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कान में, नाक में, मुँह में मिस्वाक डालकर… Pak क्रिकेटरों को कॉकरोच बोल रहे उनके ही सपोर्टर: भारत से हारने के बाद शोएब अख्तर की निकल गई ऐंठन

भारत ने टी20 वर्ल्ड कप के मैच में पाकिस्तानी टीम को करारी हार दी। शुरू में भारत द्वारा दिए गए 119 रनों के लक्ष्यों के कारण ऐसा अनुमान लगने लगा था कि शायद पाकिस्तान न बाजी मार ले, लेकिन भारतीय गेंदबाजो ने अपना जलवा दिखाया तो पूरी पाकिस्तान टीम ऑल आउट हो गई।

पाकिस्तान से टी20 मैच में 120 रन तक नहीं बन पाए और भारत के आगे करारी हार देखनी पड़ी। टीम के बुरे पर्फॉर्मेंस से उनसे कई चाहने वालों का दिल टूटा, जिसका असर सोशल मीडिया पर साफ देखने को मिला। अब कोई उन्हें गाली देता दिख रहा है तो कोई भारतीय टीम की तारीफ करता मिल रहा है।

पाकिस्तान के पूर्व क्रिकेटर शोएब अख्तर ने भारत की बल्लेबाजी देखने के बाद अपने X अकॉउंट पर पोस्ट किया था जिसमें भारत का मजाक उड़ाते हुए कहा गया था- “हाँ क्या कहते हैं, टोटल कितना होगा इंडिया का।”

उनके इस पोस्ट पर लोगों ने उन्हें जवाब देना तब शुरू किया जब भारत ने पाकिस्तान को 119 के टारगेट के पास भी नहीं पहुँचने दिया और पहले ही सबको ऑल आउट कर दिया। शोएब अख्तर के इस पोस्ट के कारण जहाँ लोग उनकी फजीहत कर रहे हैं। वहीं एक पाकिस्तानी समर्थक के चर्चे भी खबरो में है।

बताया जा रहा है कि भारत-पाकिस्तान का मैच देखने के लिए एक पाकिस्तानी समर्थक ने 3000 डॉलर में अपना एक ट्रैक्टर बेच दिया था। उसने जब अपनी आखों के सामने भारत की होती जीत देखी तो वो भी सन्न खड़ा रह गया। उसे विश्वास नहीं था कि उसकी पाकिस्तान टीम हार गई है और उनके लगाए पैसे डूब गए हैं।

समाचार एजेंसी से बात करते हुए उसने कहा, “मैं 3000 डॉलर की टिकट खरीदने के लिए अपना ट्रैक्टर बेच दिया था। जब हमने भारत का स्कोर देखा तो हमें नहीं लगा था कि हम हारने वाले है। हमें लगा कि हम तो ये स्कोर आसानी से अचीव कर लेंगे। खेल हमारे हाथ में था लेकिन बाबर आजम आउट हुआ तो लोगों का दिल टूट गया। मैं भारतीय समर्थको को मुबारकबाद देता हूँ।”

बता दें कि एक ओर जहाँ पाकिस्तान समर्थक मैच के बाद सदमे में है। वहीं मैच से पहले उन्हें भारत का मजाक उड़ाते हुए देखा जा रहा था। जैसे शोएब अख्तर ने ट्वीट किए थे वैसे ही अन्य भी ट्वीट कर रहे थे। वहीं मैच देखने गए पाकिस्तान समर्थक भी बिलकुल पक्का थे कि उनकी टीम जीतेगी, लेकिन विपरीत स्थितियों में भी भारतीय फैन्स ने उम्मीद नहीं छोड़ी। वो ऑन कैमरा कह रहे थे कि अभी बहुत रन बचे हैं, भारत हरा देगा। आखिर में हुआ भी यही। भारत के समर्थकों को जश्न मनाने का मौका मिला।

वहीं पाकिस्तान फैंस ने एक बार फिर अपने समर्थकों को गाली देनी शुरू कर दी। X के एक स्पेस में एक पाकिस्तानी आजम खान को कॉकरोच कहता सुनाई पड़ा। ये भी कहा गया कि आजम खान लगातार चार साल से लेग स्पिनर से आउट हो रहा है। रिजवान को लेकर भी कहा जा रहा है कि उसने बुमराह के आने से पहले ही बहुत सारी गेंद बर्बाद कर दी थी। पाकिस्तानी समर्थक कहता सुनाई पड़ता है- “इनके कानो में, नाको में, मुँह में मिस्वाक डालकर वापस पाकिस्तान भेज देना चाहिए।”

बता दें कि 9 जून को हुए भारत पाकिस्तान मैच में शुरुआत में पाकिस्तान ने 119 रन बनाए थे। इसके बाद यह पहला मौका था जब भारतीय टीम ने टी20 मैचों में 120 रन से छोटे स्कोर को डिफेंड किया। इससे पह लेश्रीलंका की टीम टी20 वर्ल्ड कप 2014 में एक बार न्यूजीलैंड के खिलाफ 120 रन के लक्ष्य का बचाव कर चुकी है। भारत-पाकिस्तान मैच की बात कर तो पाकिस्तान ने पहले अच्छी शुरूआत की थी, लेकिन फिर बुमराह आए ने रिजवान को क्लीन बोल्ड किया और फिर एक के बाद एक विकेट गिरते ही गए।

जिस आवाज़ को हमेशा के लिए खामोश करना चाहता था ‘सर तन से जुदा’ गिरोह, 2 साल बाद फिर से गूँजी वो दहाड़: ‘मोदी 3.0’ पर नूपुर शर्मा का पोस्ट

बीजेपी की पूर्व प्रवक्ता नूपुर शर्मा ने 2 साल बाद सोशल मीडिया पर वापसी की है। उन्होंने ‘सर तन से जुदा’ गिरोह के पीछे पड़ने के बाद से पिछले 2 साल से सोशल मीडिया पर कोई पोस्ट नहीं की थी, लेकिन अब मोदी 3.0 की वापसी के साथ ही उन्होंने भी सोशल मीडिया पर वापसी की। नूपुर शर्मा ने अपनी पोस्ट में पीएम मोदी को तीसरी बार प्रधानमंत्री बनने पर बधाई दी है। नूपुर शर्मा ने शपथ लेते हुए पीएम मोदी की तस्वीर भी पोस्ट की।

नूपुर शर्मा ने एक्स पर वापसी करते हुए लिखा, ‘आज तीसरी बारी आदरणीय श्री नरेंद्र मोदी जी को भारत के प्रधान मंत्री के रूप में शपथ लेते देख अत्यंत प्रसन्नता हुई। फिर एक बार मोदी सरकार सुरक्षित व विकसित भारत की ओर।’

बता दें कि नूपुर शर्मा ने एक टीवी डिबेट शो के दौरान पैगंबर मोहम्मद को लेकर एक टिप्पणी की थी। उनकी टिप्पणी को ‘सर तन से जुदा’ गिरोह ने एडिट करके सोशल मीडिया पर वायरल किया था, जिसके बाद काफी बवाल मचा था। इस विवाद की वजह से भाजपा ने नूपुर शर्मा को पार्टी से निलंबित कर दिया था। विवाद के बाद से ही नूपुर शर्मा को धमकियां दी जाने लगीं। खतरे को देखते हुए दिल्ली पुलिस ने उन्हें सुरक्षा प्रदान की थी, तब से वो भारी सुरक्षा के बीच ही रहती हैं।

हालाँकि इसी लोकसभा चुनाव में 25 मई 2024 को दिल्ली में लोकसभा चुनाव के दौरान नूपुर अपने मताधिकार का इस्तेमाल करने के लिए बूथ पर पहुँचीं थीं। भारी सुरक्षा इंतजाम के बीच उन्होंने अपना वोट डाला था। दिल्ली में वोटिंग से पहले वह फिल्म डायरेक्टर विवेक अग्निहोत्री के एक कार्यक्रम में दिखी थीं।

71 मंत्रियों (30 कैबिनेट, 41 MoS) के साथ PM मोदी ने ली शपथ: कश्मीर से कन्याकुमारी तक को प्रतिनिधित्व, जानिए ‘मोदी 3.0’ में कौन-कौन

रविवार (9 जून, 2024) को देश को नई सरकार मिल गई। NDA संसदीय दल के नेता नरेन्द्र मोदी ने प्रधानमंत्री पद की शपथ ली। उनके साथ भाजपा के बड़े नेताओं में भी मंत्री के रूप शपथ ली। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने उन्हें पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई।

पीएम मोदी के अलावा मोदी सरकार 2.0 में रक्षा मंत्री रहे राजनाथ सिंह, गृह मंत्री अमित शाह, विदेश मंत्री रहे एस जयशंकर और वित्त मंत्री रहीं निर्मला सीतारमण ने शपथ ली। उनके अलावा मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान तथा हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर को भी केन्द्रीय मंत्रिमंडल में शामिल किया गया।

जहाँ मोदी सरकार 2.0 के मंत्रालय नई सरकार में भी समान रहने की उम्मीद है, वहीं दोनों पूर्व मुख्यमंत्रियों को भी अहम जिम्मेदारी दी जा सकती है। उनके अलावा कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री और JDS नेता एचडी कुमारस्वामी ने भी मंत्रिपद की शपथ ली। JDS, सरकार बनाने वाले गठबंधन NDA का हिस्सा है।

मोदी सरकार 2.0 में अहम मंत्रालय संभालने वाले पीयूष गोयल ने भी मंत्रिपद और गोपनीयता की शपथ ली। वह इस बार मुंबई से लोकसभा सदस्य निर्वाचित हुए हैं। ओडिशा से लोकसभा सदस्य चुने गए धर्मेन्द्र प्रधान भी केद्रीय मंत्री बने हैं। उन्होंने भी शपथ ली है। उनका नाम ओडिशा के मुख्यमंत्री की दौड़ में भी चल रहा था। अब केन्द्रीय मंत्री बनने के बाद उनका नाम इस रेस से बाहर हो गया है।

NDA की सदस्य HAM पार्टी के मुखिया जीतनराम मांझी ने भी मंत्रिपद की शपथ ली है। NDA की अहम सहयोगी की तरफ से राजीव रंजन सिंह उर्फ़ लल्लन सिंह ने भी मंत्रिपद की शपथ ली है। असम के पूर्व मुख्यमंत्री और मोदी सरकार 2.0 में शामिल सर्बानंद सोनोवाल ने भी पद और गोपनीयता की शपथ ली।

मध्य प्रदेश से आने वाले डॉ वीरेंद्र कुमार ने भी मंत्रिपद की शपथ ली, वह मोदी सरकार 2.0 में भी मंत्री थे। NDA की सदस्य TDP से KR नायडू ने मंत्रिपद की शपथ ली है। वह मोदी सरकार के सबसे युवा मंत्रियों में से एक हैं। उनके अलावा कर्नाटक से आने वाले भाजपा सांसद प्रल्हाद जोशी ने भी मंत्रिपद की शपथ ली।

आदिवासी समुदाय से आने वाले जुएल ओराम ने भी मोदी सरकार 3.0 में मंत्रिपद की शपथ ली है। बिहार से आने वाले गिरिराज सिंह ने भी केन्द्रीय मंत्री के रूप में शपथ ली है। मोदी सरकार 2.0 में रेल मंत्री रहे अश्विनी वैष्णव को भी मंत्री पद की शपथ राष्ट्रपति मुर्मू ने दिलाई।

ज्योतिरादित्य सिंधिया और भूपेन्द्र यादव ने भी मोदी सरकार 3.0 में मंत्रिपद की शपथ ली है। मोदी सरकार 2.0 में जलशक्ति मंत्री रहे गजेन्द्र सिंह शेखावत भी मोदी सरकार 3.0 में मंत्री बने हैं। झारखंड से आने वाली अन्नपूर्णा देवी और किरेन रिजीजू को भी एक बार फिर केन्द्रीय मंत्रिमंडल में शामिल किया गया है।

मोदी सरकार में डॉ मनसुख एल मांडविया और हरदीप सिंह पुरी को फिर से जगह मिली है। उनके अलावा जी किशन रेड्डी को भी केन्द्रीय मंत्रिमंडल में शामिल किया गया है। NDA की सदस्य LJP (R) के मुखिया चिराग पासवान को भी मंत्रिपद की शपथ दिलाई गई है। गुजरात भाजपा के अध्यक्ष सीआर पाटिल को भी मंत्रिमंडल में जगह दी गई है।

उपरोक्त सभी व्यक्ति मोदी सरकार में कैबिनेट मंत्री बनेंगे। वहीं राव इंदरजीत सिंह को राज्यमंत्री पद की शपथ दिलाई गई है। PMO में मंत्री रहे जितेन्द्र सिंह को भी केन्द्रीय राज्यमंत्री बनाया गया है। उनके अलावा अर्जुन राम मेघवाल भी राज्यमंत्री बने हैं। NDA की सहयोगी शिवसेना की तरफ से प्रतापराव जाधव को राज्यमंत्री बनाया गया गया है।

NDA सदस्य RLD के मुखिया जयंत चौधरी को भी मोदी सरकार में राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार बनाया गया है। उनके अलावा पीलीभीत से सांसद निर्वाचित हुए जितिन प्रसाद भी राज्यमंत्री बनाए गए हैं। श्रीपाद नाइक को भी राज्यमंत्री बनाया गया है। मोदी सरकार 2.0 में राज्यमंत्री रहे पंकज चौधरी को भी राज्यमंत्री बनाया गया है।

हरियाणा से आने वाले कृष्णपाल गुर्जर को भी मोदी सरकार में राज्यमंत्री के रूप से जगह दी गई है। NDA की सहयोगी पार्टी RPI के सांसद रामदास अठावले को भी केंद्र में राज्यमंत्री के रूप में शपथ दिलाई गई है। बिहार से JDU के राज्यसभा सांसद रामनाथ ठाकुर को भी राज्यमंत्री बनाया गया है। भाजपा ने नित्यानंद राय को फिर से राज्यमंत्री बनाया है।

अपना दल (सोनेलाल) की सांसद अनुप्रिया पटेल को भी केंद्र में राज्यमंत्री बनाया गया है। कर्नाटक से आने वाले वी सोमन्ना को भी राज्यमंत्री का पद दिया गया है। TDP की तरफ से चंद्रशेखर पेम्मासमी को राज्यमंत्री पद दिया गया है। एसपी सिंह बघेल को भी राज्यमंत्री बनाया गया है। कर्नाटक से ही आने वाली शोभा करंदलाजे को भी राज्यमंत्री बनाया गया है।

उत्तर प्रदेश के गोंडा से सांसद बने कीर्तिवर्धन सिंह को भी राज्यमंत्री बनाया गया है। उत्तर प्रदेश से ही बीएल वर्मा को भी राज्यमंत्री बनाया गया है। बंगाल के मतुआ समुदाय से आने वाले शांतनु ठाकुर को भी मंत्री बनाया गया है। केरल में भाजपा का खाता खोलने वाले सुरेश गोपी को भी राज्यमंत्री बनाया गया है।

तमिलनाडु से आने वाले डॉक्टर एल मुरुगन को भी राज्यमंत्री पद दिया गया है। उत्तराखंड से अजय टम्टा को भी केन्द्रीय मंत्रिपरिषद में राज्यमंत्री बनाया गया है। तेलंगाना के बंडी संजय कुमार को भी राज्यमंत्री बनाया गया है। उत्तर प्रदेश के बाँसगाँव से सांसद बने कमलेश पासवान को भी मंत्री बनाया गया है। राजस्थान से भागीरथ चौधरी को राज्यमंत्री का पद मिला है।

बिहार से आने वाले सतीश दुबे को भी राज्यमंत्री बनाया गया है। झारखंड से आने वाले संजय सेठ को भी मंत्री बनाया गया है। पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री बेअंत सिंह के पोते रवनीत सिंह बिट्टू को भी केंद्र में राज्यमंत्री बनाया गया है। वह पंजाब के लुधियाना से चुनाव हार गए थे। भाजपा ने इसके बाद भी उन्हें केन्द्रीय मंत्रिपरिषद में जगह दी है।

मध्य प्रदेश से आने वाले दुर्गादास उइके को भी राज्यमंत्री बनाया गया है। महाराष्ट्र से आने वाली रक्षा खडसे को भी केन्द्रीय मंत्रिपरिषद में राज्यमंत्री के रूप में जगह दी गई है। बंगाल भाजपा के अध्यक्ष सुकांता मजूमदार को भी राज्यमंत्री बनाया गया है। आदिवासी सावित्री ठाकुर और तोखन साहू को भी राज्यमंत्री बनाया गया है।

बिहार को 2024 चुनाव में काफी मंत्री मिले हैं। बिहार के ही राजभूषण चौधरी को भी राज्यमंत्री बनाया गया है। कर्नाटक से आने वाले भूपति राजू श्रीनिवास वर्मा को भी राज्यमंत्री बनाया गया है। दिल्ली से हर्ष मल्होत्रा को राज्यमंत्री के रूप में मौक़ा दिया गया है। गुजरात से आने वाले निमुबेन बाम्भ्निया को राज्यमंत्री बनाया गया है।

पुणे के सांसद मुरलीधर मोहोल को भी राज्यमंत्री बनाया गया है। केरल के जॉर्ज कुरियन को भी राज्यमंत्री बनाया गया है। असम के पबित्र मार्गरीता को भी राज्यमंत्री बनाया गया है।

पीएम मोदी के शपथ ग्रहण में शामिल हुए ट्रांसजेंडर, मजदूर-सफाई कर्मी भी रहे मौजूद: कहा – आशीर्वाद देने आए हैं

प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी और नए मंत्रिमंडल के शपथ ग्रहण समारोह में ट्रांसजेंडर समुदाय के लोगों और सफाई कर्मचारी भी शपथ ग्रहण समारोह में शामिल हुए। बीजेपी सांसद और पूर्व सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री वीरेंद्र कुमार ने उन्हें सम्मानित भी किया। वीरेंद्र कुमार ने पीएम मोदी के शपथ ग्रहण समारोह से पहले अपने आवास पर ट्रांसजेंडर समुदाय के सदस्यों को सम्मानित किया था। उत्तर प्रदेश बीजेपी इकाई की सोनम किन्नर पीएम मोदी के शपथ ग्रहण में 50 अन्य किन्नरों के साथ शामिल हुईं और उन सभी ने पीएम मोदी को आशीर्वाद दिया।

बीजेपी उत्तर प्रदेश इकाई से जुड़ीं सोनम किन्नर ने कहा, “मैं अपने समुदाय के 50 सदस्यों के साथ नई सरकार को आशीर्वाद देने के लिए आई हैं।” उन्होंने कहा, “हमें इस बात का दुख है कि जाति-आधारित राजनीति के कारण प्रधानमंत्री मोदी को उम्मीद के मुताबिक सीट नहीं मिलीं, लेकिन हमें अपने प्रधानमंत्री पर पूरा भरोसा है और स्थिति में सुधार होगा।”

रिपोर्ट्स के मुताबिक, यह पहली बार है कि ट्रांसजेंडर समुदाय के लोगों को शपथग्रहण समारोह के लिए औपचारिक रूप से आमंत्रित किया गया है। समारोह में शामिल लोगों ने ट्रांसजेंडर समुदाय के सशक्तिकरण में योगदान दिया है।

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, शपथग्रहण समारोह में ट्रांसजेंडर समुदाय के लोगों और नए संसद भवन के निर्माण से जुड़े मजदूरों एवं सफाई कर्मचारियों को भी आमंत्रित किया गया था। बीजेपी सांसद एवं पूर्व जलशक्ति मंत्री गजेन्द्र शेखावत ने सफाईकर्मियों को सम्मानित किया। इस दौरान पूर्व केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मंडाविया ने नए संसद भवन के निर्माण में शामिल 90 मजदूरों और 30 सफाई कर्मचारियों को सम्मानित किया।

बता दें कि प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी ने अपने मंत्रिमंडल के साथ राष्‍ट्रपति भवन में शपथ ग्रहण समारोह में हिस्सा लिया। वो देश के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू के अलावा दूसरे प्रधानमंत्री बनें, जिन्होंने तीसरी बार प्रधानमंत्री पद की शपथ ली। पीएम मोदी की तीसरी सरकार में कई पुराने चेहरों को भी जगह मिली है, तो एनडीए के अहम सहयोगियों को भी।

दूध लेने निकली महिला का पीछा, अभद्रता, जान से मारने की धमकी, गाली-गलौज… अताउर्रहमान धराया, हालत ऐसी कि पुलिस के कंधों पर लटक कर आया थाने से बाहर

उत्तर प्रदेश के अमरोहा जिले में एक हिन्दू महिला से अभद्रता का मामला सामने आया है। अभद्रता का आरोप अताउर्रहमान नाम के व्यक्ति पर लगा है। आरोपित को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। घटना शनिवार (8 जून, 2024) की है। पुलिस मामले में जाँच और जरूरी कार्रवाई कर रही है। इस घटना से जुड़े 2 वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं। पहले वीडियो में इस्लामी पोशाक और सिर पर जालीदार टोपी रख कर अताउर्रहमान को महिला की तरफ बढ़ते देखा जा सकता है। वहीं दूसरे वीडियो में आरोपित पुलिस के कंधों पर झूलता दिख रहा है।

यह मामला अमरोहा जिले के कोतवाली गजरौला क्षेत्र का है। यहाँ शनिवार (8 जून, 2024) को पीड़िता के पति ने पुलिस में शिकायत दर्ज करवाई है। शिकायतकर्ता ने बताया है कि शनिवार को ही उनकी पत्नी सुबह लगभग 5:30 पर दूध लेने जा रहीं थीं। तभी पीछे से एक अज्ञात व्यक्ति वहाँ पहुँचा। उसने पीड़िता को रोक लिया। आरोपित ने पीड़िता से अभद्रता की विरोध करने पर आरोपित ने महिला को जान से मार डालने की धमकी देते हुए गाली-गलौज किया। जब पीड़िता ने शोर मचाया तो आरोपित धमकाते हुए भाग निकला।

शिकायतकर्ता फैक्ट्री में काम करता है। उसने अज्ञात आरोपित पर कड़ी कार्रवाई की माँग की है। पुलिस ने अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ IPC की धारा 341, 323, 504 और 506 के तहत FIR दर्ज कर ली। मामले की जाँच की गई तो आरोपित का नाम अताउर्रहमान निकला। वह गजरौला का ही रहने वाला था। पुलिस ने अताउर्रहमान को गिरफ्तार कर लिया। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे 2 वीडियो में से पहले में आरोपित को महिला की तरफ तेजी से बढ़ते देखा जा सकता है।

दूसरे वीडियो में अताउर्रहमान को पुलिस के कंधों पर लटका कर थाने से बाहर लाया जा रहा है। ऑपइंडिया के पास शिकायत कॉपी मौजूद है। पुलिस मामले में जाँच व जरूरी कार्रवाई कर रही है।

तीर्थयात्रियों की बस पर आतंकियों ने की गोलीबारी, 10 की मौत: जम्मू कश्मीर के शिव खोड़ी मंदिर से लौट रहे थे श्रद्धालु, बढ़ सकती है हताहतों की संख्या

जम्मू-कश्मीर के रियासी जिले में आतंकवादियों की गोलीबारी के बाद तीर्थयात्रियों से भरी एक बस गहरी खाई में जा गिरी। हादसे में 10 लोगों की मौत हो गई है। बस पर फायरिंग के बाद बस अनियंत्रित हो गई और खाई में गिर गई। अधिकारियों ने शुरुआती जानकारी में बताया है कि शिव खोड़ी मंदिर जा रहे तीर्थयात्रियों की बस पर पोनी इलाके के तेरयाथ गाँव में हमला हुआ। इस आतंकी हमले में अभी तक कोई आरोपित गिरफ्तार नहीं हुआ है।

रियासी के डीसी विशेष महाजन ने बताया कि बचाव अभियान शुरू किया गया और पुलिस, सेना व अर्धसैनिक बलों के जवान घटनास्थल पर पहुँच गए हैं। उन्होंने कहा कि मामले में अधिक विवरण का इंतजार है। यह बस तीर्थयात्रियों को शिवखोड़ी मंदिर में दर्शन के बाद माता वैष्‍णों देवी के दर्शन के लिए कटरा जा रही थी और जैसे ही जंगल के इलाके में पहुँची, घात लगाकर बैठे आतंकियों ने बस पर ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी।

शुरुआती रिपोर्ट के मुताबिक आतंकियों ने बस पर गोलीबारी की थी जिसके बाद बस दुर्घटना का शिकार हो गई। बताया जा रहा है कि यह बस जिले के शिवखोड़ी की ओर जा रही थी तभी रास्ते में हमले के कारण दुर्घटना का शिकार हो गई। इस घटना में 10 लोगों की मौत हो गई है।

शिवखोड़ी धार्मिक स्थल से दर्शन करके लौट रहे यात्रियों की बस पर आतंकियों ने घात लगाकर हमला किया। आतंकियों की गोलीबारी के बाद ही बस दुर्घटनाग्रस्त हुई। इसमें 10 यात्रियों के मारे जाने की भी सूचना है, हालाँकि अभी तक इस मामले में कोई भी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

दरोगा के बेटे की हत्या, लालू यादव के भाई के 2 पोते गिरफ्तार : बर्थडे पार्टी में ले ली थी 17 साल के किशोर की जान

राष्ट्रीय जनता दल के अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव के परिवार के दो सदस्यों को पुलिस ने हत्या के मामले में गिरफ्तार किया है। दोनों युवकों के नाम आकाश यादव और विकास यादव है। आकाश और विकास यादव लालू प्रसाद यादव के भाई मंगरू यादव के बेटे सुदीश यादव के बेटे हैं। दोनों पर एक दारोगा के बेटे की हत्या का आरोप है। ये हत्या बर्थडे पार्टी के दौरान की गई थी और दोनों फरार हो गए थे।

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, ये हत्याकांड पटना के शास्त्रीनगर थाना क्षेत्र के एजी कॉलोनी स्थित सुदीश यादव के फ्लैट में शुक्रवार की रात को हुआ। जिस लड़के की हत्या हुई थी, उसकी पहचान आरा निवासी एएसआइ श्याम रंजन सिंह के 17 वर्षीय पुत्र आर्यन राज के रूप में हुई। श्याम रंजन सिंह पटना स्थित पुलिस हेडक्वार्टर में स्पेशल ब्रांच में तैनात हैं।

पटना पुलिस के एसपी स्वर्ण प्रभात ने कहा कि पटना पुलिस ने गोपालगंज पुलिस के साथ मिलकर फुलवरिया में छापेमारी की और दोनों को गिरफ्तार किया। जानकारी के मुताबिक, मृतक आर्यन अपने परिवार के साथ ही पटेल नगर स्थित गाँधी मूर्ति नगर में रहता था। वो शुक्रवार की देर शाम को अपनी माँ से कहकर निकला था कि वो बर्थडे पार्टी में शामिल होने जा रहा है। जब देर तक वो घर नहीं पहुँचा, तो परिवार ने खोजबीन सुरू की। देर रात में शास्त्रीनगर के थानेदार को फोन पर सूचना मिली कि आर्यन की हत्या हो गई है, जिसके बाद पुलिस शनिवार की सुबह मौके पर पहुँची और ताला तोड़कर शव को बाहर निकाला।

जिस फ्लैट में आर्यन का शव मिला, वो सुदीश यादव के नाम पर है। वो उस समय गाँव में ही थे। आकाश और विकास सुदेश के बेटे हैं और विकास का ही बर्थडे था। उसका आर्यन के साथ पहले से कोई विवाद चल रहा था। पुलिस ने बताया कि हत्या पूरी प्लानिंग के साथ की गई थी। मृतक आर्यन इसी साल 12वीं पास हुआ था और वो बाहर पढ़ने के लिए जाने वाला था। इस मामले में फुलवरिया से पुलिस ने आकाश और विकास को गिरफ्तार किया है।

8000 अतिथियों की मौजूदगी में नरेंद्र मोदी ने लगातार तीसरी बार ली PM पद की शपथ: 7 देशों के राष्ट्राध्यक्ष रहे मौजूद, रजनी-SRK से लेकर अम्बानी-अक्षय तक बने साक्षी

नरेंद्र मोदी ने लगातार तीसरी बार प्रधानमंत्री पद की शपथ ले ली है। सुपरस्टार रजनीकांत और शाहरुख़ खान से लेकर मुकेश अम्बानी और अक्षय कुमार तक, कई दिग्गज राष्ट्रपति भवन में हुए इस समारोह का हिस्सा बने। नरेंद्र मोदी के साथ ही NDA के घटक दलों के कई मंत्रियों ने शपथ ली, जिसमें जीतन राम माँझी, चिराग पासवान, राममोहन नायडू, ललन सिंह और रामनाथ ठाकुर शामिल हैं। वहीं पीयूष गोयल, निर्मला सीतारमण, गिरिराज सिंह व अमित शाह के अलावा राजनाथ सिंह जैसे नेताओं को फिर से मौका दिया गया है।

नरेंद्र मोदी को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने प्रधानमंत्री पद की शपथ दिलाई। रविवार (9 जून, 2024) को शाम सवा 7 बजे शपथग्रहण का कार्यक्रम शुरू किया गया। जवाहरलाल नेहरू के बाद नरेंद्र मोदी पहले ऐसे प्रधानमंत्री हैं, जिन्हें लगातार तीसरे कार्यकाल के लिए जनता ने चुना। भाजपा NDA गठबंधन की सबसे बड़ी पार्टी है और इसके पास 240 सीटें हैं। नितिन गडकरी और ज्योतिरादित्य सिंधिया भी एक बार फिर मंत्री बन रहे हैं। नए नामों में शिवराज सिंह चौहान और मनोहर लाल खट्टर शामिल हैं।

JDS के HD कुमारस्वामी और RLD के जयंत चौधरी को भी कैबिनेट मंत्री का पद प्राप्त हुआ है। कई देशों के राष्ट्राध्यक्षों समेत लगभग 8000 अतिथि इस भव्य समारोह का हिस्सा बने। ट्रांसजेंडर समुदाय के लोगों, मजदूरों और स्वच्छता कर्मचारियों को भी इसके लिए न्योता भेजा गया था। कॉन्ग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे भी समारोह में मौजूद रहे। तेलंगाना में भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष G किशन रेड्डी और और पूर्व अध्यक्ष बंदी संजय कुमार भी मंत्री बने।

उत्तर-पूर्व से किरेन रिजिजू को कैबिनेट मंत्री के पद से नवाज़ा गया है। वहीं NCP को एक राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) का पद दिया जा रहा था, जो इसने लेने से मना कर दिया। इससे पेंच फँस गया। NCP का कहना है कि प्रफुल्ल पटेल केंद्र में कैबिनेट मंत्री रहे हैं, ऐसे में ये उनके लिए पदावनति हो जाएगी। मालदीव, नेपाल, श्रीलंका, मॉरीशस, भूटान, बांग्लादेश और सेशेल्स के राष्ट्राध्यक्ष इस समारोह के साक्षी बने। ‘मोदी 3.0’ को लेकर पीएम ने पहले ही 125 दिनों के रोडमैप तैयार कर रखा है।

‘तेल लगाओ डाबर का, विकेट गिराओ बाबर का’: IND vs PAK से पहले ऋषभ पंत का वीडियो, पूर्व पाकिस्तानी क्रिकेटर ने कहा – कोहली के जूते के बराबर भी नहीं बाबर

आईसीसी क्रिकेट टी-20 विश्व कप के बीच ऋषभ पंत ने बाबर आजम को लेकर दर्शकों की माँग पर रिएक्शन दिया है। उन्होंने कहा कि दर्शकों की ओर से ऐसे रिएक्शन से खेल का मजा बढ़ता है। इंडिया टीवी के कार्यक्रम में पहुँचे ऋषभ पंत ने कहा कि फैंस ‘तेल लगाओ डाबर का, विकेट गिराओ बाबर का’ जैसे नारे लगाते हैं, ये सभी चीजें मैच को काफी दिलचस्प बनाती हैं। उन्होंने कहा कि दोनों तरफ के खिलाड़ी अपनी टीम को जीत दिलाने के लिए सबकुछ झोंक देते हैं।

इस बीच, भारत-पाकिस्तान मैच से पहले पाकिस्तान के पूर्व स्पिनर दानिश कनेरिया का गुस्सा बाबर आजम पर फूटा है। उन्होंने बाबर आजम को विराट कोहली की पैर की जूती बताते हुए कहा कि वो विराट कोहली के पैरों की जूती के बराबर भी नहीं हैं। बता दें कि अक्सर बाबर आजम की तुलना विराट कोहली से की जाती है। हालाँकि आँकड़ों में दोनों का कोई मेल नहीं है।

रिषभ पंत बोले, भारत-पाक मैच में होता है दबाव

आईसीसी क्रिकेट विश्वकप में भारत-और पाकिस्तान की टीमें भिड़ रही हैं। रोहित शर्मा की अगुवाई में भारतीय टीम का मुकाबला बाबर आजम की कप्तानी वाली पाकिस्तानी टीम से होगा। इस रोमांचक मुकाबले से पहले दोनों देशों के खेल प्रशंसकों के भावुक होने से जुड़ा सवाल ऋषभ पंत से पूछा गया। वो कुछ दिन पहले इंडिया टीवी के शो में पहुँचे थे, जिसका प्रसारण अब किया गया है। इसमें ऋषभ पंत से पूछा गया कि वो भीड़ द्वारा लगाए जा रहे नारे ‘तेल लगाओ के डाबर का , विकेट गिराओ बाबर का’ के बारे में क्या सोचते हैं?

ऋषभ पंत ने कहा कि इस तरह की नारेबाजी से खेल में दिलचस्पी बनी रही है। हालाँकि पाकिस्तानी खिलाड़ी भी अपने देश को जिताने की भरपूर कोशिश कर रहे होते हैं, लेकिन हम भारी पड़ते हैं। ऐसे में जब दर्शक इस तरह की नारेबाजी ‘तेल लगाओ डाबर का, विकेट गिराओ बाबर का’ करते हैं, तो मैच और माहौल दोनों ही दिलचस्प हो जाता है। इस दौरान पंत ने विराट कोहली की ट्रोलिंग को लेकर भी खुलकर बात की।

इस दौरान पंत ने कहा कि भारत-पाक मैच को लेकर हमेशा तनाव रहता है। इस बार भी टेंशन है। भारत और पाकिस्तान का मैच हमेशा बड़ा होता है, लेकिन हमें जो 140 करोड़ देशवासियों का सपोर्ट मिलता है वो बहुत कॉन्फिडेंस देता है। मैच इंटरेस्टिंग होने वाला है लेकिन हम ही जीतेंगे।

विराट कोहली की जूते के बराबर भी नहीं बाबर आजम

पाकिस्तान के पूर्व स्पिनर ने भारत बनाम पाकिस्तान टी20 विश्व कप मुकाबले से पहले पाकिस्तान के कप्तान पर निशाना साधते हुए कहा है कि वह विराट कोहली के जूते के बराबर भी नहीं हैं। कनेरिया ने न्यूयॉर्क के नासाउ काउंटी इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में होने वाले हाई-वोल्टेज मैच से पहले कहा, “जैसे ही बाबर आजम शतक बनाएँगे, अगले दिन आप देखेंगे कि उनकी तुलना विराट कोहली से की जाने लगेगी। लेकिन ये सच नहीं है।”

कनेरिया ने कहा, “भारत पाकिस्तान को बुरी तरह हराएगा। पाकिस्तानी टीम भारत को हराने में सक्षम नहीं हैं। जब भी पाकिस्तान विश्व कप में आता है तो वे अपनी गेंदबाजी की तारीफ करते रहते हैं और कहते हैं कि उनकी गेंदबाजी उन्हें मैच जिताएगी, लेकिन गेंदबाजी की वजह से ही उन्हें अमेरिका तक ने हरा दिया।”

पंजाब से 0 सीटें, फिर भी हारे हुए नेता को मंत्री बना PM ने दिया प्रतिनिधित्व: करतारपुर से लेकर हेमकुंट साहिब तक, सिख धर्म को सम्मान देने में आगे हैं मोदी

लोकसभा चुनाव 2024 में स्पष्ट बहुमत के बाद NDA सरकार का रविवार (9 जून, 2024) को गठन होने जा रहा है। नई NDA सरकार में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने भाजपा के अलावा JDU, TDP, शिवसेना समेत अन्य सहयोगियों को जगह दी है। इस सरकार में ऐसे भी एक व्यक्ति को जगह दी जा रही है, जो कि लोकसभा चुनाव हार गया है लेकिन उसका केन्द्रीय मंत्रिपरिषद में एक राज्य और एक समुदाय के प्रतिनिधित्व को मजबूत करने के साथ ही बड़े संदेश भी देगा।

प्रधानमंत्री आवास पर रविवार की सुबह कई बड़े भाजपा नेताओं की चाय पार्टी हुई। इसमें वह लोग भी शामिल थे जिन्होंने मंत्रिपद की शपथ ली। इनमें एक चेहरा पंजाब से आने वाले रवनीत सिंह बिट्टू का भी था। रवनीत सिंह बिट्टू लुधियाना सीट से 2024 का लोकसभा चुनाव भाजपा के टिकट से लड़े थे और उन्हें कॉन्ग्रेस के अमरिंदर राजा वारिंग के हाथों हार झेलनी पड़ी। इसके बाद भी उनको केन्द्रीय मंत्री बनाया गया।

कौन हैं रवनीत सिंह बिट्टू

48 साल के रवनीत सिंह बिट्टू पंजाब के बड़े नेताओं में से एक हैं। वह पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री बेअंत सिंह के पोते हैं। बेअंत सिंह की खालिस्तानी आतंकवादियों ने 1995 में हत्या कर दी थी। रवनीत सिंह बिट्टू 2009 से 2024 तक कॉन्ग्रेस से लुधियाना और आनंदपुर साहिब से सांसद रहे हैं। रवनीत सिंह बिट्टू को पंजाब में खालिस्तान का खुले तौर पर विरोध करने वाला नेता जाना जाता रहा है। वह खालिस्तान और उसके समर्थकों को लेकर लगातार विरोध करते रहे हैं। इसके लिए उन्हें जान से मारे जाने की धमकियाँ तक मिल चुकी हैं।

खालिस्तानियों पर मुखर रहने वाले बिट्टू 2007 में राजनीति में आए थे। वह अपना पहला चुनाव हार गए थे। बिट्टू पंजाब में यूथ कॉन्ग्रेस के अध्यक्ष भी रहे हैं। 2024 लोकसभा चुनाव के पहले रवनीत बिट्टू कॉन्ग्रेस को छोड़ कर भाजपा में आए थे। उन्हें भाजपा ने लुधियाना से 2024 लोकसभा चुनाव में अपना प्रत्याशी बनाया था। वह पंजाब के कॉन्ग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अमरिंदर राजा वारिंग से लगभग 20,000 वोटों के अंतर से चुनाव हारे।

रवनीत बिट्टू को मंत्रिमंडल में जगह: प्रतिनिधित्व का सवाल

किसी भी सरकार का एक ऐसे हुए व्यक्ति को मंत्रिमडल में शामिल किया जाना प्रदर्शित करता है कि वह व्यक्ति कितना महत्वपूर्ण है। रवनीत सिंह बिट्टू को केन्द्रीय मंत्री बनाना में लेना, मोदी सरकार की पंजाब और सिखों के प्रति नीतियों को प्रदर्शित करता है। मोदी सरकार ने पंजाब में 8 सिख उम्मीदवारों को टिकट दिया था। इनमें से कोई भी जीत हासिल करने में सफल नहीं रहे। भाजपा की पंजाब में शून्य सीटें हैं। भाजपा के किसी सहयोगी के जीतने वालों सांसदों में भी सिख प्रत्याशी नहीं है।

ऐसे में भाजपा ने सिखों और पंजाब को केंद्र सरकार में उचित प्रतिनिधित्व देने के लिए यह निर्णय लिया। भाजपा ने रवनीत सिंह बिट्टू को मंत्री बना कर मात्र पंजाब और सिखों को ही नहीं साधा है बल्कि इससे एक और बड़ा सन्देश दिया है। मोदी सरकार 2.0 में हरदीप सिंह पुरी के रूप में पहले ही सिख चेहरे शामिल रहे हैं। लेकिन रवनीत सिंह बिट्टू को केंद्र में जगह देकर भाजपा ने खालिस्तान के विरुद्ध अपने स्टैंड को स्पष्ट कर दिया है। भाजपा ने ऐसे व्यक्ति को मौक़ा दिया है जिसके दादा को खालिस्तानियों ने मारा और जो खालिस्तान का प्रबल विरोधी रहा है।

यह दिखाता है कि भाजपा उन लोगों के साथ खड़ी रहेगी जो कि देश को तोड़ने की बात करते हैं। साथ ही वह पंजाब की ऐसी आवाजों को बढ़ाने में मदद करेंगे जो देश की एकता के लिए प्रतिबद्ध हैं। इसके लिए भाजपा कॉन्ग्रेस के साथ दशकों का इतिहास रखने वालों को भी मौका देने से नहीं गुरेज करेगी।

पंजाब को बड़े सन्देश देते रहे हैं पीएम मोदी

रवनीत सिंह बिट्टू को केद्रीय मंत्रिमंडल में जगह देकर पीएम मोदी और भाजपा ने एक संदेश देने की कोशिश की है। हालाँकि, यह पहला मौक़ा नहीं है जब उन्होंने ऐसा किया हो। प्रधानमंत्री मोदी बार-बार सिख धर्म के प्रति अपनी आस्था जताते रहे हैं। लोकसभा चुनाव 2024 प्रचार के दौरान ही इसका एक उदाहरण देखने को मिला जब प्रधानमंत्री मोदी ने सर पर पगड़ी बाँध कर पटना साहिब गुरूद्वारे में सेवा की। इसकी तस्वीरें भी सामने आईं।

इससे पहले पीएम मोदी 26 दिसम्बर को वीर बाल दिवस घोषित कर चुके हैं। यह दिन दो साहिबजादों की शहीदी को याद करने के लिए है। पीएम मोदी ने भारत ही नहीं बल्कि अफगानिस्तान से आने वाले शरणार्थी सिखों के लिए तक काम किया है। भारत और पाकिस्तान के बीच करतारपुर कॉरिडोर का खोलना हो या फिर हेमकुन्ट साहिब तक पहुँचने का रास्ता आसान करना, यह सभी दिखाते हैं कि पंजाब और सिख समुदाय के लिए लगातर पीएम मोदी और भाजपा बड़े सन्देश देती रही है।

रवनीत बिट्टू को केन्द्रीय मंत्रिमंडल में शामिल किए जाने से दशकों पहले तक भाजपा ने अपने चुनावी नुकसान को भी सह कर पंजाब में हिन्दू-सिख एकता को लेकर काम किया है। भाजपा ने दशकों तक शिरोमणि अकाली दल के साथ मिलकर काम किया है और हमेशा पंजाब में छोटे भाई की भूमिका में रही है। उसने चुनावों में अकेले जाकर अपना मत प्रतिशत बढ़ाने के बजाय शिअद को ड्राइविंग सीट पर रखा है। इसका उद्देश्य भी पंजाब में सिख और हिन्दू एकता को बढ़ाना ही रहा है।