मिश्रा ने ये भी आरोप लगाया है कि ताहिर हुसैन के घर से लगातार पेट्रोल बम चलाए जा रहे हैं और गोलीबारी भी की जा रही है। ये बहुत बड़ा आरोप है क्योंकि अंकित शर्मा की हत्या को ख़ुद मुख्यमंत्री अरविन्द केजरीवाल ने बहुत ही दुखद क्षति बताया है।
जस्टिस मुरलीधर ने कोर्ट में कपिल मिश्रा के बयान वाला वीडियो चलाने का आदेश दिया। पुलिस अधिकारी ने पूर्व मंत्री कपिल मिश्रा के साथ खड़े सब-इंस्पेक्टर की पहचान की।
मंगलवार शाम को अंकित शर्मा ड्यूटी से घर लौट रहे थे। बताया जा रहा है कि चाँदबाग पुलिया पर कुछ दंगाइयों ने उन्हें घेर लिया और पीट-पीट कर हत्या कर दी। इसके बाद शव को नाले में फेंक दिया।
शीर्ष अदालत ने मामले की सुनवाई 23 मार्च तक टाल दी है। कहा कि शाहीन बाग मुद्दे पर सुनवाई से पहले उदारता और स्थिति के शांत होने की जरूरत है। बताया कि वार्ताकारों ने पूरी कोशिश की, लेकिन उन्हें सफलता नहीं मिली।
आरोपित मौलाना तीन बच्चों का बाप है। वह अपने घर में ही मदरसा चलाता था। मामले को दबाने के लिए उसने बच्ची का जबरन गर्भपात करवाया। उसके परिजनों से सौदा करने की कोशिश की।
इससे पहले सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक विडियो में 2-3 लोग एक हिंदू के शव को भीड़ से दूर लेकर जाते नजर आए थे। लेकिन भीड़ अचानक से गली के बाहर आकर अल्लाहु अकबर और नारा-ए-तकबीर का नारा लगाने लगती है। मारे गए युवक का नाम विनोद बताया जा रहा है।
एनएसए ने स्पष्ट कर दिया है कि राष्ट्रीय राजधानी में अराजकता नहीं भड़कने दी जाएगी और पर्याप्त संख्या में पुलिस बल और अर्धसैनिक बलों को तैनात किया गया है। स्थिति को नियंत्रण में लाने के लिए पुलिस को खुली छूट दी गई है।
पर्याप्त पुलिस बल, सीएपीएफ और वरिष्ठ अधिकारी उत्तर पूर्वी दिल्ली में तैनात हैं। कुछ इलाकों में धारा 144 लागू है। दंगाइयों को देखते ही गोली मारने के आदेश दिए गए हैं। सभी मेट्रो स्टेशन खोल दिए गए हैं।
आईपीएस एसएन श्रीवास्तव जम्मू-कश्मीर में एडीजी पश्चिम क्षेत्र (सीआरपीएफ) रह चुके हैं और गृह युद्ध जैसी स्थिति से निपटने में सक्षम हैं। दिल्ली में भड़की हिंसा में अब तक कुल 10 लोगों की मौत हो चुकी है। उत्तरी-पूर्वी दिल्ली में धारा 144 लागू है और अतिरिक्त पुलिसबलों की तैनाती की गई है।