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हत्या से पहले BJP कार्यकर्ता ने 2 बार किया था फेसबुक लाइव, बताया कैसे गुंडागर्दी कर रहे TMC वाले: जानवर के बच्चों तक को नहीं छोड़ा

अभिजीत ने कई बेसहारा कुत्तों को पाला था, जिनका कोई नहीं था। उनमें से एक मादा कुत्ते ने कुछ बच्चों को भी जन्म दिया था। गुंडों ने इसके बच्चों को भी नहीं बख्शा और उन सभी को मार डाला।

जैसे ही पश्चिम बंगाल में तृणमूल कॉन्ग्रेस (TMC) की जीत सुनिश्चित हुई, राज्य में हिंसा का दौर फिर से शुरू हो गया। मतगणना वाले दिन न सिर्फ भाजपा प्रत्याशियों पर हमले हुए और पार्टी के दफ्तरों को जलाया गया, बल्कि एक कार्यकर्ता की भी हत्या कर दी गई। रविवार (मई 2, 2021) को अभिजीत सरकार नामक एक भाजपा कार्यकर्ता ने TMC के गुंडों की हरकतों के बारे में बताया। उसके कुछ ही देर बाद उनकी हत्या कर दी गई।

अभिजीत सरकार ने फेसबुक लाइव के माध्यम से अपनी बात रखी थी। उन्हें पता भी नहीं था कि फेसबुक पर लाइव कैसे आते हैं, लेकिन उन्होंने किसी तरह वीडियो बनाया और बताया कि TMC के गुंडे लगातार बमबारी कर रहे थे और उन्होंने उनके घर और दफ्तर को तहस-नहस कर डाला। उन्होंने कहा कि उनकी एक ही गलती है कि वे भाजपा कार्यकर्ता हैं। अभिजीत सरकार ने बताया था कि वे कुत्तों से काफी प्यार करते थे।

उन्होंने कई बेसहारा कुत्तों को पाला था, जिनका कोई नहीं था। उनमें से एक मादा कुत्ते ने कुछ बच्चों को भी जन्म दिया था। अभिजीत सरकार ने उस कुत्ते की तरफ इशारा करते हुए कहा कि गुंडों ने इसके बच्चों को भी नहीं बख्शा और उन सभी को मार डाला। उन्होंने रोते-रोते इन हरकतों के बारे में बताया। एक अन्य वीडियो में उन्होंने बताया कि उनके घर और NGO दफ्तर को तोड़ डाला गया है। कुत्ते के 5 बच्चे को मार डाला गया।

उन कुत्तों के बच्चों की तस्वीरें अभिजीत सरकार ने अपने फेसबुक हैंडल से शेयर की थी। उन्होंने बताया कि कोलकाता के बेलिहाता में वॉर्ड संख्या 30 से हिंसा की शुरुआत हुई और परेश पॉल व स्वप्न समंदर जैसे तृणमूल नेताओं के नेतृत्व में ये सब हुआ। अभिजीत सरकार ने फेसबुक के वीडियो के माध्यम से पूछा कि क्या ये लोग मनुष्य भी हैं? उन्होंने पूछा कि उन्हें क्यों नुकसान पहुँचाया जा रहा है, उनकी क्या गलती है?

अभिजीत ने कहा था कि उन्हें किसी भी पार्टी के जीतने से कोई दिक्कत नहीं है, लेकिन बेरहम तरीके से उनके घर को ध्वस्त किया जा रहा है। इन दोनों वीडियो के अपलोड करने के बाद पीट-पीट कर उनकी हत्या कर दी गई। कई भाजपा कार्यकर्ताओं ने विभिन्न माध्यमों से डर जताया है कि ममता के तीसरी बार सत्ता में लौटने से उनका जीना दूभर हो सकता है और उनकी जान को TMC वालों से खतरा हो सकता है।

दो मई को ही हल्दिया में शुभेंदु अधिकारी के काफिले पर भी हमला किया गया था। न्यूज 18 की पत्रकार पायल मेहता ने ट्विटर पर शुभेंदु अधिकारी के कार पर हुए हमले का वीडियो शेयर किया था। उन्होंने टीएमसी के गुंडों द्वारा पत्रकारों पर हमले का भी वीडियो साझा किया। इस दौरान पुलिस मूकदर्शक बनी रही। इसी तरह TMC उम्मीदवार सुजाता मंडल के हारने के बाद उनके समर्थक आग-बबूला हो गए और उन्होंने आरामबाग में भाजपा दफ्तर को फूँक डाला।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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