रवार (6 मई, 2022) को सुबह 100 से भी अधिक श्रद्धालुओं ने यहाँ पहुँच कर पूजा-अर्चना की। इस दौरान उन्होंने हनुमान चालीसा का पाठ भी किया। कई पंडित भी यहाँ पर पहुँचे। बताया जाता है कि इस मंदिर का निर्माण 8वीं शताब्दी में हुआ था, लेकिन सन् 1389 और 1413 के बीच कई बार इसे नष्ट करने की कोशिश की गई।

अब श्रद्धालुओं ने वहाँ पहुँच कर शंख बजा कर पूजा-पाठ किया और ‘हर-हर महादेव’ के नारों से ‘भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग (ASI)’ द्वारा संरक्षित ये स्थल गूँज उठा। पिछले कई वर्षों से कश्मीरी पंडित ये लगातार माँग कर रहे हैं कि ‘शारदा पीठ कॉरिडोर’ को खोल दिया जाए। ये एक सकारात्मक खबर है, इसीलिए भी क्योंकि मार्तण्ड सूर्य मंदिर में शंकराचार्य जयंती के दिन ये कार्यक्रम हुआ। भारत की चार दिशाओं में चार मठ स्थापित करने वाले जगद्गुरु ने सही मायनों में देश का एकीकरण किया था।

अब कई ज्योतिषाचार्यों एवं पंडितों ने यहाँ पूरे विधि-विधान के साथ पूजा की है। बता दें कि शारदा पीठ ‘पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (POK)’ में स्थित है। मार्तण्ड सूर्य मंदिर में पूजा-अर्चना के दौरान सुरक्षा व्यवस्था भी कड़ी रही और बड़ी संख्या में जवाब मौजूद रहे। अनंतनाग को स्थानीय मुस्लिमों द्वारा ‘इस्लामाबाद’ भी कहा जाता है। जिला प्रशासन ने सुरक्षा की व्यवस्था की थी। एक शिला को मंच बना कर वहाँ श्रद्धालुओं ने पूजा की।

सिकंदर शाह मीरी नाम के इस्लामी आक्रांता ने इस मंदिर को तोड़ा था। पूजा के दौरान श्रद्धालुओं के हाथ में भगवा झंडे भी थे, जिन पर ॐ अंकित था। साथ ही उनके हाथों में देश का राष्ट्रीय ध्वज तिरंगा भी था। भगवद्गीता का पाठ भी किया गया। ASI द्वारा संरक्षित स्थलों पर पूजा-पाठ किया जा सकता है, अगर पहले से होता रहा हो। महाराजा रुद्रनाथ अनहद महाकाल के नेतृत्व में ये कार्यक्रम हुआ। वो राजस्थान के करौली में ‘राष्ट्रीय अनहद महायोग पीठ’ के अध्यक्ष हैं।

उन्होंने जिला प्रशासन को इस कार्यक्रम की अनुमति के लिए ईमेल किया था, लेकिन उन्हें कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली। उन्होंने कहा कि हमने आगे बढ़ने का फैसला लिया, क्योंकि चुप रहने की बजाए कार्य करने बेहतर है। यहाँ आकर कमिश्नर को कार्यक्रम की सूचना दी गई, जिन्होंने कहा कि ये सुरक्षित क्षेत्र नहीं है। फिर पुलिस फ़ोर्स भेजी गई। आदिगुरु शंकराचार्य भी कश्मीर आए थे। श्रद्धालुओं का कहना है कि उस स्थल को पवित्र करने के लिए वो वहाँ गए थे।

जैसा कि हमें पता है, भगवान सूर्य की पूजा भारतीय सनातन संस्कृति में आदिकाल से होती आई है। इसका उदाहरण ऋग्वेद में भी मिल सकता है, जिसमें सूर्य को इस संपूर्ण ब्राह्मण की दृष्टि बताया गया है। उन्हें प्रकाश का देवता माना गया। आज भी उत्तर बिहार में छठ पूजा (सूर्य षष्ठी) सबसे बड़ा त्यौहार है। उन्हें इस जगत का पालन-सर्वेक्षक बताया गया है। जीवन के अर्थ को ही ऋषियों ने सूर्योदय का वर्णन करना करार दिया। उन्हें समस्त लोकों को प्रकाशित करने वाला बताया गया है।

ललितादित्य मुक्तापीड ने करवाया था भव्य मंदिर का निर्माण

कश्मीर में एक बहुत ही पराक्रमी राजा हुआ थे जिनका नाम था ललितादित्य मुक्तापीड। कहा जाता है कि मार्तण्ड सूर्य मंदिर का निर्माण उन्होंने ही करवाया था। उनका तो सन् 761 में निधन हो गया और उनके बाद उनके वंश के अधिकतर राजा दुर्बल साबित हुए, लेकिन ये मंदिर लोगों को अपने प्रिय राजा की याद दिलाता रहा। मार्तण्ड सूर्य मंदिर की भव्यता की तुलना विजयनगर सम्राज्य की राजधानी हम्पी से होती रही है। अफ़सोस ये कि इस्लामी आक्रांताओं की बर्बरता के कारण हम्पी के भी अब सिर्फ अवशेष ही बचे हैं। वो शहर, जिसकी तुलना तब के रोम से होती थी।

उस समय भारत, ईरान और मध्य एशिया के कई क्षेत्रों में करकोटा वंश के ललितादित्य मुक्तापीड का शासन फैला हुआ था। भले ही इस मंदिर का भव्य निर्माण उन्होंने कराया हो, इससे जुड़ी कथा महाभारत में पांडवों तक जाती है। मार्तण्ड सूर्य मंदिर के आसपास कुल 84 अन्य छोटे-छोटे मंदिर हुआ करते थे, जिनके आज सिर्फ अवशेष ही बचे हैं। ओडिशा के कोणार्क और गुजरात के मोढेरा की तरफ मार्तण्ड सूर्य मंदिर का स्थान भी देश में उच्चतम था।

15वीं शताब्दी की शुरुआत में इस्लामी आक्रांताओं ने इसे जड़ से मिटाने की ठान ली और इसे अवशेषों में बदल दिया। एक पूरी की पूरी फ़ौज को इस मंदिर को तोड़ने में पूरे एक साल लग गए, जिससे इसकी मजबूती का अंदाज़ा लगाया जा सकता है। इससे तीन किलोमीटर की दूरी पर ही मट्टन में शिव मंदिर स्थित है, जहाँ आज भी पूजा-पाठ होता है। यहाँ एक जल के कुंड के भीतर ही शिवलिंग स्थित है। श्रद्धालु वहाँ आज भी दर्शन के लिए जाते हैं।

अनंतनाग शहर से पूर्व दिशा में इसकी दूरी 3 किलोमीटर है और ये जम्मू कश्मीर की राजधानी श्रीनगर से 64 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। ये एक किस्म के पठार पर स्थित है। उस समय इसकी कलाकृतियाँ देख कर लोग अचंभे से भर जाते थे। सिकंदर शाह मीरी ने उनमें से कई मंदिरों को ध्वस्त कर के उन्हीं ईंट-पत्थरों का इस्तेमाल कर मस्जिदें बनवाई। उसने इसकी जड़ों को खोदना शुरू किया और उनमें से पत्थर निकाल कर लकड़ियाँ भर देता था। इसके बाद उन लकड़ियों में वो आग लगवा देता था। इस तरह उसने मार्तंड सूर्य मंदिर को ध्वस्त कर डाला।

ये भी जानने लायक बात है कि इस मंदिर को नष्ट करने की सलाह उसे एक ‘सूफी फकीर’, जिसे आजकल ‘सूफी संत’ भी कहते हैं, उसने दी थी। उसका नाम था – मीर मुहम्मद हमदानी। वो कश्मीर के समाज को इस्लामी बनाना चाहता था। वो इलाके में ब्राह्मणों के वर्चस्व को तोड़ कर सारी संपदा हथियाना चाहता था। इसके बाद कई भूकंप भी आए, जिनमें मंदिर को क्षति पहुँची। जिस पठार पर इसे बनाया गया था, वहाँ से तब अधिकतर कश्मीर घाटी को देखा जा सकता था।

Marvel लाया पहली मुस्लिम सुपरहीरो सीरीज: फरहान अख्तर इसी से करेंगे हॉलीवुड में बिस्मिल्लाह, बोले- बहुत खुशनसीब हूँ

बॉलीवुड अभिनेता फरहान अख्तर मार्वेल स्टूडियोज की पहली मुस्लिम सुपरहीरो सीरीज ‘मिस मार्वेल’ में नजर आएँगे। इस फिल्म में जर्सी सिटी में पली-बढ़ी एक मुस्लिम अमेरिकी टीनेजर कमला खान उर्फ मिस मार्वेल की कहानी देखने को मिलेगी। ये किरदार इमान वेल्लानी निभाएँगी। फरहान अख्तर इस फिल्म में किस रोल में होंगे, ये अभी कन्फर्म नहीं है। मगर डिज्नी प्लस की इस सीरीज से वह अपना हॉलीवुड डेब्यू करेंगे। कुछ रिपोर्ट्स बता रही है कि वो इस सीरीज में गेस्ट अपीयरेंस देंगे।

डिज्नी+ सीरीज एक्टर का पहला हॉलीवुड प्रोजेक्ट होगा। 48 वर्षीय एक्टर ने एक इंस्टाग्राम पोस्ट के जरिए खुद ही इसका खुलासा किया है। उन्होंने पोस्ट के कैप्शन में लिखा, “खुशनसीब हूँ कि, यूनिवर्स आपको आगे बढ़ने व सीखने के ऐसे मौके देता है और इस केस में मुझे ये रोल करने में बहुत ज्यादा मजा आया।”

डेडलाइन की 6 मई की रिपोर्ट में भी इसकी पुष्टि की गई है। इसके मुताबिक, शो में कमला खान एक गेमर और फैन फिक्शन राइटर हैं, जो कैप्टन मार्वेल की फैन हैं। वो अपने घर और स्कूल में खुद को तब तक एक बाहरी के रूप में महसूस करती हैं, जब तक उन्हें अपने पसंदीदा किरदार की तरह सुपरपावर नहीं मिल जाती।

गौरतलब है कि पिछले साल की शुरुआत में भी इस तरह की चर्चाएँ सामने आईं थीं कि एक्टर बैंकॉक मार्वेल स्टूडियोज के एक प्रोजेक्ट पर काम कर रहे हैं। अब उसकी पुष्टि भी हो गई है। यह सीरीज 8 जून 2022 को ओटीटी प्लेटफॉर्म डिज्नी+हॉट स्टार पर रिलीज होगी। यहाँ ये अंग्रेजी, तमिल, तेलुगू, हिंदी और मलयालम भाषा में उपलब्ध होगी। उल्लेखनीय है कि इससे पहले अख्तर ‘रॉक ऑन!’, ‘जिंदगी ना मिलेगी दोबारा’, ‘भाग मिल्खा भाग’ और ‘दिल धड़कने दो’ जैसी हिट फिल्में दे चुके हैं।

बता दें कि मिस मार्वेल सीरीज में फरहान और वेल्लानी के अलावा अरामिस नाइट, ज़ेनोबिया श्रॉफ, मोहन कपूर, सागर शेख, ऋष शाह, मैट लिंट्ज़, अजहर उस्मान, यास्मीन फ्लेचर, लैथ नाकली, ट्रैविना स्प्रिंगर और निमरा बुका भी नजर आएँगे। इनके अलावा एक्टर फवाद खान भी इससे पहले ये कन्फर्म कर चुके हैं कि वो भी इस सीरीज में शामिल हैं। एक्टर ने एक इंटरव्यू में कहा था, “हाँ मैं भी सीरीज का हिस्सा हूँ। मैं अब इनकार भी नहीं कर सकता, अब तो मैं झूठ नहीं बोल सकता, वो तो उन्होंने खुद न्यूज लगा दी है।”

हनुमान मंदिर में लाउडस्पीकर लगाने पर कारोबारी को सिराज की धमकी – उतरवा लो, वरना होगा किशन भरवाड़ वाला हाल

गुजरात के बोटाद में एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। सिराज उर्फ़ ‘सिरो डॉन’ उर्फ़ ‘डॉन हुसैन खलयानी बोटादवाला’ नामक एक स्थानीय गुंडे ने ‘विश्व हिन्दू परिषद (VHP)’ के नेता एवं कारोबारी महेन्द्रभाई लालजीभाई माली उर्फ़ मुन्नाभाई माली को धमकी दी है। उसने धमकाया है कि कारोबारी का वही वही हाल होगा, जो किशन भरवाड़ का हुआ था। ये घटना गुरुवार (5 मई, 2022) की है। बता दें कि बोटाद जिले को अहमदाबाद के दक्षिणी-पश्चिमी और भावनगर के उत्तरी-पश्चिमी हिस्सों को काट कर बया गया था।

इसके दो दिन बाद शनिवार को मुन्नाभाई माली ने बोटाद पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई। बोटाद पुलिस ने इस शिकायत के आधार पर कार्रवाई करते हुए आरोपित को गिरफ्तार करने में भी सफलता पाई है। आरोपित सिरो डाउन का पुराना आपराधिक इतिहास रहा है। कई अन्य अपराधों को लेकर उसके खिलाफ पहले से ही शिकायतें दर्ज होती रही हैं। मुन्नाभाई माली ने ऑपइंडिया से बात करते हुए बताया कि 5 मई, 2022 को वो दोपहर 3 बजे घर से दुकान की तरफ जा रहे थे।

तभी, नागलपर दरवाजा के पास एक मेडिकल स्टोर के नजदीक सामने वाली सड़क से एक बिना नंबर वाली स्विफ्ट कार में सिराज आ धमका। इसके बाद उसने मुन्नाभाई माली को धमकी देते हुए कहा, “गाँव में तुमने हनुमान जी के मंदिर पर एक लाउडस्पीकर लगा रखा है। उस लाउडस्पीकर को जल्द से जल्द उतरवा लो, वरना तुम्हारा वही हाल होगा जो किशन भरवाड़ का हुआ था। आखिर तुम हमारा क्या कर लोगे? अगर मैं तुम्हें कार में खींच लूँ और तुम्हारा अपहरण कर लूँ, तुम कुछ नहीं कर पाओगे।”

गुंडे सिराज ने कारोबारी को धमकी देते हुए आगे कहा, “हमलोग तुम सब पर नजर रख रहे हैं। अपनी हद में रहो, वरना मैं तुम्हारी हत्या कर दूँगा।” इसके बाद उसने सड़क पर ही चिल्लाते हुए कारोबारी मुन्नाभाई माली को फिर से मार डालने की धमकी दी। इसके बाद मुन्नाभाई माली ने रसिकभाई तलशिभाई कंजरिया को फोन किया, जो विहिप के भावनगर खंड के अध्यक्ष हैं। उन्हें पूरी घटना के बारे में बताया। उनकी सलाह पर ही बोटाद पुलिस थाने में मामला दर्ज कराया गया।

ऑपइंडिया ने भी रसिकभाई तलशिभाई कंजरिया से बात की, जिन्होंने बताया, “पूरे भारत और गुजरात की तरह, बोटाद में भी कई मंदिरों पर हनुमान चालीसा बजाने के लिए माइक और लाउडस्पीकर लगाए गए हैं। मुन्नाभाई 20 वर्षों से विहिप से जुड़े हुए हैं। वो जब अपनी फूलों की दुकान की तरफ जा रहे थे, तब उन्हें सिराज ने अपहरण और हत्या की धमकी दी। इस क्षेत्र में सांप्रदायिक भाईचारा नए रखने के लिए सिराज जैसे असामाजिक तत्वों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए।”

याद दिलाते चलें कि किशन भरवाड़ की हत्या 25 जनवरी 2022 को कर दी गई थी। 2 बाइक सवारों ने इस हत्याकांड को अंजाम दिया। हत्या की वजह सोशल मीडिया पर मोहम्मद पैगम्बर को ले कर डाली गई एक पोस्ट थी जिसे हत्यारोपितों ने ईशनिंदा माना था। ये मामला संसद में भी गूँजा था। ATS ने पाया था कि मौलाना शब्बीर ने किशन की हत्या करने वाले आरोपितों को 11 लोगों की हत्या करने का ठेका दिया था। मौलाना अय्यूब को अहमदाबाद के जमालपुर से आरोपितों को हथियार उपलब्ध करवाने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था।

आँकड़ों में कंफ्यूज राहुल गाँधी ने करवाई फजीहत: ट्वीट में खुद बता डाला- कॉन्ग्रेस काल में 2022 से भी ज्यादा महंगा था LPG सिलिंडर

कॉन्ग्रेस सांसद राहुल गाँधी ने रविवार (8 मई 2022) को LPG गैस के मुद्दे पर मोदी सरकार को घेरने के चक्कर में अपनी ही पार्टी की फजीहत करवा ली। एक ट्वीट कर के उन्होंने बताया कि साल 2014 में कॉन्ग्रेस की सरकार के दौरान एक सिलेंडर ₹1,237 का था। जो कि मोदी सरकार में ₹999 का है। राहुल गाँधी ने यह समझाने का प्रयास किया कि तब ग्राहक ₹410 अपनी जेब से भरते थे और सरकार उन्हीं करदाता ग्राहकों का ₹847 सब्सिडी के तौर पर लगाती थी।

राहुल गाँधी ने आगे लिखा, “तब एक 2 सिलेंडर के दाम में आज सिर्फ एक। सिर्फ कॉन्ग्रेस सरकार ही गरीबों और मध्यमवर्गीय लोगों के कल्याण के लिए काम करती है। हमारी आर्थिक नीतियों में यही प्रमुखता भी होती है।”

असल में कॉन्ग्रेस सांसद ने लोगों को यह बताने का प्रयास किया था कि कैसे मोदी सरकार ने लोगों को सब्सिडी देना बंद कर दी। इसी के चलते साल 2022 में लोगों को एक सिलेंडर के ₹999 देने पड़ रहे हैं। लेकिन कहीं न कहीं राहुल गाँधी ने ये मान लिया कि साल 2014 में गैस सिलेंडर का दाम साल 2022 से अधिक था। कुल मिला कर कॉन्ग्रेस सरकार टैक्स भरने वालों का ही पैसा उन्हें सब्सिडी के रूप में लौटा रही थी।

आँकड़ों के हिसाब से वर्तमान समय में सिलेंडर गैस का मूल्य पिछले 8 वर्ष पहले के दाम से उतार चढ़ाव के बाद भी सबसे कम है। मार्कोट्रेंड के एक लेख के मुताबिक साल 2014 में भारत में मुद्रास्फीति की दर 6.65%, 2015 में 4.91%, 2016 में 4.95%, 2017 में 3.33%, 2018 में 3.95%, 2019 में 3.72%, 2020 में 6.62% रही। साल 2014 में ₹1,237 की कीमत वर्तमान साल 2022 के हिसाब से लगभग ₹1,950 के आस-पास होगी। ये आँकड़े कहीं न कहीं राहुल गाँधी के दावों से मेल नहीं खाते है।

चित्र साभार – Marcotrends

LPG उत्पादन, क्रूड आयल रेट और आयत

शायद राहुल गाँधी के ट्वीट के बचाव में कॉन्ग्रेस पार्टी दावा करे कि तब क्रूड आयल और नेचुरल गैस के दाम आज के मुकाबले काफी अधिक थे। LPG गैस का उत्पादन क्रूड आयल के रिफाइन प्रक्रिया के दौरान होता है या इसे नेचुरल गैस प्रोडक्शन प्रक्रिया के दौरान निकाला जाता है। एल्गास में लिखे एक लेख के मुताबिक LPG मुख्य रुप से 2 माध्यमों से पैदा होती है। इसके उत्पादन का लगभग 60% हिस्सा सामान्य नेचुरल गैस प्रोडक्शन प्रक्रिया से आता है जबकि लगभग 40% क्रूड आयल रिफाइन प्रक्रिया के माध्यम से।

साभार – orfonline.org

रिपोर्ट के मुताबिक, “यह एक सह-उत्पाद है जो प्राकृतिक ढंग से पैदा होता है। बाद में इसे जमा कर के सिलेंडर के माध्यम से बड़े पैमाने पर वितरित किया जाता है। LPG गैस का निर्माण LPG गैस निर्माण प्रक्रिया के तहत होता है। इस दौरान नेचुरल क्रूड आयल का आसवन (डिस्टिलेशन) होता है।” भारत अधिकतर क्रूड आयल खाड़ी देशों से खरीदता है।

ब्रेंट क्रूड आयल के साल 2014 से 2022 के बीच के दाम का ग्राफ, साभार – ट्रेडिंग इकोनॉमिक्स

यहाँ ये ध्यान देने योग्य है कि ब्रेंट यूरोप के साथ अफ्रीका और मध्य पूर्व के देशों द्वारा प्रयोग किया जाने वाला एक मानक है। उपलब्ध आँकड़ों के मुताबिक 1 बैरल क्रूड आयल का दाम साल 2014 में लगभग $113 था। लगभग यही दाम आज भी है।

जब 2014 और 2022 में क्रूड आयल के दाम एक समान थे तब सिलेंडर गैस के दामों में ₹200 से अधिक का अंतर क्यों है ? यद्द्पि राहुल गाँधी ने यह तर्क देने की कोशिश की है कि मोदी सरकार की आर्थिक नीतियों से मध्यमवर्गीय परिवार प्रभावित हो रहे हैं। उनके ट्वीट से यही मतलब निकाला जा सकता है कि वर्तमान समय में सिलेंडर गैस के दाम पहले के मुकाबले कम हैं। सब्सिडी से बच रहा पैसा सरकार के कई अन्य प्रोजेक्टों को पूरा करने में काम आ रहा है।

माही विज को अनजान शख्स से मिली रेप की धमकी, 3 साल की बेटी के सामने गाली-गलौच: Video के आधार पर मुंबई में शिकायत दर्ज

महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई महिलाओं के सबसे सुरक्षित कही जाती है, लेकिन टेलीविजन अभिनेत्री माही विज ने मुंबई की पोल-पट्टी खोलकर रख दी है। अभिनेत्री ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट के माध्यम से एक छोटा-सा वीडियो क्लिप शेयर करते हुए बताया कि एक शख्स ने उनसे गाली-गलौच और रेप की धमकी दी। उन्होंने कहा कि उस अजनबी व्यक्ति ने उनकी कार को टक्कर मार दी। इस मामले में उन्होंने मुंबई पुलिस से मदद माँगी और पुलिस ने स्थानीय थाने पहुँचकर रिपोर्ट लिखवाने के लिए कहा है।

अभिनेत्री ने सोशल मीडिया पर लिखा, “इस व्यक्ति ने मेरी कार को टक्कर मारी, गाली दी और मुझे बलात्कार की धमकी दी।” उन्होंने आगे कहा कि उसकी पत्नी भी आक्रामक हो गई और अपने पति को रेप करने के लिए उकसाया। माही ने मुंबई पुलिस से मदद माँगते हुए कहा, “हमारे लिए खतरा बने इस आदमी को खोजने में मेरी मदद करें।”

माही विज का कहना है कि जब यह घटना उनके साथ हुई, तब उनके साथ उनकी लगभग तीन साल की बेटी तारा भी थी। विज द्वारा शेयर किए गए कुछ सेकेंड में वीडियो में बदतमीजी करने वाले शख्स की कार का नंबर दिख रहा है। उन्होंने इसी आधार पर पुलिस से माँगी है। वहीं, मुंबई पुलिस ने उनकी ट्वीट का जवाब देते हुए कहा कि निकटतम पुलिस स्टेशन में जाकर अपनी शिकायत दर्ज कराएँ।

इसके बाद माही मुंबई के वर्ली पुलिस स्टेशन गईं और वहाँ उन्हें अपने साथ हुई घटना की लिखित शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने रिकॉर्ड किए गए वीडियो की को भी पुलिस के साझा किया है। उन्होंने बताया कि पुलिस ने उन्हें हर तरह से मदद करने का आश्वासन दिया है।

बता दें कि माही विज टेलीविजन सीरियल की प्रसिद्ध अभिनेत्री हैं और घर-घर में लोकप्रिय हैं। उनकी सीरियल ‘लागी तुझसे लगन’ और ‘बालिका वधू’ को दर्शकों को खूब सारा प्यार मिला। वह जल्द ही डांस रियलिटी शो ‘डांस इंडिया डांस लिटिल मास्टर्स’ को होस्ट करने वाली है। माही ने मशहूर टीवी एक्टर जय भानुशाली से शादी की है। दोनों की एक बेटी है।

‘KGF 3’ में विलेन के रूप में हो सकती है ‘भल्लाल देवा’ की एंट्री, चैप्टर 2 की कमाई पहुँची ₹1130 करोड़: हिंदी में तोड़ा ‘दंगल’ का रिकॉर्ड

KGF फ्रैंचाइज़ी के फैन दर्शकों के लिए एक बहुत ही अच्छी खबर है। ‘बाहुबली’ सीरीज में अपने किरदार से डरावने और क्रूर विलेन की छवि को नया रूप देने वाले राना दग्गुबाटि ‘KGF 3’ में दिखाई दे सकते हैं। निर्देशक प्रशांत नील और निर्माता कंपनी ‘Hombale फिल्म्स’ की योजना है कि हॉलीवुड के मार्वल की तरह ‘KGF’ को भी एक बड़ी फ्रैंचाइज़ी के रूप में विकसित किया जाए। रामचंद्र राजू (गरुड़ा) और संजय दत्त (अधीरा) ने फिल्म सीरीज की पहली दो फिल्मों में विलेन का किरदार निभाया है।

जहाँ तक बॉक्स ऑफिस कलेक्शंस की बात है, यश के लीड रोल वाली ‘KGF 2’ ने अब तक दुनिया भर में 1130 करोड़ रुपए की कमाई कर ली है। इसके साथ ही इसने निर्देशक एसएस राजामौली की फिल्म ‘RRR’ का हालिया रिकॉर्ड तोड़ दिया है, जिसमें जूनियर NTR और राम चरण मुख्य भूमिकाओं में थे। ‘RRR’ ने अब तक 1127 करोड़ रुपए की कमाई की है। जहाँ ‘RRR’ तेलुगु फिल्म है, ‘KGF’ सीरीज कन्नड़ सिनेमा इंडस्ट्री से ताल्लुक रखती है।

मीडिया रिपोर्ट्स में कहा जा रहा है कि ‘KGF 3’ की योजना तैयार है और इसके लिए निर्माता-निर्देशक जल्द ही राना दग्गुबाटि से संपर्क कर सकते हैं। ‘KGF 2’ में संजय दत्त के किरदार ‘अधीरा’ की मौत हो जाती है, ऐसे में नया विलेन कहानी की ज़रूरत भी है। हैदराबाद में प्रशांत नील और राना दग्गुबाटि की मुलाकात हो सकती है। फ़िलहाल प्रशांत नील प्रभास-श्रुति हासन स्टाटर ‘सालार’ की शूटिंग में व्यस्त हैं। इसके बाद वो अगली फिल्म पर काम शुरू करेंगे।

यश पहले ही बता चुके हैं कि अगले भाग में एक्शन का लेवल और ऊपर होगा। इसके अलावा ज्यादा रोमांच भी देखने को मिलेगा। प्रोड्यूसर विजय किरगंदुर इसके लिए योजना बना रहे हैं। ‘सालार’ की 30-35% शूटिंग पूरी हो चुकी है। अलग-अलग फिल्मों के अभिनेताओं को ‘मार्वल यूनिवर्स’ की तर्ज पर ‘KGF’ सीरीज में लाया जाएगा। ये सभी एक्शन स्टार ही होंगे। ‘KGF 3’ का बजट भी 500 करोड़ रुपए पहुँच सकता है। अक्टूबर-नवंबर तक ‘सालार’ की शूटिंग भी पूरी हो जाने की उम्मीद है।

अकेले हिंदी भाषा में ‘KGF 2’ ने 400 करोड़ से अधिक की नेट कमाई कर ली है। फिल्म ने सभी हिंदी फिल्मों को भारत में कमाई के मामले में पीछे छोड़ दिया है, यहाँ तक कि आमिर खान के ‘दंगल (2016)’ और ‘बजरंगी भाईजान (2015)’ को भी। जहाँ ‘दंगल’ की नेट कमाई 387 करोड़ रुपए थी, सलमान खान की ‘बजरंगी भाईजान’ ने 320 करोड़ रुपए नेट बटोरे थे। अब हिंदी में ‘KGF 2’ से आगे सिर्फ ‘बाहुबली 2’ का हिंदी वर्जन है, जो हिंदी भाषा में 500 करोड़ रुपए की नेट कमाई करने वाली अकेली मूवी है।

3000+ हिंदुओं को ईसाई बनाना चाहता था चर्च, इनकार सुन बौखलाया: पब्लिक रोड ब्लॉक की, हिंदू बच्चों को पढ़ाने से भी किया मना

तमिलनाडु के तिरुवन्नामलाई के मारुथुवमपडी गाँव से चौंकाने वाला मामला प्रकाश में आया है, जहाँ गाँव के लोगों ने गाँव में ही स्थित एक रोमन कैथोलिक चर्च पर धर्मान्तरण नहीं करने पर रास्ता रोकने का आरोप लगाया है। इस मामले को लेकर गाँव के लोगों ने जिले के कलेक्टर से आरोपित चर्च के खिलाफ कार्रवाई करने की माँग की है।

रिपोर्टों के मुताबिक, ग्रामीणों का आरोप है कि चर्च ने उन्हें ईसाई धर्म अपनाने को कहा था, लेकिन जब उन्होंने इससे इनकार कर दिया तो उसने लोगों को प्रताड़ित करने का ये रास्ता निकाला। इसके साथ ही चर्च ने धर्मान्तरण से इनकार करने वाले लोगों के बच्चों को शिक्षा देने से भी इनकार कर दिया है। इस गाँव में करीब 3000 हिंदू रहते हैं, जिन्होंने चर्च की धर्मान्तरण की माँग को ठुकरा दिया था, जिसके बाद चर्च ने तौर पर उस रास्ते पर दीवार खड़ी कर दिया है, जिससे होकर हिंदू मुख्य सड़क तक पहुँचते थे।

चर्च के इस कार्य के बाद गाँव के लोगों ने तिरुवन्नामलाई जिले के कलेक्टर को एक ज्ञापन सौंपकर कैथोलिक चर्च के द्वारा संचालित स्कूल के प्रशासनिक अधिकारी फादर येसुपदम पर ईसाई धर्म अपनाने के लिए मजबूर करने का आरोप लगाया है। इसके साथ ही ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया है कि ईसाई पादरी ने पब्लिक रोड को रोकने के लिए चर्च के चारों तरफ चर्च परिसर की दीवार खड़ी कर दिया है। चर्च की स्कूल में हिंदू और ईसाई बच्चों के साथ अलग-अलग व्यवहार का आरोप है।

100 साल से भी अधिक समय से कर रहे सड़क का इस्तेमाल

ग्रामीणों का कहना है कि वो बीते 100 साल से भी अधिक समय से इस सड़क का इस्तेमाल करते रहे हैं। लेकिन जब से चर्च ने इस रास्ते को बंद कर दिया है, तब से लोगों को पब्लिक ट्रांसपोर्ट तक पहुँचने के लिए लोगों को लंबी दूरी तय करनी पड़ रही है। लोगों ने शिकायत की है कि कोरोना के कारण दो साल तक स्कूल बंद होने के बाद जब स्कूल खुला तो वे खुश थे, लेकिन चर्च के स्कूल अधिकारियों ने उन्हें धर्मान्तरण करने के लिए कहा।

आरोप ये भी हैं कि स्कूल की माँग के मुताबिक, पूरी ट्यूशन फीस और दूसरी फीस का भुगतान करने के बाद भी हिंदू छात्रों को किसी भी तरह की रियायत नहीं दी जाती है। बल्कि, परीक्षा शुरू होने पर हिंदू छात्रों को स्कूल आने से मना कर दिया गया। स्थानीय लोगों के मुताबिक, अब तो चर्च की स्कूल में केवल ईसाई बच्चों को ही अंदर जाने की इजाजत है। हालाँकि, इस मसले पर चर्च के पादरी ने विवादित जमीन को चर्च की ही बताया है और ये भी दावा किया कि उसे इस पर दीवार बनाने का अधिकार है। इस मामले में जानकारी के लिए ऑपइंडिया ने तिरुवन्नामलाई जिले के अधिकारियों से संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन कोई जबाव नहीं दिया गया।

BJP नेता के जवान बेटे का पेड़ से लटकता शव: पश्चिम बंगाल पुलिस बता रही आत्महत्या, तृणमूल के गुंडों पर भाजपा का आरोप

पश्चिम बंगाल के मेदनीपुर जिले में एक भाजपा कार्यकर्ता के बेटे की लाश फाँसी पर लटकी हुई मिली है। मृतक का नाम देबाशीष मन्ना है, जिसकी उम्र लगभग 22 साल है। शव को पूरी मेदनीपुरी के खेजुरी नाम के इलाके में एक पेड़ से लटकाया गया था। देबाशीष के पिता का नाम मुक्तिपदा मन्ना है। घटना 7 मई 2022 (शनिवार) की बताई जा रही है।

पश्चिम बंगाल पुलिस इस घटना को आत्महत्या बता रही है। पुलिस के मुताबिक, “अभी तक पीड़ित परिवार ने कोई शिकायत दर्ज नहीं करवाई है। अगर कोई शिकायत मिलती है तो हम मामले की जाँच करेंगे।” वहीं इस घटना के बाद भाजपा के स्थानीय नेताओं ने ममता बनर्जी की पार्टी तृणमूल के कार्यकर्ताओं पर आरोप लगाया है। आपको बता दें कि गृहमंत्री अमित शाह अपने बंगाल दौरे पर फाँसी पर लटके पाए गए भाजपा कार्यकर्ता अर्जुन चौरसिया के घर गए थे।

गौरतलब है कि 6 मई 2022 को अर्जुन चौरसिया का शव घोष बागान इलाके में रेल क्वार्टर की एक खाली पड़ी बिल्डिंग में मिला था। अर्जुन की उम्र 26 साल थी।

गिरफ्तारी के लिए पत्रकार अमन चोपड़ा के घर सामने डेरा डालकर बैठी राजस्थान पुलिस: दो मामलों में HC लगा चुका है रोक, लोग बता रहे बदले की कार्रवाई

मुख्यमंत्री अशोक गहलोत (CM Ashok Gehlot) के नेतृत्व वाली राजस्थान की कॉन्ग्रेस सरकार (Rajasthan Government) ‘न्यूज़ 18’ के पत्रकार अमन चोपड़ा (Aman Chopra) के पीछे पड़ी हुई है। उनके आवास के बाहर राजस्थान के 5 पुलिसकर्मियों ने डेरा डालकर बैठे हुए हैं। राजस्थान हाईकोर्ट द्वारा दो मामलों में अमन चोपड़ा की गिरफ्तारी पर रोक लगाने के बाद वहाँ की सरकार ने अब तीसरी FIR में उन्हें गिरफ्तार करने की कोशिश कर रही है। इससे पता चलता है कि राजस्थान की सरकार बदले की भावना से काम कर रही है।

अमन चोपड़ा के खिलाफ तीसरा मामला राजस्थान के डूंगरपुर जिले में दर्ज किया गया है। इसके पहले बूँदी और अलवर में दर्ज मामलों को लेकर राजस्थान हाईकोर्ट ने अमन चोपड़ा की गिरफ्तारी पर रोक लगा दिया था। डूंगरपुर के SP सुधीर जोशी ने PTI को बताया कि उनकी टीम नोएडा में ही रूकी हुई है और चोपड़ा को हर संभावित जगह तलाश कर रही है। जोशी ने आरोप लगाया कि नोएडा पुलिस उनके काम में बाधा डाल रही है।

SP जोशी के आरोपों का जवाब देते हुए सेंट्रल नोएडा के एसीपी-2 योगेंद्र सिंह ने कहा कि राजस्थान पुलिस की टीम अमन चोपड़ा के खिलाफ गैर-जमानती वारंट लेकर दोपहर करीब 3 बजे बिसरख पुलिस थाने आई थी। कानूनी प्रक्रिया पूरी की और हमारे दो कर्मी उनके साथ गए। वहाँ चोपड़ा के घर पर ताला लगा था, जिसके बाद उन्होंने वारंट को घर के बाहर चिपका दिया है। उन्होंने कहा कि राजस्थान पुलिस ने आने की जानकारी नहीं दी थी।

शनिवार (7 मई 2022) को राजस्थान पुलिस की टीम अमन चोपड़ा के घर गई थी, लेकिन वे वहाँ नहीं मिले। इसके बाद राजस्थान के पुलिसकर्मियों ने उनके घर के बाहर डेरा डाल रखा है। हालाँकि, इस दौरान उत्तर प्रदेश पुलिस भी वहाँ पर मौजूद है, ताकि कोई अवैध कार्रवाई न की जा सके। इसके बाद राजस्थान पुलिस के कर्मी आवश्यक कागजी कार्रवाई के लिए स्थानीय बिसरख थाने गए हैं।

बता दें कि शनिवार को राजस्थान पुलिस उस सोसाइटी में घुस गई, जहाँ अमन चोपड़ा रहते हैं और उनके दरवाजे पर वॉरंट चिपका दिया। ये सब तब हो रहा है, जब राजस्थान उच्च-न्यायालय ने ‘न्यूज़ 18’ के एडिटर अमन चोपड़ा के खिलाफ कोई भी कार्रवाई करने से पुलिस को रोक रखा है। उनके घर के दरवाजे पर गिरफ़्तारी का वॉरंट चिपकाने के बाद राजस्थान पुलिस को यूपी पुलिस थाने लेकर गई। इस दौरान अमन चोपड़ा के घर का ताला बंद था।

इससे पहले राजस्थान पुलिस ने ‘न्यूज़ 18’ के दफ्तर में जाकर भी इस तरह की हरकतें की थीं और बाद में बयान दिया था कि अमन चोपड़ा उन्हें नहीं मिले। उनके खिलाफ राजस्थान में धार्मिक भावनाएँ भड़काने का मामला दर्ज किया गया है। राजस्थान के अलवर में जिस तरह से मंदिरों पर बुलडोजर चलाया गया और प्रतिमाएँ फेंक दी गईं, उस पर शो करने के कारण कॉन्ग्रेस सरकार उनके पीछे पड़ी है। अलवर में हिन्दू संगठनों ने भी इस कदम के खिलाफ लगातार विरोध प्रदर्शन किया है।

राजस्थान पुलिस की इस करतूत का लोग विरोध कर रहे हैं। भाजपा के प्रवक्ता शहजाद पूनावाला ने इसे उच्च न्यायालय के आदेश का पूर्ण और बेशर्मी भरा उल्लंघन करार दिया। अधिवक्ता आशुतोष दुबे ने कहा कि ये नई संस्कृति बन गई है कि असली दोषियों को पकड़ने की बजाए घटना के खिलाफ आवाज़ उठाने वालों को ही चुप कराओ। विक्रांत ने लिखा कि महाराष्ट्र में अर्णब गोस्वामी को गिरफ्तार करने के बाद भी कॉन्ग्रेस ने कोई सबक नहीं सीखा है।

नवनीत राणा ने किया CM उद्धव के खिलाफ चुनाव लड़ने का ऐलान, कहा – हनुमान चालीसा अपराध तो 14 दिन क्या, 14 साल की जेल के लिए भी तैयार

सांसद नवनीत राणा जेल से छूटने के बाद अस्पताल में भर्ती थीं, जहाँ उनका उनका इलाज चल रहा था। अब उन्होंने अस्पताल से निकले ही मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे के विरुद्ध मोर्चा खोल दिया है। राणा दंपति सोमवार (9 मई, 2022) को राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली निकलेंगे और केंद्रीय गृह मंत्रालय जाएँगे। नवनीत राणा ने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला से मिल कर पूरे मामले की शिकायत देने की योजना भी बनाई है। जेजे अस्पताल में उनका स्पोंडिलोसिस का इलाज चल रहा था।

उससे पहले उन्हें भायखला जेल में रखा गया था। अस्पताल से निकलने के बाद समर्थकों ने ‘जय श्री राम’ के नारे के साथ उनका स्वागत किया। उन्होंने शिवसेना सुप्रीमो उद्धव ठाकरे को चुनौती देते हुए कहा कि आगामी चुनाव में वो कहीं से भी लादेन, वो उनके खिलाफ ही ताल ठोकेंगी। आगामी बृहन्मुम्बई महानगरपालिका (BMC) चुनावों में शिवसेना के खिलाफ प्रचार करने का ऐलान भी किया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि अगर हनुमान चालीसा पढ़ना अपराध है तो इसके लिए वो 14 दिन क्या, 14 वर्षों तक भी जेल में रहने के लिए तैयार हैं।

महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री एवं भाजपा नेता देवेंद्र फड़नवीस ने भी नवनीत राणा से मुलाकात की है। 36 वर्षीय सांसद ने कहा, “मैं उद्धव ठाकरे के खिलाफ चुनाव लड़ूँगी।हिम्मत है तो जीत कर दिखाओ।” 12 दिन जेल और 3 दिन अस्पताल में रह कर वापस आईं नवनीत राणा ने ने जेल में अधिकारियों द्वारा दुर्व्यवहार के आरोप भी लगाए थे। उन्होंने कहा, “संजय राउत ने मुझे 20 फ़ीट भूमिगत दफ़न करने की बात कही थी। BMC में शिवसेना ने जो भ्रष्टाचार किया है, उसके लिए जनता उसे जमीन से 20 फ़ीट नीचे फेंक देगी।”

राणा दंपति ने कहा कि शिवसेना प्रवक्ता संजय राउत और मंत्री अनिल परब जल्द से जेल जाने वाले हैं। वहीं अब कहा जा रहा है कि महाराष्ट्र सरकार नवनीत राणा के खिलाफ कोर्ट में अवमानना का याचिका डालने वाली है, क्योंकि दावा है कि उन्होंने मीडिया में बयान देकर कोर्ट के आदेश का उल्लंघन किया है। नवनीत राणा ने ऐलान कर दिया है कि उनकी लड़ाई जारी रहेगी। दोनों फ़िलहाल जमानत पर बाहर हैं। अब सभी की निगाहें अदालत की अगली सुनवाई पर हैं।