Sunday, September 20, 2020
Home हास्य-व्यंग्य-कटाक्ष चेहरे पर नकाब, होंठों पर आजादी के नारे, जॉइंट फूँककर हवा में उड़ता है...

चेहरे पर नकाब, होंठों पर आजादी के नारे, जॉइंट फूँककर हवा में उड़ता है अपना ‘काम’रेड KK

क्रांति उर्फ़ केके ने अपने फैसले की शुरुआत बाकी के बचे हुए खेतों का सौदा करके की। उसने घर बेच दिया, खेत बेच दिया बोला दिल्ली जा रहा, वहाँ क्रांति हो रही। लेकिन क्रांति बैलों की जोड़ी का सौदा न कर पाया और दिल्ली निकल लिया।

कॉमरेड क्रांति काम नहीं करता था, उसके पास कागज़ नहीं थे सो मनरेगा से भी लाभ न ले सका। इस तरह से क्रांति कुमार सर्वहारा होने के साथ साथ गरीब सर्वहारा क्रांति कुमार भी था। क्रांति पुस्तैनी खेत बेचता, कच्ची पीता, अपनी स्वैण (बीवी) को पीटता, फिर भी क्रांति कुमार सर्वहारा ही रहा कभी अपने नाम के साथ बुजुर्वा न जोड़ सका। क्रांति इस तरह से व्यवस्थाओं से हर वक़्त खिसियाया ही रहता था। इस तरह क्रांति कुमार, उर्फ़ केके के अंदर हर वक़्त एक ‘एनार्किस्ट’ मौजूद था।

कोई कहता रे क्रांति! दिन भर छत पर पड़ा धूप सेंकते कान का मेल निकालता है, कच्ची पी-पीकर तो मर ही जाएगा, तो केके तुरंत फैज़ या ग़ालिब का कोई शेर पढ़कर अपनी पढ़ाई-लिखाई को जस्टिफाई करता। सामने वाला भी ये सोचकर चुप हो जाता कि उर्दू में कहा है तो ठीक ही कहा होगा। कोई उसकी बेवजह बीच में लाई हुई नज़्म पर सवाल करता भी, तो क्रांति कुमार फ़ौरन उसको अनपढ़ और ट्रोल कह देता। कॉमरेड केके दिनभर दैनिक सस्ते इंटरनेट से कुणाल कामरा जैसे सस्ते कॉमेडियंस के यूट्यूब वीडियो देखता था। संविधान उसने फेसबुक पर पढ़ा था और बोल्शेविकों की कहानियाँ व्हाट्सएप्प यूनिवर्सिटी पर।

क्रांति की कविताएँ पढ़-पढ़कर बोर हो चुके क्रांति ने एक दिन निर्णय ले लिया कि अब कोई ऐसा कदम उठाएगा जिससे एक झटके में क्रांति हो सके। हालाँकि क्रांति कुमार जनता था कि फैज़ और अल्ताफ राजा इतना कुछ लिखकर गए हैं कि अगर वो सालभर भी क्रांति की ही माँग करता रहे, तब भी उसके लिए क्रांति के नारे कम नहीं पड़ेंगे।

क्रांति ने फैसला लिया कि अब वापस दिल्ली जाकर किसी वामपंथी गुट का चेहरा बन जाएगा और सब कुछ फिर से शुरू करेगा। गाँव लौटकर नहीं आएगा और जिंदगी की सारी समस्याओं का समाधान हो जाएगा। क्रांति उर्फ़ केके ने अपने फैसले की शुरुआत बाकी के बचे हुए खेतों का सौदा करके की। उसने घर बेच दिया, खेत बेच दिया बोला दिल्ली जा रहा, वहाँ क्रांति हो रही। लेकिन क्रांति बैलों की जोड़ी का सौदा न कर पाया और दिल्ली निकल लिया।

- विज्ञापन -

दिल्ली जाकर केके ने पुराने यार को फोन लगाया। बोला- रियूनियन करनी है। साथी बोले- शाहीन बाग़ चले आओ यहाँ आजकल सब इकट्ठे हुए हैं। खाना-पीना सब मुफ्त है और मीडिया कवरेज भी ऐसा, जैसा आज तक नहीं मिला। शाहीनबाग पहुँचते ही केके ने जो देखा उसकी पतलून भीग गई। दो कॉमरेड्स महँगी सिगरेट को लेकर भिड़ गए। एक कॉमरेड ने हाथ में जूता लिया और दूसरे कॉमरेड की कनपट्टी पर रसीद दिए। इतने में देखते ही देखते दोनों गुट भिड़ गए। केके ने देखा अब मामला बहुत बदल गया है, उसकी उम्र में सिर्फ बीड़ी बाँटकर काम चल जाता था। केके ने फ़ौरन अपनी बीवी को फोन घुमाया। केके बोला- “अरे कम्बख्त सुन, तूने वो बैलों की जोड़ी बेची तो नहीं? उसे मत बेचना, मैं घर लौट रहा हूँ। फुन्डू फुक्क… कै की क्रान्ति, कै कू कुछ!!”

जब से क्रांति कुमार उर्फ़ केके दिल्ली के मशहूर ‘विष-विद्यालय’ से अपनी सदियों से चली आ रही पीएचडी पूरी कर गाँव लौटा था, तब से वो बुझा-बुझा सा रहने लगा था। गाँव में न गंगा ढाबा का सस्ता किन्तु लजीज खाना था, ना ही सस्ते हॉस्टल और ना ही ढपली बजाने के लिए किसी तरह की कोई सब्सिडी।

लेकिन CAA और NRC के बवाल ने तो मानों उसके डूबते क्रांति के करियर में फिर से जान ही फूँक दी। कुछ साल पहले ही जो क्रांति कुमार जंतर-मंतर पर “मैं भी अन्ना” की टोपी पहने खुद को “एनार्किस्ट” की संज्ञा देने लगा था, वो आजकल शाहीन बाग़ जाकर “सेव डेमोक्रेसी” के नारे लगता नजर आ रहा है।

जो कॉमरेड केके कभी भारत को एक देश मानने को राजी नहीं हुआ था, वो भी आजकल इस देश की मिटटी में किस-किस का खून शामिल है उसकी डीएनए रिपोर्ट दिखाता फिर रहा है। वो कह रहा है कि वो इस देश के साथ खिलवाड़ नहीं होने देंगे।

आज की क्रांति को देखकर सात-आठ साल पहले का जंतर-मंतर वाला ‘एनार्किस्ट क्रांति कुमार’ फूट-फूटकर जरूर रोता। कहाँ वो क्रांति कुमार, व्यवस्था और तिरंगा जिसके ठेंगे पर रहा करती थी, उसी क्रांति कुमार की जुबान पर आज व्यवस्थाओं का रोना है और हाथों में तिरंगा। आज उसकी जुबान केसरी है और मुँह में राष्ट्रगान।

मैं पूछता हूँ कि क्या हमें उस महान फासीवादी, मनुवादी सरकार को शुक्रिया कहना चाहिए या नहीं कहना चाहिए भाइयों-बहनों जिसने एक अराजकतावादी को भी संविधान का प्रहरी बनने के लिए प्रेरित कर दिया है? हर हाल में हमें उस सरकार को शुक्रिया कहना चाहिए। लेकिन सवाल ये है कि अगर वाकई में यह सरकार फासीवादी होती और इसका लीडर हिटलर होता तो क्या अब तक शाहीन बाग़ को पोलैंड ना बना दिया गया होता?क्या देश के ‘वोक लिबरल्स’ और उनके ‘जर्मन होलोकॉस्ट’ को लेकर देखे हर हसीन सपने को अब तक सपनों की दुनिया से उठाकर जमीन पर ना उतार दिया गया होता? लेकिन वह ऐसा नहीं कर रहा है, क्रांति कुमार इस बात से भी दुखी हैं।

क्रांति कुमार एक ‘सेडिस्ट’ भी है और ‘होपलेस रोमेंटिक’ भी। वह चाहता है कि किसी भी क्रांति की हर बुरी याद से वो ‘काश’ जुड़ा होता। यह ‘काश’ ही क्रांति कुमार की सबसे बेहतरीन रूमानी फंतासी भी है। कम से कम जिस तरह उसका यह ‘काश’ 2014 के चुनावों से ‘काश’ की ही अवस्था में है, उससे तो यही साबित होता है। उसने नारे लगाए, मनुवाद के खिलाफ, आजादी के खिलाफ, ब्राह्मणों के खिलाफ, और अब किसी कथित गैस चैंबर के खिलाफ भी वो नारेबाजी कर रहा है, लेकिन ‘शासक’ हैं कि यह सब वास्तविकता के धरातल पर उतरते ही नहीं।

महान सेक्युलर गायक अल्ताफ राजा इसी दिन के लिए एक सुंदर सी ‘नज़्म’ गा चुके थे- “दुश्मनी में दोस्ती का सिला रहने दिया, उसके सारे खत जलाए और पता रहने दिया….”

कबीरा इस संसार में भाँति-भाँति के कामरेड्स: कथा कामरेड क्रांति कुमार की

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

आशीष नौटियाल
पहाड़ी By Birth, PUN-डित By choice

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

HW न्यूज नेटवर्क: राजस्व से 11 गुना ज्यादा खर्च, विनोद दुआ को ‘रोजगार’ देने पर चर्चा में रहा था

विनोद दुआ HW न्यूज नेटवर्क के कंसल्टिंग एडिटर हैं। इसका मालिकाना हक रखने वाली कंपनी पर आयकर विभाग ने छापा मारा है।

माही, ऋचा, हुमा… 200 से भी ज्यादा लड़कियों से मेरे संबंध रहे हैं: पायल घोष का दावा- अनुराग कश्यप ने खुद बताया था

पायल घोष ने एक इंटरव्यू में दावा किया है कि अनुराग कश्यप के 200 लड़कियों से संबंध थे और अब यह संख्या 500 से ज्यादा हो सकती है।

LAC पर चीन के साथ तनातनी के बीच 3 हफ्तों में 6 नई चोटियों पर भारतीय सैनिकों ने जमाया डेरा

पिछले तीन हफ्तों में सेना ने LAC पर छह नईं चोटियों तक पहुँच बना ली है। खाली पड़ी इन जगहों पर चीन की नजर टिकी थी।

श्रमिक स्पेशल ट्रेनों में भूख से नहीं हुई मौतें: रेल मंत्री पीयूष गोयल ने संसद के पटल पर रखे तथ्य

श्रमिक स्पेशल ट्रेनों में 97 लोगों की मौत हुई थी। पर किसी की जान भूख से नहीं गई, जैसा वामपंथी मीडिया समूह प्रोपेगेंडा फैला रहे थे।

‘सिख धर्म गुरुओं के साथ आतंकियों की तस्वीरें लगाते हैं खालिस्तानी समर्थक, पाकिस्तानी प्रोजेक्ट है यह’

सिखों को यह समझना चाहिए कि पंजाब का सबसे ज़्यादा नुकसान पाकिस्तान ने किया है, और खालिस्तानी सिख उनका ही समर्थन कर रहे हैं। हाल ही में...

तुम सा स्त्रीवादी नहीं देखा: अनुराग कश्यप को तापसी पन्नू का साथ, कभी कहा था- आरोपी को सेलिब्रिटी मत बनाओ

यौन शोषण के आरोपित अनुराग कश्यप का अभिनेत्री तापसी पन्नू ने समर्थन किया है। बकौल तापसी उन्होंने अनुराग जैसा स्त्रीवादी (फेमिनिस्ट) नहीं देखा है।

प्रचलित ख़बरें

‘उसने अपने C**k को जबरन मेरी Vagina में डालने की कोशिश की’: पायल घोष ने अनुराग कश्यप पर लगाया यौन उत्पीड़न का आरोप

“अगले दिन उसने मुझे फिर से बुलाया। उन्होंने कहा कि वह मुझसे कुछ चर्चा करना चाहते हैं। मैं उसके यहाँ गई। वह व्हिस्की या स्कॉच पी रहा था। बहुत बदबू आ रही थी। हो सकता है कि वह चरस, गाँजा या ड्रग्स हो, मुझे इसके बारे में कुछ भी पता नहीं है लेकिन मैं बेवकूफ नही हूँ।”

NCB ने करण जौहर द्वारा होस्ट की गई पार्टी की शुरू की जाँच- दीपिका, मलाइका, वरुण समेत कई बड़े चेहरे शक के घेरे में:...

ब्यूरो द्वारा इस बात की जाँच की जाएगी कि वीडियो असली है या फिर इसे डॉक्टरेड किया गया है। यदि वीडियो वास्तविक पाया जाता है, तो जाँच आगे बढ़ने की संभावना है।

जया बच्चन का कुत्ता टॉमी, देश के आम लोगों का कुत्ता कुत्ता: बॉलीवुड सितारों की कहानी

जया बच्चन जी के घर में आइना भी होगा। कभी सजते-संवरते उसमें अपनी आँखों से आँखे मिला कर देखिएगा। हो सकता है कुछ शर्म बाकी हो तो वो आँखों में...

दिशा की पार्टी में था फिल्म स्टार का बेटा, रेप करने वालों में मंत्री का सिक्योरिटी गार्ड भी: मीडिया रिपोर्ट में दावा

चश्मदीद के मुताबिक तेज म्यूजिक की वजह से दिशा की चीख दबी रह गई। जब उसके साथ गैंगरेप हुआ तब उसका मंगेतर रोहन राय भी फ्लैट में मौजूद था। वह चुपचाप कमरे में बैठा रहा।

थालियाँ सजाते हैं यह अपने बच्चों के लिए, हम जैसों को फेंके जाते हैं सिर्फ़ टुकड़े: रणवीर शौरी का जया को जवाब और कंगना...

रणवीर शौरी ने भी इस मुद्दे पर अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कंगना को समर्थन देते हुए कहा है कि उनके जैसे कलाकार अपना टिफिन खुद पैक करके काम पर जाते हैं।

मौत वाली रात 4 लोगों ने दिशा सालियान से रेप किया था: चश्मदीद के हवाले से मीडिया रिपोर्ट में दावा

दावा किया गया है जिस रात दिशा सालियान की मौत हुई उस रात 4 लोगों ने उनके साथ रेप किया था। उस रात उनके घर पर पार्टी थी।

HW न्यूज नेटवर्क: राजस्व से 11 गुना ज्यादा खर्च, विनोद दुआ को ‘रोजगार’ देने पर चर्चा में रहा था

विनोद दुआ HW न्यूज नेटवर्क के कंसल्टिंग एडिटर हैं। इसका मालिकाना हक रखने वाली कंपनी पर आयकर विभाग ने छापा मारा है।

माही, ऋचा, हुमा… 200 से भी ज्यादा लड़कियों से मेरे संबंध रहे हैं: पायल घोष का दावा- अनुराग कश्यप ने खुद बताया था

पायल घोष ने एक इंटरव्यू में दावा किया है कि अनुराग कश्यप के 200 लड़कियों से संबंध थे और अब यह संख्या 500 से ज्यादा हो सकती है।

तिहाड़ से निकल नहीं पाएगा शहाबुद्दीन, 14 दिन का माँगा था पैरोल; 4 साल पहले जेल से निकलते ही दिखाया था काफिला

राजद के पूर्व सांसद शहाबुद्दीन को 2017 में तिहाड़ जेल में शिफ्ट किया गया था। उसने दो हफ्ते की पैरोल माँगी थी।

LAC पर चीन के साथ तनातनी के बीच 3 हफ्तों में 6 नई चोटियों पर भारतीय सैनिकों ने जमाया डेरा

पिछले तीन हफ्तों में सेना ने LAC पर छह नईं चोटियों तक पहुँच बना ली है। खाली पड़ी इन जगहों पर चीन की नजर टिकी थी।

कृषि बिल पर राज्यसभा ने ध्वनिमत से लगाई मुहर, PM मोदी ने कहा- करोड़ों किसान सशक्त होंगे

विपक्षी सांसदों के जोरदार हंगामे के बीच राज्‍यसभा ने कृषि विधेयकों को पारित कर दिया है।

ऑर्डर झटका चिकन का, BigBasket ने हलाल सर्टिफाइड पैकेट में भेजा ‘झटका’

केवल हलाल मीट बेचने को लेकर विवादों में आने के बाद बिगबास्केट ने हाल ही में झटका मीट बेचना शुरू किया है।

कॉन्ग्रेस नेता ने SDM का दबाया गला, जान से मारने की कोशिश: खुद अधिकारी ने बताई पूरी बात, NSA में मामला दर्ज

''बंटी पटेल ने मेरा गला दबाकर मुझे मारने की कोशिश की। मैं उन्हें आश्वस्त कर रहा था कि जल्द ही हम सर्वेक्षण पूरा करेंगे और मुआवजा...”

श्रमिक स्पेशल ट्रेनों में भूख से नहीं हुई मौतें: रेल मंत्री पीयूष गोयल ने संसद के पटल पर रखे तथ्य

श्रमिक स्पेशल ट्रेनों में 97 लोगों की मौत हुई थी। पर किसी की जान भूख से नहीं गई, जैसा वामपंथी मीडिया समूह प्रोपेगेंडा फैला रहे थे।

‘सिख धर्म गुरुओं के साथ आतंकियों की तस्वीरें लगाते हैं खालिस्तानी समर्थक, पाकिस्तानी प्रोजेक्ट है यह’

सिखों को यह समझना चाहिए कि पंजाब का सबसे ज़्यादा नुकसान पाकिस्तान ने किया है, और खालिस्तानी सिख उनका ही समर्थन कर रहे हैं। हाल ही में...

तुम सा स्त्रीवादी नहीं देखा: अनुराग कश्यप को तापसी पन्नू का साथ, कभी कहा था- आरोपी को सेलिब्रिटी मत बनाओ

यौन शोषण के आरोपित अनुराग कश्यप का अभिनेत्री तापसी पन्नू ने समर्थन किया है। बकौल तापसी उन्होंने अनुराग जैसा स्त्रीवादी (फेमिनिस्ट) नहीं देखा है।

हमसे जुड़ें

263,080FansLike
77,953FollowersFollow
322,000SubscribersSubscribe
Advertisements