Tuesday, September 28, 2021
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40+ लोग मलबे में दबे: हिमाचल के किन्नौर में फिर बड़ा लैंडस्लाइड, HRTC बस समेत कई गाड़ियाँ खाई में, देखें वीडियो

प्रशासनिक जानकारी के अनुसार, बस के ड्राइ‌वर ने हादसे के बाद घटना स्थल से जानकारी दी है कि बस में 35 से 40 लोग सवार थे। किन्नौर के भावानगर के पास की यह घटना है। बस सड़क से दूर-दूर तक नहीं दिख रही है।

हिमाचल प्रदेश के किन्नौर जिले के निगुलसेरी में नेशनल हाईवे-5 पर चील जंगल के पास चट्टान गिरने से बड़ा हादसा सामने आया है। इस हादसे में एचआरटीसी बस सहित कई गाड़ियों के चपेट में आने की सूचना है।

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार बताया जा रहा है कि चट्टानें गिरने से एचआरटीसी बस मलबे में दब गई है। सूचना मिलते ही प्रशासन, पुलिस की टीम घटनास्थल पर बचाव कार्यों के लिए रवाना हो गई है। वहीं NDRF को अलर्ट पर रखा गया है। बताया जा रहा है कि किन्नौर जिले में मूरंग-हरिद्वार रूट की यह बस है। चट्टानें गिरने से कई दूसरे वाहन भी मलबे में दब गए हैं।

शिमला में विधानसभा के परिसर के बाहर सीएम जयराम ठाकुर ने घटना की पुष्टी की है और कहा कि जानकारी मिली है कि बस के अलावा कुछ दूसरी गाड़ियाँ भी दबीं हैं।

प्रशासनिक जानकारी के अनुसार, बस के ड्राइ‌वर ने हादसे के बाद घटना स्थल से जानकारी दी है कि बस में 35 से 40 लोग सवार थे। इसके अलावा चपेट में आई दूसरी गाड़ियों में भी कई लोग हैं। किन्नौर के भावानगर के पास की यह घटना है। वीडियो में बस सड़क से दूर-दूर तक नहीं दिख रही है।

गौरतलब है कि इससे पहले भी जुलाई के अंतिम सप्ताह में हिमाचल प्रदेश के किन्‍नौर जिले में ही भूस्‍खलन के कारण बड़ा हादसा हुआ था। रविवार (25 जुलाई, 2021) को हुए इस हादसे में पहाड़ी चट्टानों के पर्यटकों की टेम्पो ट्रैवेलर पर गिरने से नौ लोगों की मौत हो गई थी।

ये टूरिस्‍ट जयपुर और दिल्‍ली के थे। यह घटना सांगला घाटी में घटी थी। हादसा इतना भयानक था कि वाहन को चट्टानों ने हवा में ही उड़ा दिया था और 600 मीटर नीचे बास्पा नदी के किनारे दूसरी सड़क पर जा गिरा था।

रिपोर्ट के अनुसार, मृतकों में माँ और पुत्र-पुत्री समेत 4 राजस्थान के, छत्तीसगढ़ के दो, महाराष्ट्र और दिल्ली का एक-एक पर्यटक था। सभी पर्यटक दिल्ली से ट्रैवल एजेंसी के वाहन में किन्नौर घूमने आए थे। पहाड़ी से गिरे बड़े पत्थर से बटसेरी स्थित बास्पा नदी पर बना 120 मीटर लंबा लोहे का पुल भी पलक झपकते ही धराशायी हो गया था।

 

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ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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