खुद को ‘कट्टर कॉन्ग्रेसी’ बताने वाले को जवाब देते हुए स्मृति ने कहा- देश भर की महिलाओं को इस तरह के शब्दों का सामना रोज करना पड़ता है। मुझे तो अब आदत पड़ गई है।
अधीर रंजन चौधरी ने एनआरसी मुद्दे पर टिप्पणी करते हुए कहा था, “अमित शाह, नरेंद्र मोदी खुद घुसपैठिए हैं। घर गुजरात है और दिल्ली आ गए। वे खुद माइग्रेंट हैं।”
प्रोफेसर पाठक ने कहा कि जाँच रिपोर्ट कुलपति को सौंपी जाएगी। इंटरनल कंप्लेंट कमिटी की जाँच में क्या निकला, इस सम्बन्ध में अब तक विश्वविद्यालय प्रशासन ने कुछ भी जानकारी नहीं दी है।
आरएसएस प्रमुख भागवत के साथ हाल में मंच साझा करने वाले वे कॉन्ग्रेस से जुड़े दूसरे नेता हैं। इससे पहले पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी आरएसएस के विजयादशमी कार्यक्रम में शामिल हुए थे। मुखर्जी का इस कार्यक्रम में जाना गॉंधी परिवार को रास नहीं आया था।
मंच पर उपस्थित नेताओं को जैसे ही ग़लती का एहसास हुआ, उन्होंने नारे को ठीक करवाया और फिर से 'प्रियंका गाँधी ज़िंदाबाद' के नारे लगवाए गए। हालाँकि, इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर लोगों के मज़ाक का विषय-वस्तु बन गया।
नाना पटोले ने आरोप लगाया था कि एक बैठक के दौरान जब उन्होंने पीएम मोदी के सामने बढ़ते टैक्स और किसानों का मुद्दा उठाया तो उन्होंने कहा- 'शट अप'। पटोले ने आरोप लगाया था कि प्रधानमंत्री गंभीर मुद्दों पर सवाल पूछने पर आग-बबूला हो जाते हैं।
कक्षा 10 के कमजोर छात्रों के लिए शिक्षा विभाग ने मॉडल पेपर तैयार किया है। इसमें कहा गया है, “कुबुद्धि बेहद अवगुणी और शराबी था और गाँधी जी जैसा जीवन जीता था।” यह पेपर कई महीनों से सरकारी स्कूली में बच्चों को पढ़ाया जा रहा है।
अमरिंदर सिंह के गृह नगर के चार पार्टी विधायकों ने बगावती रुख अपना रखा है। नौकरशाही पर गंभीर आरोप लगाते हुए इन्होंने कहा है कि मुख्यमंत्री उनकी बात नहीं सुन रहे। आप का दावा है कि बागियों के साथ कॉन्ग्रेस के 40 विधायक हैं।