बताया जा रहा है कि इस चीनी महिला का फॉरेन सेक्शन में भी कोई रिकॉर्ड नहीं है। इसके बारे में सूचना मिलने के बाद सुरक्षा एजेंसियाँ चौकन्नी हो गई हैं। पुलिस इसे तलाश रही है।
बिहार के पूर्व डीजीपी गुप्तेश्वर पांडेय ने कहा है कि यदि उनकी टीम को जाँच के लिए 15 दिन का समय और मुंबई पुलिस का सहयोग मिला होता तो सुशांत के मौत की गुत्थी सुलझ चुकी होती।