Home Blog Page 1487

दिल्ली शराब घोटाला: दुनिया की दूसरी सबसे बड़ी दारू बेचने वाली कंपनी के चक्कर में भीतर गए AAP के नेता, कोर्ट में दिया गया सबूत

दिल्ली के शराब घोटाले में आम आदमी पार्टी के नेता और दिल्ली के उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया के बाद अब AAP सांसद संजय सिंह को प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने गिरफ्तार किया है। इसके बाद कोर्ट ने उन्हें 5 दिन की रिमांड पर भेज दिया है। इस मामले में संजय सिंह के करीबी सर्वेश मिश्रा और विवेक त्यागी को ED ने पूछताछ के लिए बुलाया है। वहीं, मिश्रा ED ऑफिस पहुँच गया है।

ED ने बुधवार (4 अक्टूबर 2023) को गिरफ्तार करने के बाद गुरुवार को कोर्ट में पेश किया था। तब ईडी ने संजय सिंह की कस्टडी माँगते वक्त इन दोनों सहयोगियों का जिक्र किया था। ईडी ने कोर्ट से कहा था कि इन दोनों सहयोगियों को और दिनेश अरोड़ा के सामने बैठाकर संजय सिंह से पूछताछ की जाएगी।

ईडी का कहना है कि संजय सिंह के कहने पर सर्वेश मिश्रा को एक करोड़ रुपए मिले थे। दरअसल, इस पूरे मामले में दिनेश अरोड़ा की गवाही के बाद संजय सिंह के घर पर छापेमारी हुई थी। इस दौरान उनसे लगभग 10 घंटे तक पूछताछ के बाद गिरफ्तार कर लिया गया था।

दिनेश अरोड़ा का कहना है कि उसने दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के आवास पर मुलाकात की थी। इस दौरान संजय सिंह भी मौजूद थे। अब दिनेश अरोड़ा हाल ही में इस केस में सरकारी गवाह बने हैं। ऑपइंडिया के पास ईडी द्वारा कोर्ट में दाखिल की गई चार्जशीट मौजूद है। इसमें ईडी ने कहा है कि संजय सिंह को 2 करोड़ रुपए दिए गए।

चार्जशीट की कॉपी के अनुसार, इस मामले में 4 करोड़ रुपए दिए जाने थे। शराब कारोबारी विजय नायर के कहने पर मार्च-अप्रैल 2022 में हरिंदर सिंह ने 2 करोेड़ रुपए अभिषेक बोनापल्ली की डिफेंस कॉलोनी स्थित ऑफिस से लिए और इसमें से एक करोड़ रुपए संजय सिंह के आदमी सर्वेश मिश्रा को दे दिए।

ईडी ने कहा कि संजय सिंह के घर पर एक-एक करोड़ रुपए की डिलीवरी दो बार दी गई। जाँच में यह बात भी सामने आई कि अगस्त से अक्टूबर 2021 में गोवा इलेक्शन के दौरान विजय नायर के कहने पर दिनेश अरोड़ा से समीर महेंद्रू से 3 करोड़ रुपए लिए। दरअसल, विजय नायर ने AAP सरकार में अपने संबंधों के बल पर समीर महेंद्रू कोे शराब कंपनी pernod ricard का लाइसेंस दिलवाया था।

इन्हीं में से 1 करोड़ का एक इंस्टॉलमेंट दिनेश अरोड़ा के स्टाफ ने दिल्ली के ओखला स्थित ‘इंडो स्पिरिट्स’ से लिया। इसके बाद इस एक करोड़ रुपए को संजय सिंह के नॉर्थ एवेन्यू स्थित आवास पर उनके आदमी सर्वेश मिश्रा को दी गई। सर्वेश मिश्रा को 1 करोड़ देने के बाद दिनेश अरोड़ा ने संजय सिंह को कॉल किया। इस संजय सिंह ने कहा कि उन्हें विजय नायर पर इसके बारे में पहले ही बता दिया है।

ईडी ने कहा कि संजय सिंह दिल्ली में हुए शराब घोटाले के प्रमुख सूत्रधार हैं। उन्होंने इसमें बड़े पैमाने पर पैसे की हेरफेर की। इसके अलावा, इस मामले के अन्य आरोपितों जैसे कि दिनेश अरोड़ा और अमित अरोड़ा से नजदीकी रूप से जुड़े हैं। इसके अलावा, संजय सिंह के सहयोगी/स्टाफ विवेक त्यागी, अजीत त्यागी और सर्वेश मिश्रा भी दिनेश अरोड़ा से जुड़े हुए हैं।

खेल में जीत-हार लगी रहती है, पर बजरंग पुनिया ने तो घुटने ही टेक दिए: नेटिजन्स बोले- ईरान के रेसलर ने ‘नए-नवेले नेता’ को निचोड़ दिया

चीन में चल रहे एशियन गेम्स में 6 अक्टूबर 2023 को भारतीय पहलवान बजरंग पुनिया सेमीफाइनल में बुरी तरह हार गए। उन्हें ईरान के पहलवान ने बड़े अंतर से परास्त किया। पुनिया को एशियन गेम्स के लिए डायरेक्ट एंट्री दी गई थी। ऐसे में गोल्ड की उम्मीद टूटने के बाद सोशल मीडिया में नेटिजंस उन पर भड़के हुए हैं।

19वें एशियन गेम्स में बजरंग पुनिया से कुश्ती के 65 किग्रा फ्री स्टाइल में गोल्ड मेडल की उम्मीद की जा रही थी। लेकिन सेमीफाइनल में ईरानी पहलवान रहमान अमजद खलीली ने 8-1 से उनको पटखनी देकर फाइनल में जगह बनाई। पूरे मुकाबले में बजरंग कहीं भी लय में नजर नहीं आए। उनके सभी दाँव खाली जा रहे थे और वह एक के बाद एक प्वाइंट गँवा रहे थे।

हालत यह थी कि ईरानी पहलवान ने पहले ही मिनट में पाँव पकड़कर दाव लगाते हुए 4 प्वाइंट हासिल कर लिए थे। वहीं बजरंग अपने पहले प्वाइंट के लिए संघर्ष करते रहे। पहले राउंड में वे कोई भी प्वाइंट अर्जित नहीं कर पाए। वहीं दूसरे राउंड में रहमान अमजद ने एक बार फिर बजरंग को पाँव के सहारे दाँव पर फँसाते हुए 4 और प्वाइंट हासिल कर लिए। बजरंग महज 1 प्वाइंट ही अपने नाम कर पाए। हालाँकि इस निराशाजनक हार के बाद भी पुनिया के पास ब्रॉन्ज मेडल हासिल करने का मौका बचा है।

बता दें कि भारतीय पहलवान विशाल कालीरमण ने एशियन गेम्स के लिए 65 किग्रा फ्री स्टाइल कुश्ती का ट्रायल जीता था। लेकिन इसके बाद भी बजरंग पुनिया को उनकी जगह भेजा गया। इसको लेकर काफी विवाद मचा था। लेकिन तब बजरंग पुनिया के पुराने रिकॉर्ड्स और मेडल का जिक्र किया जा रहा था। अब उन्हें जिस तरह से हार मिली है उससे फैंस बेहद निराश हैं।

दशरथ गोयल नामक यूजर ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) में लिखा, “धरनाजीवियों का एशियन खेल 2023 मे प्रदर्शन: बजरंग पुनिया, ईरानी पहलवान से सेमीफाइनल मे हारा। विनेश फोगाट, इंजरी के कारण बाहर हुई। साक्षी मलिक, ट्रायल नहीं दिया। संगीता फोगाट, ट्रायल नही दिया। सत्यव्रत कादियान, ट्रायल नही दिया। इन सबको ओलंपिक में डायरेक्ट एंट्री चाहिए थी।”

शरद के त्रिपाठी नामक यूजर ने लिखा, “एशियन गेम्स में बड़बोले धरने वाले बजरंग पूनिया को मिली करारी हार। फ्रीस्टाइल किग्रा वेट कैटेगरी के सेमीफाइनल में ईरान के रहमान अमजद खलीली ने 8-1 हराया।”

एक अन्य यूजर ने बजरंग पुनिया की फोटो शेयर करते हुए लिखा, “ईरान के रेसलर ने यूं ही निचोड़ दिया अभी-अभी राजनेता बने बजरंग पुनिया को।”

एक अन्य यूजर ने लिखा, “वैसे खेल में हार-जीत चलती रहती है। एशियन गेम्स में बजरंग पूनिया को डायरेक्ट एंट्री दी गई थी, बाकी पहलवानों का हक मार कर। उसे ईरान के पहलवान ने हरा दिया है सेमीफाइनल में। अगर अंतिम को छोड़ दिया जाए तो एक में भी संघर्ष कर हारता भी नज़र न आया।”

ठेका/कॉन्ट्रैक्ट वाली सरकारी नौकरियों में भी SC/ST/OBC को आरक्षण, कम से कम 45 दिन की होनी चाहिए सेवा: सुप्रीम कोर्ट को मोदी सरकार ने बताया

सरकारी विभाग में संविदा पर दी जाने वाली नौकरियों में अब अनुसूचित जनजाति, अनुसूचित जाति और अन्य पिछड़ा वर्ग को आरक्षण दी जाएगी। केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट को बताया कि 45 दिन या उससे अधिक समय तक की संविदा पर होने वाली सरकारी नियुक्तियों में यह व्यवस्था की जाएगी।

केंद्र सरकार ने आगे कहा है कि अस्थायी पदों पर इस आरक्षण व्यवस्था को सख्ती से लागू करने के निर्देश जारी किए गए हैं। केंद्र ने बताया कि बताया कि इस संबंध में ज्ञापन संख्या 41034/4/2022-स्था. (आरईएस-I) दिनांक 21.11.2022 कार्मिक और प्रशिक्षण विभाग, लोक शिकायत और पेंशन मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा जारी किया गया है।

मंत्रालय ने कहा, “…सभी मंत्रालयों/विभागों से यह सुनिश्चित करने का अनुरोध किया जाता है कि 45 दिनों या उससे अधिक समय तक चलने वाली सभी अस्थायी नियुक्तियों में अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति/अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए आरक्षण दिया जाएगा। इन निर्देशों को सभी संबंधितों को सख्त अनुपालन के लिए सूचित किया जाता है।”

ऑफिस मेमोरेंडम में आगे अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के कल्याण पर संसदीय समिति की एक रिपोर्ट का हवाला दिया गया, जिसमें कहा गया कि सभी विभागों द्वारा अस्थायी नौकरियों में आरक्षण के निर्देशों का अक्षरश: पालन नहीं किया जा रहा है। इसके अलावा, 1968 और 2018 में इस संबंध में जारी कार्यालय ज्ञापन जारी किया गया था।

दरअसल, सरकार की अस्थायी नौकरियों में अनुसूचित जनजाति (ST), अनुसूचित जाति (SC) और अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) के लिए आरक्षण की माँग करते हुए सुप्रीम कोर्ट में एक रिट याचिका दाखिल की गई थी। इस याचिका की सुनवाई के दौरान केंद्र सरकार ने अदालत को इसकी जानकारी दी।

लाइव लॉ के अनुसार, जस्टिस संजीव खन्ना और जस्टिस एसवीएन भट्टी वाली सुप्रीम कोर्ट की बेंच ने याचिका का निपटारा करते हुआ कहा कि यदि इस कार्यालय ज्ञापन का उल्लंघन होता है तो याचिकाकर्ता या पीड़ित पक्ष कानून के अनुसार उचित उपाय का सहारा लेने के लिए स्वतंत्र होंगे।

केंद्र की मोदी सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में यह बात ऐसे समय में कही है, जब बिहार में नीतीश कुमार और लालू यादव के बेटे तेजस्वी यादव की गठबंधन सरकार ने हाल ही में जाति आधारी आँकड़े जारी किए हैं। हालाँकि, इन आँकड़ों पर लोगों द्वारा सवाल उठाए जा रहे हैं।

कपिल शर्मा, हुमा कुरैशी और हिना खान को ED ने बुलाया, सट्टेबाजी ऐप से ₹5000 करोड़ की मनी लॉन्ड्रिंग का मामला: जानिए क्यों रडार पर बॉलीवुड सितारे

ऑनलाइन सट्टेबाजी प्लेटफॉर्म महादेव बेटिंग ऐप से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) का शिकंजा कसता जा रहा है। ईडी ने अब कॉमेडियन कपिल शर्मा, एक्ट्रेस हुमा कुरैशी और हिना खान को नोटिस भेज तलब किया है। इससे पहले ईडी ने रणबीर कपूर और श्रद्धा कपूर को समन भेज 6 अक्टूबर को पेश होने के कहा था।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, महादेव बेटिंग ऐप के जरिए करीब 5000 करोड़ रुपए की मनी लॉन्ड्रिंग हुई है। ऐसे में ईडी इस ऐप को प्रमोट करने और इससे जुड़े कार्यक्रमों में शामिल होने वाले लोगों से पूछताछ कर रही है। इसी कड़ी में अब कपिल, हुमा औए हिना को नोटिस भेजा गया है।

वहीं खबर है कि रणबीर कपूर ने ED से पूछताछ में पेश होने के लिए 2 हफ्ते की मोहलत माँगी है। श्रद्धा कपूर पूछताछ में शामिल होंगी या नहीं इसकी पुष्टि फिलहाल नहीं हो पाई है। ईडी ने रणबीर कपूर को छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में स्थित कार्यालय में पेश होने के लिए कहा था।

मीडिया रिपोर्ट्स में सूत्रों के हवाले से कहा जा रहा है कि रणबीर कपूर ने कथित तौर पर महादेव ऐप का प्रचार भी किया था। इसलिए ईडी के अधिकारी यह जानने की कोशिश कर रहे हैं कि रणबीर ने ऐप का प्रचार करना कब शुरू किया था और इसके लिए उन्हें कैसे और कितने पैसे मिले थे।

बता दें कि यह पूरा मामला महादेव ऐप से जुड़ा है। इस ऐप के जरिए ऑनलाइन सट्टेबाजी कराई जा रही थी। सौरभ चंद्राकर और रवि उप्पल इसके प्रमुख प्रमोटर बताए जाते हैं। ये दोनों दुबई बेस्ड कंपनी के जरिए यह ऐप चला रहे थे। महादेव ऐप में क्रिकेट, टेनिस, बैडमिंटन, पोकर, कार्ड गेम्स समेत कई तरह लाइव गेम्स खिलाकर उसमें सट्टेबाजी कराई जा रही थी। यह भी आरोप है कि इस ऐप में पैसे लगाने वालों यानी सट्टा खेलने वालों को लगातार नुकसान ही होता था।

इसके अलावा इस ऐप के जरिए यूजर्स जोड़े जा रहे थे और बेनामी बैंक खातों के जरिए यूजर आईडी बना कर मनी लॉन्ड्रिंग की जा रही थी। सट्टेबाजी से होने वाली कमाई को कई बैंक खातों में भेजा गया। भारत में इसके विज्ञापन और फ्रेंचाइजी आमंत्रित करने के लिए भी बड़ी मात्रा में पैसे खर्च किए गए। इस ऐप के जरिए सट्टेबाजी के कई प्लेटफॉर्म्स को एक साथ जोड़ा गया था। कुल मिला कर 5000 करोड़ रुपए के मनी लॉन्ड्रिंग का आरोप है। इस ऐप को 30 सेंटरों के जरिए संचालित किया जा रहा था।

क्यों बॉलीवुड तक पहुँची महादेव ऐप की जाँच की आँच

महादेव बेटिंग ऐप के प्रमोटर सौरभ चंद्राकर ने इसी साल फरवरी में शादी की थी। इस शादी में सनी लियोनी, नेहा कक्कड़, आतिफ असलम, राहत फ़तेह अली खान, अली असगर, विशाल डडलानी, एली अवराम, भारती सिंह, भाग्यश्री, कीर्ति खरबंदा, नुसरत भरुचा, कृष्णा अभिषेक और सुखविंदर सिंह शामिल हुए थे। इस शादी पर 200 करोड़ रुपए से अधिक खर्च होने की बात सामने आई थी।

ED ने जो डिजिटल सबूत जुटाए हैं, उससे पता चला है कि हवाला के जरिए एक इवेंट मैनेजमेंट कंपनी को 112 करोड़ रुपए दिए गए थे, वहीं होटल बुकिंग के लिए 42 करोड़ रुपए कैश का इस्तेमाल किया गया था। इस शादी कार्यक्रम का वीडियो भी सामने आया है, जिसमें बॉलीवुड की हस्तियों को देखा जा सकता है। ये भी पता चला है कि इस एप की एक सक्सेस पार्टी भी हुई थी। सौरभ चंद्राकर और एप के दूसरे प्रमोटर रवि उप्पल ने मिल कर सितंबर 2022 में इस पार्टी का आयोजन किया था।

इसमें भी बॉलीवुड के कई एक्टर और गायक पहुँचे थे। मीडिया रिपोर्ट्स में सूत्रों के हवाले से बताया गया है कि बॉलीवुड के कई बड़े नामों को हवाला के जरिए पैसों का भुगतान किया गया। एक बड़े अभिनेता को करोड़ों दिए जाने की बात कही जा रही है। इस बेटिंग एप से जुड़ी 417 करोड़ की संपत्ति जब्त की गई है।

‘यूपी में बाबा’ फेम कवयित्री से गंदी बात, अनामिका अंबर बन महिलाओं को भी भेजे गंदे मैसेज: UP पुलिस ने पकड़ा तो कहा- फेमस लोगों संग टाइम पास अच्छा लगता है

‘यूपी में बाबा’ फेम कवयित्री अनामिका अंबर जैन (Anamika Amber Jain) के साथ ऑनलाइन गंदी बात करने के आरोप में उत्तर प्रदेश पुलिस ने एक युवक को गिरफ्तार किया है। अनामिका अंबर के नाम से फेक अकाउंट बनाकर वह दूसरी महिलाओं को भी अश्लील मैसेज करता था।

आरोपित की पहचान मयूर बंसल के तौर पर हुई है। गिरफ्तारी के बाद उसने बताया है कि उसे फेमस महिलाओं से टाइम पास करना अच्छा लगता है। इसलिए उसने यह सब किया।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, कवयित्री अनामिका अंबर को सूचना मिली थी कि उनके नाम से फेक आईडी बनाकर लोगों को अश्लील मैसेज किए जा रहे हैं। जानकारी मिलने के बाद अनामिका ने आरोपित को ढूँढ़ निकाला और उसे समझाने की कोशिश की। लेकिन इसके बाद भी नहीं माना। परेशान होकर अनामिका ने मेरठ के सदर बाजार थाने में शिकायत दर्ज कराई। इसके बाद पुलिस ने जाँच कर मेरठ के ही खखरौदा क्षेत्र से मयूर बंसल को गिरफ्तार कर लिया।

अनामिका अंबर ने बताया है कि मयूर बंसल उनके नाम से फेक अकाउंट बनाकर महिलाओं को अश्लील मैसेज भेजता था। कई महिला मित्रों और रिश्तेदारों ने इस बारे में जानकारी दी थी। जब उन्होंने सोशल मीडिया और चेक किया तो इसकी पुष्टि हो गई। इस बीच उन्हें पता चला कि यह सब करने वाले युवक पढ़ा-लिखा है। इसलिए उन्होंने उसे समझाने की कोशिश की। पुलिस का डर भी दिखाया। लेकिन वह नहीं माना।

अनामिका ने आगे कहा कि उन्होंने मयूर बंसल से कहा था कि यह सब बंद कर दो। पुलिस पकड़ेगी तो भविष्य खराब हो जाएगा। समझाने के बाद भी महिलाओं को अश्लील मैसेज भेजता रहा। इसके चलते कई लोगों को परेशानी हुई। कई लोगों ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट तक बंद कर दिए। मजबूरन उन्हें पुलिस में शिकायत दर्ज करानी पड़ी।

आरोपित की गिरफ्तारी पर अनामिका अंबर ने उत्तर प्रदेश पुलिस का आभार जताया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में सभी महिलाएँ सुरक्षित हैं। इसके अलावा उन्होंने महिलाओं से ऐसे आरोपितों से सावधान रहने की सलाह दी है। कहा कि यदि कोई ऑनलाइन परेशान कर रहा है तो डरने की जगह उसके खिलाफ शिकायत दर्ज कराएँ, ताकि उसे सबक सिखाया जा सके।

कवयित्री अनामिका अंबर के पति और कवि सौरभ जैन सुमन ने कहा कि आरोपित फेसबुक मैसेंजर व अन्य सोशल साइट्स से महिलाओं को कॉल करता था। जब फोन रिसीव होता तो वह उनसे अश्लील बातें करता था। वहीं पुलिस पूछताछ में मयूर बंसल ने कहा कि वह अनामिका अंबर से बात कर टाइम पास करना चाहता था। उसे यह अच्छा लगता है। इसलिए उसने फेक आईडी बनाकर अनामिका को कॉल और मैसेज भेजे। फिर उनसे जुड़ी महिलाओं को भी मैसेज और फोटो भेजने लगा। उसने यह भी कहा कि वह पहले अनामिका को नहीं जानता था। लेकिन जब उसे पता चला कि वह फेमस है तो वह उनसे बात करने की कोशिश करने लगा।

बता दें कि कवयित्री अनामिका जैन अंबर का मध्य प्रदेश की शिवराज सरकार के लिए गाया गाना ‘मामा मैजिक करत हैं’ भी काफी वायरल हुआ था।

संजय सिंह को कोर्ट ने सिर्फ ED को ही नहीं सौंपा, माना शराब घोटाले में उनकी गिरफ्तारी बेतुकी नहीं: दिनेश अरोड़ा से ₹2 करोड़ कैश लेने का आरोप

दिल्ली की एक अदालत ने 5 अक्टूबर 2022 को आम आदमी पार्टी (AAP) के राज्यसभा सांसद संजय सिंह को 5 दिन के लिए प्रवर्तन निदेशालय (ED) की कस्टडी में भेज दिया था। सुनवाई के दौरान राउज एवेन्यू कोर्ट ने माना कि दिल्ली के शराब घोटाले में सिंह की गिरफ्तारी गलत या अतार्किक नहीं है। ईडी ने अदालत को बताया था कि दिनेश अरोड़ा ने AAP सांसद के घर पर दो करोड़ रुपए नगद भिजवाए थे।

स्पेशल जज एमके नागपाल की अदालत ने कहा कि जो आरोप लगाए हैं और ईडी ने जिस तरह के दस्तावेज सामने रखे हैं, उससे दिल्ली के शराब घोटाले में सिंह की सीधी संलिप्तता दिखती है। साथ ही यह भी माना कि इस स्तर पर ऐसा कुछ नहीं है जिससे माना जाए कि सिंह के खिलाफ दिनेश अरोड़ा के बयान में खोट है।

कोर्ट ने कहा कि अरोड़ा के बयानों की सत्यता की परख ट्रायल के दौरान ही होगी। लेकिन जाँच के लिए यह जरूरी है कि ऐसे बयानों पर भरोसा कर उन पर गौर किया जाए। फिलहाल ऐसा कुछ भी नहीं है कि जिससे लगे कि सरकारी गवाह बने अरोड़ा के बयान गलत हैं।

गौरतलब है कि संजय सिंह को बुधवार (4 अक्टूबर,2023) को ईडी ने 10 घंटे से ज्यादा वक्त तक पूछताछ के बाद गिरफ्तार किया था। गुरुवार (5 अक्टूबर, 2023) को कोर्ट ने उन्हें 10 अक्टूबर तक ईडी की हिरासत में भेजा दिया था।

गुरुवार को हुई सुनवाई के दौरान कोर्ट ने कहा कि आबकारी नीति मामले में 2 करोड़ रुपए के लेनदेन में सीधी संलिप्तता देखते हुए सिंह को हिरासत में लेकर पूछताछ करना जरूरी है। साथ ही ईडी ने जो डाटा जुटाए हैं उसको लेकर भी ​पूछताछ होनी है। इसके अलावा एजेंसी ने विवेक कुमार त्यागी और सर्वेश मिश्रा सहित कुछ लोगों को समन जारी किया है। संजय सिंह के साथ इनकी आमने-सामने की पूछताछ के लिए भी हिरासत जरूरी है।

कोर्ट ने कहा कि संजय सिंह से पूछताछ सीसीटीवी कवरेज वाली जगह पर होनी चाहिए। हिरासत के दौरान प्रतिदिन शाम 6 बजे से 7 बजे के बीच रोजाना आधे घंटे के लिए उन्हें वकीलों से मिलने की इजाजत दी है।

कोर्ट ने आप सांसद को हिरासत के दौरान रोजाना आधे घंटे के लिए पत्नी और पिता से मिलने की भी इजाजत दी है। कोर्ट ने यह भी कहा है कि सिंह का ब्लड प्रेशर दिन में दो बार जाँचा जाएगा और दिन में एक बार उनके शुगर लेवल की निगरानी की जाएगी।

शुक्र है! डूबने से बच गया बिहार का एक सूरज: खान सर से पढ़कर था तैयार, पर बिहार सरकार ने रद्द कर दी परीक्षा; दुखी होकर खा लिया जहर

7 अक्टूबर 2023 को बिहार पुलिस की सिपाही भर्ती परीक्षा होनी थी। लेकिन 2 अक्टूबर को नीतीश सरकार ने परीक्षा ही रद्द कर दी। इसी दिन बिहार ने जाति जनगणना के नंबर्स जारी किए थे। परीक्षा रद्द करने के फैसले से आहत पूर्णिया के एक अभ्यर्थी ने जहर खाकर जान देने की कोशिश की।

इस अभ्यर्थी का नाम सूरज कुमार है। यह तो अच्छा हुआ कि समय रहते परिजनों ने सूरज को जहर खाते देख लिया और उसे अस्पताल ले गए। आज वह जिंदा है पर उसकी पीड़ा ‘सुशासन’ पर सवाल उठाते हैं। उसका कहना है कि बार-बार पेपर लीक हो रहा है। सरकार छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ कर रही है।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, जहर खाकर जान देने की कोशिश करने वाले युवक सूरज कुमार, पूर्णिया जिले के बलुआ गाँव का रहने वाला है। परीक्षा रद्द के चलते परेशान होकर 4 अक्टूबर को उसने आत्महत्या की कोशिश की थी। परिजनों ने इलाज के लिए उसे पूर्णिया के जीएमसीएच हॉस्पिटल में भर्ती कराया है।

मीडिया से बात करते हुए सूरज ने कहा कि वह 3 साल से परीक्षा की तैयारी कर रहा था। बीते 2 साल से खान सर की कोचिंग में जा रहा था। बार-बार पेपर लीक हो रहा है। इस बार भी परीक्षा रद्द हो गई। इसलिए उसने आत्महत्या की कोशिश की। सूरज कुमार ने सरकार से बिहार के स्टूडेंट्स के भविष्य के साथ खिलवाड़ न करने की अपील की है।

उसने यह भी कहा कि सिपाही भर्ती की उसकी परीक्षा 7 अक्टूबर को होनी थी। इसके लिए उसने तैयारी भी की थी। परीक्षा देने के लिए वह पूर्णिया में रहने वाले दोस्त के घर भी गया था। लेकिन पेपर लीक होने के बाद परीक्षा रद्द ही गई। इससे वह डिप्रेशन में चला गया था। इसके चलते ही उसने यह कदम उठाया।

सूरज ने पेपर लीक के आरोपितों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की भी माँग की है। परिजनों का भी कहना है कि सूरज लंबे समय से तैयारी कर रहा था। पेपर लीक होने के कारण वह डिप्रेशन में था। दोस्त रवि ने कहा कि सूरज 2 साल से पटना में रहकर खान सर की कोचिंग में जाता था। परीक्षा के चलते ही करीब 3 महीने पहले कोचिंग छोड़ घर आकर तैयारी कर रहा था। वह बचपन से ही पुलिस में जाना चाहता था। इसके लिए उसने NCC भी ज्वाइन की थी।

अलीगढ़ से मुस्लिम दोस्त के साथ गायब हुई हिंदू महिला वापस लौटी, पति ने कहा- इंस्टाग्राम पर हुई थी माही खान से दोस्ती, 6 माह की बच्ची के साथ लापता होने का दर्ज कराया था केस 

अलीगढ़ में ‘द केरला स्टोरी’ जैसी घटना सामने आई है। यहाँ एक विवाहित हिंदू महिला को उसकी मुस्लिम मित्र घर से लेकर गई और फिर लापता हो गई। मुस्लिम महिला ने हिंदू महिला के पति से कहा कि उसकी पत्नी उसके साथ घूमने जा रही है, शाम तक आ जाएगी। हालाँकि, कई दिन बीतने के बाद भी उसका कोई सुराग नहीं मिला है। महिला के साथ उसकी 6 माह की बेटी भी थी। वहीं अब इस मामले में तजा खबर यह है कि महिला को अलीगढ़ पुलिस ने सकुशल बरामद कर लिया है।

क्या है पूरा मामला

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, ये घटना गाँधी पार्क थाना इलाके की है। गाँधी पार्क थाना इलाके के नगला के रहने वाले दीपक शर्मा ने पुलिस से शिकायत की है कि उनकी पत्नी भावना शर्मा और उनकी 6 माह की बेटी रिशू 29 सितम्बर, 2023 से ही गायब हैं। छह दिन से अधिक समय बीत जाने के बाद भी महिला और उसकी दुधमुँही बच्ची का पता नहीं चल पाया है।

दीपक शर्मा के मुताबिक, उनकी पत्नी की 2 माह पहले इंस्टाग्राम पर माही खान नाम की एक युवती से दोस्ती हुई थी। दोनों की इंस्टाग्राम पर ही बातचीत होने लगी। माही खान 28 सितंबर को अलीगढ़ आई और दीपक के घर ही रुकी। फिर 29 सितंबर को माही खान ये कहकर उनकी पत्नी भावना को अपने साथ ले गई कि वो माँ-बेटी को अपने घर घुमाने जा रही है। शाम को वह दोनों को बस में बैठा देगी और वे वापस आ जाएँगे। हालाँकि, ऐसा नहीं हुआ।

पीड़ित के घर में रात भर रुकी माही खान, फिर पत्नी-बेटी को ले उड़ी

दीपक का कहना है कि उन्होंने और उनके परिवार ने माही खान की बात मान ली, क्योंकि वो एक दिन से उनके ही घर में रुकी थी और उसका व्यवहार अच्छा था। हमने सोचा कि वो अच्छी दोस्त बन चुकी है, लेकिन माँ-बेटी शाम तक नहीं लौटी और उनका फोन भी बंद जाने लगा। इसके बाद से वो परेशान है। उन्होंने बताया कि पुलिस में माँ-बेटी की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।

दीपक शर्मा ने बताया है कि उनकी पत्नी का संपर्क माही खान के जरिए किसी मुस्लिम युवक से हुआ है। ऐसे में उन्हें अंदेशा है कि उनकी पत्नी का ब्रेनवॉश करके पूरी प्लानिंग के साथ उन लोगों को बेवकूफ बनाया गया है और उनकी पत्नी के साथ कुछ गलत हो सकता है।

शर्मा ने पुलिस से गुहार लगाई कि जल्द-से-जल्द उनकी पत्नी और बेटी को ढूँढा जाए। वहीं, पुलिस आसपास के CCTV को खंगाल रही है। महिला की खोजबीन के लिए कई टीमों का भी गठन किया गया है।

अलीगढ पुलिस ने महिला को किया बरामद

वहीं अब इस मामले में अलीगढ पुलिस का कहना है कि महिला घर वापस लौट आई है। इस संबंध में पुलिस अधीक्षक ने बताया कि 29 सितम्बर को हमें एक सूचना प्राप्त हुई थी कि एक महिला घर से गायब हो गई है। जिसको तुरंत संज्ञान में लेते हुए उचित धाराओं में FIR पंजीकृत किया गया था। इसमें प्राथमिक जाँच में पाया गया कि महिला अपने एक परिचित के साथ दिल्ली के लिए रवाना हुई थी। शादीशुदा महिला जिसकी उम्र करीब 23 वर्ष है, अपने बच्चे के साथ गई थी, महिला को कल ही सकुशल बरामद कर लिया गया है।

इस मामले में पुलिस का कहना है कि अभियोग में अग्रिम वैधानिक कार्यवाही की जा रही है। जिसके बारे में बाद में अवगत कराया जाएगा।

नोट: यह खबर पुलिस का बयान आने के बाद अपडेट की गई है।

‘हिंदुओं की रक्षा सिर्फ आप ही कर सकते हैं’: बंगाल के हिंदू परिवार ने CM योगी के जनता दरबार में लगाई गुहार, बोले- दबंग मुस्लिम जमीन कब्जा लेते हैं

पश्चिमी बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की नेतृत्व वाली तृणमूल कॉन्ग्रेस (TMC) की सरकार में हिंदू प्रताड़ना के शिकार हो रहे हैं। यही कारण है कि बंगाल के हिंदू कोई उपाय ना देखकर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से उम्मीद लगा रहे हैं। सीएम योगी के जनता दरबार में पहुँचकर बंगाली हिंदुओं ने उनसे मदद माँगी।

पश्चिम बंगाल में हिंदू पलायन के लिए मजबूर हैं। कई मौकों पर ऐसी खबरें आ चुकी हैं। बंगाल के कुछ हिंदू परिवार गुरुवार (05 अक्टूबर 2023) को लखनऊ में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के जनता दरबार में पहुँचे और उनसे पश्चिम बंगाल में प्रताड़ित हो रहे हिंदुओं की मदद के लिए गुहार लगाई। उन्होंने खुद को असहाय बताया।

‘हिंदुओं की रक्षा सिर्फ आप कर सकते हैं’

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, पश्चिम बंगाल आए हिंदू समुदाय के कुछ लोग लखनऊ में चल रहे जनता दरबार में पहुँचकर अपनी परेशानी मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को बताई। उन्होंने कहा कि बंगाल में उनकी जमीनों पर दबंग मुस्लिम कब्जा कर रहे हैं। उन्होंने सीएम योगी से कहा, “हम लोगों की जमीन कब्जाने वाले लोग धमकाते हैं। अब आप ही हमारी आखिरी उम्मीद हैं।”

इस पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जब ये कहा, “पश्चिम बंगाल का मुख्यमंत्री मैं नहीं हूँ, कोई और है।” तब उन लोगों ने कहा, “लेकिन हिंदुओं की रक्षा तो आप ही कर सकते हैं।” इसके बाद योगी आदित्यनाथ ने उनकी समस्याओं को सुना और उन्हें मदद का आश्वासन दिया। इसके अलावा, सीएम ने अन्य लोगों की समस्याओं को भी सुना।

देवरिया हत्याकांड में एसडीएम समेत कई अधिकारी सस्पेंड

इस बीच, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने देवरिया हत्याकांड में बड़ा एक्शन लिया है। उनके आदेश पर उपजिलाधिकारी, क्षेत्राधिकारी, दो तहसीलदार, तीन लेखपाल, हेड कॉन्स्टेबल, 4 कॉन्स्टेबल, 2 हल्का प्रभारी और थाना प्रभारी को निलंबित कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि जो भी दोषी होगा, उस पर कार्रवाई की जाएगी।

सीएम योगी इस बात से नाराज दिखे कि भूमि के मामले में कई शिकायतें दर्ज हुई थीं। इन्हें ऑनलाइन पुलिस विभाग और राजस्व विभाग को भेजी गई थीं। लेकिन, दोनों विभागों के अधिकारियों ने इसको गंभीरता से नहीं लिया और न ही इसका निस्तारण किया।

भूमि विवाद में नपेंगे अफसर

इससे पहले, बुधवार (4 अक्टूबर 2023) को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अफसरों को निर्देशित किया कि भूमि विवाद और जनसमस्याओं का निस्तारण प्राथमिकता के आधार पर करें। उन्होंने भू-माफिया और खनन माफिया के खिलाफ सख्त कार्रवाई के भी निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने जमीन पैमाइश के मामलों को 48 घंटे के अंदर निस्तारित करने के लिए कहा।

योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों से साफ शब्दों में कहा कि उत्तर प्रदेश के किसी भी कमजोर, गरीब, उद्यमी, व्यवसायी की भूमि पर कोई कब्जा ना करने पाए। उन्होंने साफ तौर पर कहा कि भूमि विवाद में कोई घटना होने पर जनपद और तहसील की जिम्मेदारी तय होगी। ऐसे में लोग अपनी जिम्मेदारी सही से निभाएं।

लखनऊ और गोरखपुर में लगाते हैं जनता दरबार

गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ दो जगहों पर (गोरखपुर और लखनऊ) जनता दरबार लगाकर लोगों की समस्याएँ सुनते हैं और उनका निवारण करते हैं। वो मौके पर ही संबंधित अधिकारियों को निर्देश देकर समस्याओं का निराकरण कराते हैं। योगी आदित्यनाथ के जनता दरबार में आम लोग अपनी समस्याओं को लेकर पहुँचते हैं। ऐसे में पश्चिम बंगाल से उनसे मदद की उम्मीद में पहुँच गए।

‘न देश का खजाना लूटने दूँगा, न कॉन्ग्रेसियों की तिजोरी भरने दूँगा’: PM मोदी ने MP में रानी दुर्गावती स्मारक सहित ₹12000 करोड़ की परियोजनाएँ शुरू कीं

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गुुरुवार (5 अक्टूबर 2023) को मध्य प्रदेश के जबलपुर पहुँचे। यहाँ वो मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के साथ खुली जीप में सवार होकर सभा स्थल तक पहुँचे। पीएम मोदी ने जबलपुर में महारानी दुर्गावती स्मारक सहित 12,000 करोड़ रुपए की परियोजनाओं की शुरुआत की। इस दौरान उन्होंने कॉन्ग्रेस पर करारा हमला भी बोला।

जबलपुर में प्रधानमंत्री मोदी ने माँ नर्मदा को नमन करते हुए अपने संबोधन की शुरुआत की। उन्होंने जनसभा को संबोधित करते हुए कहा, “आज पूरा देश वीरांगना महारानी दुर्गावती की 500वीं जन्म जयंती मना रहा है। आज हम सब लोग अपने पूर्वजों के रण का कर्ज चुकाने के लिए यहाँ एकत्रित हुए हैं।”

उन्होंने कहा कि महारानी दुर्गावती स्मारक बनने के बाद देश को लोगों का यहाँ आने का मन करेगा। दुनिया के किसी देश में अगर महारानी दुर्गावती जैसी नायक या नायिका होती तो वह उछल-कूद करता, लेकिन आजादी के बाद हमारे महापुरुषों, वीरों और वीरांगनाओं को भुला दिया गया।

उज्ज्वला योजना की पीएम मोदी ने किया जिक्र

अपने संबोधन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि जब हमारी कोई माता-बहन चूल्हे पर खाना बनाती है तो 400 सिगरेट जितना धुंआ, एक दिन में उनके अंदर जाता है। भाजपा ने माताओं-बहनों को इस धुँए से छुटकारा दिलाया। कॉन्ग्रेस में ऐसा करने की नियत ही नहीं थी। उन्होंने बताया कि अब उज्ज्वला योजना के सिलेंडर 600 रुपए मिलेंगे।

2014 से पहले कॉन्ग्रेस ने मचा रखी थी लूट

जबलपुर में पीएम मोदी ने कॉन्ग्रेस पर करारा हमला बोला। उन्होंने कहा कि 2014 से पहले कॉन्ग्रेस ने देश में लूट मचा रखी थी। ये सिर्फ अपनी तिजोरियाँ भरने में लगे थे। भाजपा की सरकार 2014 में आई तो कॉन्ग्रेस की नीतियों को बदला गया। 11 करोड़ फर्जी लोगों के नाम सरकारी रिकॉर्ड से हटाए गए।

प्रधानमंत्री ने कहा, “इन नामों को हटाने से 2.5 लाख करोड़ रुपए की बचत होने लगी। ये लोग बिना जन्मे ही गरीबों का पैसा खा रहे थे। कॉन्ग्रेस के लोग इसलिए गुस्सा करते हैं, क्योंकि मैंने उनका कट बंद कर दिया। मैं न देश का खजाना लूटने दूँगा, न कॉन्ग्रेस के नेताओं की तिजोरी भरने दूँगा।”

आजादी के बाद की सरकारों ने की एक परिवार की चरणवंदना

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि आजादी के बाद की सरकारों ने सिर्फ एक परिवार की चरण वंदना की, जबकि आजादी सिर्फ एक परिवार ने नहीं दिलाई थी। इसमें लाखों लोगों ने बलिदान दिया है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार गरीबों की सरकार है और वह उनका विकास सुनिश्चित कर रही है।

पीएम मोदी ने कहा कि भाजपा की डबल इंजन सरकार का लक्ष्य सिर्फ देश और प्रदेश का विकास करना है। इसी उद्देश्य के साथ भाजपा आगे बढ़ रही है। उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार और परिवारवाद की राजनीति को आगे बढ़ाने के लिए कुछ लोग तरह-तरह की बातें कर रहे हैं।

पीएम मोदी ने कहा कि जिस राजनीतिक दल पर स्वार्थ हावी हो जाता है, उसे कुर्सी के अलावा और कुछ नहीं दिखता है। प्रधानमंत्री ने कहा कि ये लोग भाजपा को गाली देते-देते देश का अपमान करने लग जाते हैं। इस दौरान उन्होंने वीरांगना महारानी दुर्गावती स्मारक के निर्माण के लिए भूमिपूजन भी किया।