फ़िलहाल, लालू यादव जेल में ही रहेंगे क्योंकि इसी चारा घोटाला में उन्हें दुमका और चाईबासा कोषागार मामले में ज़मानत नहीं मिली है। हालाँकि, लालू यादव के वकील ने कहा है कि वो इन दोनों मामलों में भी ज़मानत याचिका दायर करेंगे।
पीड़िता के साथ उक्त घटना तब हुई, जब वह साइकिल से स्कूल पढ़ने जा रही थी। जब गाड़ी में उसके साथ बलात्कार किया जा रहा था, तब उसके लाख चीखने-चिल्लाने के बावजूद उसकी आवाज़ बाहर नहीं पहुँच पा रही थी।
भीड़ द्वारा पिटाई शुरू होते ही चोर ने माफ़ी माँगनी शुरू कर दी। वह अपना नाम राजू बताता रहा। पुलिस ने बताया कि गिरफ़्तार चोर शातिर है और वह अपने साथी का नाम नहीं बता रहा है। भीड़ ने उसे खदेड़ना शुरू किया, तब वह दुर्गा मंदिर की ओर भागा।
बुजुर्ग ने कहा- "बैर न कर काहू सन कोई, राम प्रताप विषमता खोई।" चौपाई सुनते ही युवकों के होश उड़ गए और इसके बाद जब वहाँ भीड़ जुटने लगी, तो युवक वहाँ से भाग खड़े हुए।
मोहम्मद साज़िद, आज़म अंसारी और रमज़ान अंसारी गांजा पी रहे थे। कहाँ - मंगरू पाहन के घर के बाहर। मंगरू ने विनम्रतापूर्वक इन तीनों से उसके घर के बाहर गांजा न पीने का अनुरोध किया। लेकिन, तीनों में से एक को मंगरू की बात इतनी नागवार गुज़री कि उसने ग़ुस्से में मंगरू के पेट में छुरा घोंप दिया और वहाँ से भाग गया।
ओवैसी की पार्टी के नेता कुल 30 गाड़ियों से आए थे, ताकि गाँव में दहशत फैलाई जा सके। वे लोग जिस वाहन से गाँव में पहुँचे थे, उस पर भी ओवैसी की पार्टी का बोर्ड लगा हुआ था। हमले के दौरान उन्होंने मंदिर के ध्वज को भी क्षतिग्रस्त कर दिया।
पुलिस अधीक्षक (एसपी) कार्तिक एस ने कार्रवाई करते हुए दो पुलिस पदाधिकारियों- खरसावां थाना प्रभारी चंद्रमोहन उरांव व सीनी ओपी प्रभारी विपिन बिहारी सिंह को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर दिया है। दोनों पर लापरवाही बरतने व अपने वरीय पदाधिकारी की सूचना नहीं देने का आरोप है।