इस कदम ने इंदिरा गाँधी को और भी अधिक निरंकुश बना दिया था। फिर पत्रकारों की गिरफ्तारी से लेकर सामाजिक कार्यकर्ताओं के खून से लोकतंत्र के इतिहास का सबसे कलंकित अध्याय लिखा गया।
8 पैनलिस्टों में से 7 दक्षिण अफ्रीका के थे जबकि सिर्फ़ एक भारत से और वो हैं आनंद शर्मा। कॉन्ग्रेस के जाने-माने नेता। आनंद शर्मा ने डिस्कशन में हिस्सा भी लिया।
"राहुल गाँधी जी से एक बात पूछनी थी। वो भारत की तरफ हैं या चाइना की तरफ? आजकल उनका चाइना प्रेम ज्यादा ही उमड़ रहा है। क्या बात हिंदुस्तान पर विश्वास नहीं रहा?"