"1919 में दूसरे विश्व युद्ध के खत्म होने बाद अंग्रेज यह समझ गए थे कि हिंदुस्तान में उनके खिलाफ असंतोष बढ़ रहा है। ऐसे में उन्होंने रॉलेट एक्ट जैसे कानून को भारत में लागू किया। वर्ष 1919 के इस रॉलेट एक्ट और 2019 के नागरिकता संशोधन कानून को अब इतिहास के काले कानून के रूप में जाना जाएगा।"
इस तरह के नोटिस राजस्थान के लगभग हर कॉलेज में जारी किए गए हैं। साथ ही कॉलेजों को टारगेट दिया गया है कि हर क्लास से कम से कम 10 बच्चे राहुल गाँधी की युवा आक्रोश रैली में आने ही चाहिए।
सामना के संपादक और शिवसेना सांसद संजय राउत ने कहा कि हम चाहते हैं कि
अयोध्या दौरे के लिए हमारे गठबंधन के नेताओं को भी साथ आना चाहिए। इतना ही नहीं राउत ने आगे ये भी कहा कि राहुल गाँधी पहले से ही मंदिरों में जाते भी हैं।
"कपिल सिब्बल सुप्रीम कोर्ट में भगवान राम की तुलना तीन तलाक और हलाला से करते हैं। युवक कॉन्ग्रेस के एक नेता गाय की हत्या कर सार्वजनिक रूप से गौ मांस भक्षण करते हैं।"
प्रोफेसर सोमेन ने कहा था, “आप वास्तव में सावरकर नहीं हैं, आपके अंदर उनके कोई गुण मोजूद नहीं हैं। सच तो यह है कि आप एक सच्चे गाँधी ही नहीं हैं…।” इसके विरोध में NSUI के प्रदर्शन के बाद यूनिवर्सिटी ने उन्हें अवकाश पर जाने का आदेश दिया था।
सीसी थम्पी को कॉन्ग्रेस नेता राहुल गाँधी के जीजा और प्रियंका गाँधी के पति रॉबर्ट वाड्रा का करीबी माना जाता है। अब सीसी थम्पी की गिरफ्तारी के बाद न केवल रॉबर्ट वाड्रा, बल्कि राहुल गाँधी और प्रियंका गाँधी की मुसीबतें भी बढ़ सकती हैं।
"ये वही कॉन्ग्रेस पार्टी है जिसने इमरजेंसी में अटल बिहारी वाजपेयी को कारावास में बंद किया। चौधरी चरण सिंह, जेपी को कारावास में बंद किया। मुंबई में स्मगलर करीम लाला को खुला छोड़ दिया।"
रामचंद्र गुहा को जवाब देने के बाद स्वाति चतुर्वेदी ने लिखा कि आप राहुल गाँधी से नफरत करें या उनकी आलोचना करिए, लेकिन वह संघ के लिए एक चुनौती की तरह काम कर रहे हैं। इस दौरान उन्होंने पीएम मोदी को हत्यारा तक बता डाला।
"अगर आप 2024 में भी दोबारा राहुल गाँधी को चुनने की गलती करेंगे तो आप नरेंद्र मोदी को फायदा पहुँचाएँगे। ‘खानदान की पाँचवीं पीढ़ी’ के राहुल गाँधी के पास भारतीय राजनीति में ‘कठोर परिश्रमी और खुद मुकाम बनाने वाले’ नरेंद्र मोदी के सामने कोई मौका नहीं है।"
मुंबई के प्रोफेसर ने दिसंबर के महीने में कॉन्ग्रेस नेता राहुल गाँधी को लेकर फेसबुक पर एक आपत्तिजनक पोस्ट लिखा था। जिसके बाद उन्हें अनिवार्य 'छुट्टी' पर भेज दिया गया।