3 जुलाई को सुधीर चौधरी ने जी न्यूज के अपने शो 'डीएनए' में बताया कि महुआ का भाषण मौलिक नहीं था। उन्होंने दस्तावेज साझा करते हुए बताया कि मोइत्रा ने किस तरह एक अमेरिकी वेबसाइट से भाषण चोरी कर लोकसभा में दिए। चौधरी ने इसको लेकर ट्वीट भी किए थे।
राजौरी गार्डन से विधायक मनजिंदर सिंह सिरसा ने केजरीवाल पर तंज कसते हुए कई जगह पोस्टर लगाए हैं, जिसमें केजरीवाल का कार्टून बना हुआ है और साथ में लिखा हैं, "खुद को सबसे बड़ा ईमानदार बताने वाला निकला सबसे बड़ा लुटेरा, स्कूलों में जो कमरा 5 लाख (रुपए) में बनता है वो बनाया 25 लाख में।"
नुसरत जहां कोलकाता में आयोजित रथयात्रा में न केवल शामिल हुईं, बल्कि पूजा-अर्चना भी कीं। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के साथ रथ भी खींचा। व्यवसायी निखिल जैन से शादी रचाने वाली नुसरत माथे पर सिंदूर, हाथों में चूड़ियाँ और मंगलसूत्र पहनकर लोकसभा पहुँचने के बाद से ही कट्टरपंथियों के निशाने पर हैं।
वीडियो में देखा जा सकता है कि नीतेश इंजीनियर को धमका रहे हैं और इसी दौरान उनके समर्थक बाल्टी भर कीचड़ इंजीनियर पर उड़ेल देते हैं। इसके बाद भी उनका गुस्सा शांत नहीं हुआ तो एक नदी पर बने पुल की रेलिंग में इन लोगों ने इंजीनियर को बाँध दिया।
“लोकसभा चुनाव में कॉन्ग्रेस पार्टी की हार और संगठनात्मक कमज़ोरी के लिए हम पदाधिकारीगण उत्तरदायी हैं। असम में पार्टी द्वारा अपेक्षित स्तर का प्रदर्शन न कर पाने के लिए प्रभारी के रूप में मैं उत्तरदायी हूँ। मैंने अपनी कमी को स्वीकारते हुए अपने महामंत्री के पद से पूर्व में ही त्यागपत्र दे दिया है।”
दिल्ली के सदर इलाके से आम आदमी पार्टी के विधायक सोमदत्त को दिल्ली की रोज़ एवेन्यू की विशेष एमपी/ एमएलए अदालत ने 2015 के एक मामले में 6 महीने की सजा सुनाई है। साथ ही उन पर ₹2 लाख का जुर्माना भी लगाया है।
सचिन पर आरोप है कि उसने अपनी फेसबुक वॉल पर बिजली कटौती का जिक्र करते हुए राज्य सरकार को गालियाँ दी और अपने पोस्ट पर मुख्यमंत्री कमलनाथ की तस्वीर भी लगाई, जिस पर एक कॉन्ग्रेस नेता ने पुलिस में उसकी शिकायत दर्ज करवा दी।
आरएसएस से जुड़ा मानहानि का यह मामला सामाजिक कार्यकर्ता और पत्रकार गौरी लंकेश की हत्या से संबंधित है। राहुल गाँधी ने 2017 में गौरी लंकेश की हत्या को RSS की विचारधारा से जुड़ा और प्रभावित बताया था। इसी मामले में उन पर यह केस दर्ज हुआ था।
कॉन्ग्रेस ने अपने विधायकों से कहा है कि वे चुनाव खत्म होने तक सीएम विजय रुपानी, उप-मुख्यमंत्री नितिन पटेल या किसी अन्य मंत्री से न मिलें, भले ही जनता का ही कोई काम क्यों न हो। अगस्त 2017 में हुए राज्यसभा चुनाव के दौरान भी कॉन्ग्रेस ने अपने विधायकों को बंगलोर के एक रिसोर्ट में ठहराया था।
इससे हास्यास्पद क्या हो सकता है कि वामपंथी, जिन्होंने एक ही मार्क्सवादी फॉर्मूले से रूस, चीन, पूर्वी जर्मनी, कम्बोडिया, क्यूबा, वेनेज़ुएला और न जाने कितने और मुल्कों में कत्लेआम मचाया है, वह अपने विरोधियों पर 'एक जैसा' होने का आरोप लगाएँ।