Homeरिपोर्टराष्ट्रीय सुरक्षाजमात-उल-मुजाहिद्दीन का कुख्यात आंतकवादी एजाज़ अहमद गिरफ़्तार, बड़े हमले की रच रहा था साज़िश

जमात-उल-मुजाहिद्दीन का कुख्यात आंतकवादी एजाज़ अहमद गिरफ़्तार, बड़े हमले की रच रहा था साज़िश

एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि आतंकवादी एजाज़ अहमद लगातार JMB के आतंकवादियों के संपर्क में था। उन्होंने जानकारी दी कि अहमद पर भारतीय दंड संहिता की विभिन्न धाराओं और विस्फोटक पदार्थ अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है।

कोलकाता पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स (STF) की टीम ने बिहार के गया शहर से बांग्लादेश के आंतकी संगठन जमात-उल-मुजाहिद्दीन (JMB) के एक कुख्यात आतंकी को गिरफ़्तार किया है। उसका नाम एजाज़ अहमद है। पुलिस ने उसके पास से भारी मात्रा में जिहादी दस्तावेज़ ज़ब्त किए हैं। STF की टीम को लम्बे समय से उसकी तलाश थी।

ख़बर के अनुसार, आतंकी अहमद लम्बे समय से बिहार के गया में अपना वेश और नाम बदलकर रह रहा था। STF सूत्रों के अनुसार गया में बैठ कर वह किसी बड़े हमले का षणयंत्र रच रहा था। विश्वसनीय सूत्रों से मिली सूचना के आधार पर छापेमारी कर रविवार (25 अगस्त) की रात उसे गिरफ़्तार किया गया। STF की टीम एजाज़ को ट्रांजिट रिमांड पर कोलकाता लाएगी। इसकी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।

बता दें कि एजाज़ अहमद पश्चिम बंगाल के बीरभूम ज़िले के पारुई इलाक़े का निवासी है। उसके बारे में पता चला है कि वो काफ़ी समय से आतंकवादी संगठन JMB के लिए काम कर रहा था। संगठन के आला नेताओं के साथ मिलकर काम कर रहा था। उसका मुख्य कार्य इस आतंकी संगठन से युवाओं को जोड़ना था।

एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि वो लगातार JMB के आतंकवादियों के संपर्क में था। उन्होंने जानकारी दी कि अहमद पर भारतीय दंड संहिता की विभिन्न धाराओं और विस्फोटक पदार्थ अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है।

इससे पहले, 12 अगस्त को बर्दवान धमाके के मुख्य आरोपी जहीरुल शेख़ को इंदौर से गिरफ्तार कर लिया है। समाचार एजेंसी UNI के मुताबिक मंगलवार (13 अगस्त) को एक आधिकारिक कथन इस आशय से जारी किया गया था। कोलकाता स्थित NIA स्पेशल कोर्ट में उसे प्रस्तुत करने के लिए NIA ने इंदौर के न्यायिक मजिस्ट्रेट से उसकी ट्रांज़िट रिमांड हासिल की थी।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

1768962 ने दी 12वीं की परीक्षा, 404319 ने माँगी आंसर शीट की स्कैन कॉपी, ब्लर कॉपीज में मनमर्जी से दिए नंबर: जानिए CBSE के...

CBSE में OSM सिस्टम के इस्तेमाल और कॉपियों में गड़बड़ी के बाद अब हर चौथा छात्र अपनी स्कैन कॉपी माँग रहा है। AI की भूमिका का पूरा सच जानिए।

9 घंटे बिजली, 27% शॉर्टफॉल और ‘कटिया मॉडल’ की सरकारी व्यवस्था: आँकड़े ही बताते हैं अखिलेश राज की बदहाल बिजली व्यवस्था की कहानी

क्या अखिलेश राज में बेहतर थी बिजली व्यवस्था? पढ़िए UP बिजली संकट, कटियाबाजी, कम बिजली सप्लाई और बिजली चोरी पर विस्तृत रिपोर्ट
- विज्ञापन -