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अमेरिकी महाद्वीप की तीसरी सबसे ऊँची प्रतिमा हनुमान जी की: ‘Statue Of Union’ को ‘आधा मानव, आधा बंदर’ बता रहा Newsweek, कट्टर ईसाई कह रहे ‘शैतान’

'वन गॉड' नाम से कपड़ों की ब्रांड चलाने वाली मॉर्गन एरियल ने इस मूर्ति का वीडियो शेयर करते हुए इसे 'गंदगी' बता दिया। 'एन्ड टाइम हेडलाइंस' नामक मीडिया संस्थान ने भी इसे 'शैतानी' लिखा।

टेक्सास में हनुमान जी की 90 फुट ऊँची प्रतिमा का निर्माण हुआ है। वहाँ के ईसाई रूढ़िवादियों ने इसका विरोध करना शुरू कर दिया है। उधर Newsweek नामक अमेरिकी पत्रिका ने इसकी खबर प्रकाशित करते हुए अपने शीर्षक में हनुमान जी को ‘आधा बंदर, आधा मानव’ लिखा। बता दें कि गुरुवार (15 अगस्त, 2024) को इस प्रतिमा का अनावरण किया गया था। शुगर लैंड के श्री अष्टलक्ष्मी आश्रम में ये कार्य चल रहा था। इसे ‘Statue Of Union’ नाम दिया गया है।

पूरे अमेरिकी महाद्वीप की ये सबसे लंबी मूर्ति है। 151 फुट ऊँची ‘स्टेचू ऑफ लिबर्टी’ इससे ऊँची है। वहीं फ्लोरिडा स्थित हॉलैंडेल बीच पर जो पेगासस एन्ड ड्रैगन स्टेचू है वो 110 फुट की है। Newsweek का दावा है कि कुछ ईसाईयों ने इस प्रतिमा पर आपत्ति जताते हुए इसे ‘शैतानी’ बताया है। ‘वन गॉड’ नाम से कपड़ों की ब्रांड चलाने वाली मॉर्गन एरियल ने इस मूर्ति का वीडियो शेयर करते हुए इसे ‘गंदगी’ बता दिया। ‘एन्ड टाइम हेडलाइंस’ नामक मीडिया संस्थान ने भी इसे ‘शैतानी’ लिखा।

साथ ही उसने हनुमान जी को ‘मंकी गॉड’ भी बताया। ‘AF पोस्ट’ ने भी इसी तरह हनुमान जी को ‘हिन्दू शैतान’ बता दिया। हालाँकि, ‘X’ पर कम्युनिटी नोट्स में लोगों ने स्पष्ट लिख दिया कि हनुमान जी हिन्दू धर्म में एक देवता हैं, जो बुद्धिमत्ता, शक्ति और साहस के प्रतीक हैं। लोगों ने लिखा कि वो अमर हैं, श्रीराम के अनन्य भक्त हैं और ईसाई एंजेल्स से इनकी तुलना करना ठीक नहीं होगा लेकिन वो कुछ इसी तरह हैं, ईश्वर के दूत का भी यहाँ सम्मान किया जाता है।

कुछ कट्टर ईसाई मीडिया संस्थान इतने पगला गए कि वो लिखने लगे कि जहाँ-तहाँ ‘शैतानों’ की मूर्तियाँ लगाए जाने से क्षेत्र को ‘असली गॉड’ के गुस्से का सामना करना पड़ेगा। बता दें कि ये मूर्ति आश्रम की निजी जमीन पर बनी है। दक्षिणी-पश्चिमी हॉस्टन में ये मूर्ति कांस्य से बनी हुई है। कई लोगों ने इसकी आलोचना करने वालों को जवाब दिया है कि हनुमान जी 120 करोड़ हिन्दुओं की श्रद्धा के प्रतीक हैं, जगह-जगह उनके मंदिर हैं। भक्ति भाव और बुद्धिमत्ता के लिए उनका उदाहरण दिया जाता है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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