ऑपइंडिया ले कर आया है इस वर्ष की नृशंस अपराधों की टॉप-10 ख़बरें, जिन्हें वामपंथी मीडिया ने छिपाने की भरसक कोशिश की। ये ऐसी ख़बरें हैं, जिन्हें मीडिया के एक वर्ग ने छिपाना चाहा। साल की ऐसी सभी 10 ख़बरों को आप एक साथ यहाँ पढ़ सकते हैं।
एजाज मुंबई और दिल्ली में 24 से ज्यादा मामलों में वांछित है। इनमें कई मामले हत्या और फिरौती के हैं। 2004 में वह कनाडा में पकड़ा गया था। लेकिन, वहॉं से रिहा होने के बाद वह कई साल लापता रहा।
बृजेश और सफीबुन अपने दो बच्चों के साथ गॉंव में ही रहते थे। अजहर काफी समय से बृजेश की हत्या की फिराक में था। बृजेश को अकेले घर लौटते देख उसने ताबड़तोड़ कुल्हाड़ी से उस पर वार कर दिया।
विनीता अपने घर से बीते बुधवार से गायब थी। लेकिन उसके गुमशुदगी का कोई मामला दर्ज नहीं था। मुंसिफ खान ने पुलिस से पूछताछ में अब तक बताया है कि उसने विनीता से प्रेम विवाह किया था। जिनके 2 बच्चे भी हैं। लेकिन बता दें जब पुलिस मुंसिफ को लेकर उनके घर पहुँची, तो वहाँ वे बच्चे दिखाई नहीं पड़े।
रेप पीड़िता के वकील ने बताया कि पीड़िता का घर पूरी तरह से टूट चुका है। उन्होंने कहा कि कुलदीप सेंगर ने अपने अपराध को छिपाने के लिए पीड़िता पर न सिर्फ़ केस वापस लेने का दबाव बनाया बल्कि एक विधायक के तौर पर डराया-धमकाया भी।
बुशरा और सिराज ने उनके द्वारा चलाए जा रहे तीनों स्कीम में मुस्लिम महिलाओं को पैसा लगाने का लालच दिया और साथ ही उन्होंने एक इस्लामिक पब्लिक स्कूल को उसके पैसे को दोगुना वापस करने का वादा करके उनसे 1.2 करोड़ रुपए ठग लिए।
30 सितंबर को पीड़िता के घर पर मारपीट करने के मामले में उसने एसपी को प्रार्थना-पत्र दिया था। आरोपितों ने हाईकोर्ट से अग्रिम ज़मामत ले रखी थी, इसलिए उनकी गिरफ़्तारी नहीं की गई। इस मामले में मुक़दमा दर्ज करने के साथ पुलिस विवेचना पूर्ण कर न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल कर चुकी है।
आठ दिसंबर को पीड़िता दादी के घर जाने के लिए हशमाबाद रोड पर खड़ी थी। इस दौरान ऑटो रिक्शा चालक आमिर उनके पास आया और दादी के घर तक लिफ़्ट देने की बात कही। लेकिन, दोनों बहनों को लेकर वह वाट्टेपल्ली चला गया और उन्हें बंधक बना लिया।
खून से अमित शाह को लिखा खत। कहा- निर्भया केस के गुनहगारों को मेरे हाथों फाँसी होनी चाहिए। इससे देश भर में यह संदेश जाएगा कि एक महिला भी फाँसी दे सकती है।